फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Bageshwar News ›   Bageshwar News: poisonous ants bitten Two brothers playing in the courtyard One died

बागेश्वर में दर्दनाक घटना: आंगन में खेल रहे दो सगे भाईयों को जहरीली चींटियों ने काटा, तीन साल के बच्चे की मौत

Fri, 11 Nov 2022 09:03 PM IST
अलका त्यागी संवाद न्यूज एजेंसी, बागेश्वर
संवाद न्यूज एजेंसी, बागेश्वर Published by: अलका त्यागी Updated Fri, 11 Nov 2022 09:03 PM IST
सार

पांच वर्षीय प्रियांशु और तीन साल का सागर आंगन में खेल रहे थे। अचानक दोनों भाइयों को चींटियों ने काट दिया। दोनों बच्चों की तबीयत बिगड़ने पर परिजन दोनों बच्चों को जिला अस्पताल लेकर आए। जिला अस्पताल से मिली जानकारी के अनुसार तीन वर्षीय सागर की अस्पताल पहुंचने से पहले मौत हो गई थी।

विज्ञापन
Bageshwar News: poisonous ants bitten Two brothers playing in the courtyard One died
चींटियों के काटने से बच्चे की मौत - फोटो : iStock

विस्तार

बागेश्वर के कपकोट तहसील के पौसारी गांव में जहरीली चींटियों के काटने से तीन साल के बच्चे की मौत हो गई। उसके बड़े भाई को भी चींटियों ने काटा था। अब उसकी हालत में सुधार है। बृहस्पतिवार दोपहर करीब दो बजे पौसारी गांव में भूपेश राम का पांच वर्षीय बेटा प्रियांशु और तीन साल का बेटा सागर आंगन में खेल रहे थे।

विज्ञापन


अचानक दोनों भाइयों को चींटियों ने काट दिया। दोनों बच्चों की तबीयत बिगड़ने पर परिजन दोनों बच्चों को जिला अस्पताल लेकर आए। जिला अस्पताल से मिली जानकारी के अनुसार तीन वर्षीय सागर की अस्पताल पहुंचने से पहले मौत हो गई थी। प्रियांशु का जिला अस्पताल में इलाज किया गया। उसकी हालत में सुधार होने पर शुक्रवार को परिजन घर ले गए। 
विज्ञापन

Bageshwar: रेत लदे डंपर से कुचलकर स्कूटी सवार की दर्दनाक मौत, हेलमेट पहना होता तो बच सकती थी जान

विज्ञापन
विज्ञापन
जिला अस्पताल में दोनों बच्चों का इलाज करने वाले डॉ. राहुल मिश्रा ने बताया कि बृहस्पतिवार रात 8:57 बजे परिजन बच्चों को लेकर जिला अस्पताल पहुंचे। उन्होंने बच्चों का परीक्षण किया। सागर की पहले ही मौत हो चुकी थी। प्रियांशु का इलाज किया गया। पिता भूपेश राम ने बताया कि लाल रंग की बड़ी चींटियों ने बच्चों को काटा था। डॉ. मिश्रा का कहना है कि बच्चों को अस्पताल लाने में परिजनों ने देरी कर दी। चींटियों के हमले में मासूम की जान जाने से परिवारजन सदमे में हैं। गांव के लोग चिंतित हैं।

खतरनाक होती हैं बुलेट चींटी, रेड फायर

लाल रंग की बुलेट चींटी या रेड फायर चींटी काफी जहरीली मानी जाती है। इन चींटियों के काटने पर तत्काल इलाज न मिला तो जान जा सकती है।

जिले में चींटियों के काटने से मौत का पहला मामला

बागेश्वर जिले में चींटियों के काटने से मौत का पहला मामला सामने आया है। एसीएमओ डॉ. हरीश पोखरिया का कहना है कि अब तक जिले में चींटियों के काटने से मौत का मामला संज्ञान में नहीं है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed