अहमदाबाद मेल की कपलिंग टूटी, हड़कंप
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अहमदाबाद से हरिद्वार के बीच चलने वाली अहमदाबाद मेल (लोकशक्ति एक्सप्रेस) के कपलिंग और बफर टूटने से पूरी ट्रेन दो भागों में बंटने से यात्रियों में हड़कंप मच गया।
ट्रेन की 17 बोगियां एक तरफ और सात बोगियां दूसरी तरफ जाने के बीच 30 मीटर का अंतर था। इस दौरान एस-9 वाला कोच भी क्षतिग्रस्त हो गया है। कई ट्रेनें प्रभावित हुई। रेलवे अधिकारियों ने घटना की वजह चेन पुलिंग बताते हुए जांच के आदेश जारी कर दिए हैं।
सोमवार दोपहर अहमदाबाद मेल ज्वालापुर रेलवे स्टेशन पहुंची। ट्रेन की गति 65 किलोमीटर प्रतिघंटा थी। इसी बीच ट्रेन में बैठी कुछ सवारियों ने अलग-अलग डिब्बों में चेन पुलिंग कर दी। तभी अचानक धक्के के साथ ट्रेन की सात बोगियां अलग और 17 बोगियां अलग हो गई।
विभाग द्वारा बोगी के रखरखाव में लापरवाही
अलग हुई सात बोगियों में एक बोगी जनरल और छह बोगियां रिजर्वेशन वाली थी। इस दौरान एस-9 वाला कोच भी बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया है। कपलिंग टूटने पर तरह-तरह की चर्चाएं होनी शुरू हो गई।
कोई यात्री कपलिंग टूटने की वजह चेन पुलिंग बता रहा था तो कोई वेस्टर्न रेलवे के कैरिज और वैगिन विभाग की ओर से बोगी के रखरखाव में लापरवाही बरतना बता रहा था। बोगी के क्षतिग्र्रस्त होने से करीब डेढ़ घंटे तक यातायात प्रभावित रहा।
बांद्रा एक्सप्रेस 50 मिनट लेट गई। ऋषिकेश-बांदीकुई एक्सप्रेस दो घंटे देर से पहुंची। इनके अलावा बांदीकुंई एक्सप्रेस को भी पथरी में रोक दिया गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए रेलवे प्रशासन ने जांच के आदेश जारी कर दिए हैं।
11 को हुई थी बोगी की मरम्मत
अहमदाबाद मेल में जो बोगी क्षतिग्रस्त हुई वह वेस्टन रेलवे की बोगी संख्या 922180 थी। इसकी मरम्मत 11 अक्तूबर को हुई थी। इस बोगी की मरम्मत एक माह के लिए वैध थी। वेस्टर्न रेलवे की ओर से क्षतिग्रस्त बोगी के पिछले हिस्से में तारीख लिखी गई है।
कपलिंग पर वेल्डिंग ढंग से न करने पर भी रेलवे कर्मचारी/अधिकारी सवाल उठाते रहे हैं। बोगी के सिक लाइन (मेंटेनेंस लाइन) से मरम्मत होकर महज दूसरे दिन दुर्घटनाग्रस्त होने पर वेस्टर्न रेलवे के कैरिज एंड वैगिन सेक्शन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठ रहे हैं।
अहमदाबाद मेल में जो कपलिंग और बफर टूटा, वह प्रथम दृष्ट्या चेन पुलिंग और रेलवे के कैरिज व वैगिन विभाग की लापरवाही के कारण हुआ है। मामले की जांच शुरू हो गई है। पूरा खुलासा उस के बाद हो पाएगा।
- नवीन कुमार, स्टेशन मास्टर ज्वालापुर रेलवे स्टेशन