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विवि प्रशासन पर लगाया मानसिक रूप से प्रताड़ित करने का आरोप
Updated Sat, 27 Jan 2018 10:53 PM IST
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श्रीनगर। गढ़वाल विवि प्रशासन पर मानसिक प्रताड़ना का आरोप लगाते हुए भूगोल विभाग के शोध छात्र ने विवि गेट पर धरना प्रदर्शन शुरू कर दिया है। शोध छात्र का आरोप है कि विवि प्रशासन कुलपति के आदेश को भी नहीं मान रहा है। हालांकि विवि के अधिकारियों ने छात्र से कई दौर की वार्ता की हैं, लेकिन कोई निष्कर्ष नहीं निकला।
गढ़वाल विवि के शोध छात्र अभिलेख जगूड़ी का कहना है कि वह विवि के भूगोल विभाग में वर्ष 2013 में शोधछात्र के रूप में पंजीकृत हुए। प्रो. डीडी मैठाणी उनके शोध निर्देशक हैं। वर्ष 2014 में प्रो. डीडी मैठाणी सेवानिवृत्त हो गए। वर्ष 2017 में विभाग के बोर्ड ऑफ स्टडीज (बीओएस) ने प्रो. डीडी मैठाणी को सह-गाइड नियुक्त किया, लेकिन संयुक्त रजिस्टार ने इस संबंध मे अब तक इस निर्देश जारी नहीं किए। जगूड़ी ने कहा कि वह शोध कार्य अवधि विस्तार व गाइड परिवर्तित करने के लिए विवि प्रशासन से कई बार गुहार लगा चुका है, लेकिन उसे गंभीरता से नहीं लिया जा रहा है। विरोध स्वरूप छात्र ने विवि गेट के समक्ष 25 जनवरी से धरना प्रदर्शन शुरू कर दिया है। 26 जनवरी को डीएसडब्ल्यू प्रो. जेपी पचौरी ने छात्र से वार्ता भी की। शनिवार को डीएसडब्ल्यू प्रो. पचौरी व सहायक कुलसचिव प्रशासन संजय ध्यानी ने भी छात्र को समझाने का प्रयास किया। हालांकि छात्र शोध अवधि बढ़ाने व शोध निर्देशक परिवर्तित करने की मांग पर अड़ा है। वहीं संयुक्त रजिस्ट्रार ने कहा कि विवि आर्डिनेंस के अनुसार सेवारत शिक्षक की शोध निर्देशक हो सकता है। विवि के नियमों के तहत कार्य किया जा रहा है। छात्र को शाम चक्कर आने पर बेस अस्पताल में भर्ती कराया गया है। छात्र का हालचाल जानने के लिए कलुपति प्रो. एवी भट्ट, कुलसचिव एके झा और सहायक अभियंता नरेश खंडूडी भी अस्पताल पहुंचे।
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गढ़वाल विवि के शोध छात्र अभिलेख जगूड़ी का कहना है कि वह विवि के भूगोल विभाग में वर्ष 2013 में शोधछात्र के रूप में पंजीकृत हुए। प्रो. डीडी मैठाणी उनके शोध निर्देशक हैं। वर्ष 2014 में प्रो. डीडी मैठाणी सेवानिवृत्त हो गए। वर्ष 2017 में विभाग के बोर्ड ऑफ स्टडीज (बीओएस) ने प्रो. डीडी मैठाणी को सह-गाइड नियुक्त किया, लेकिन संयुक्त रजिस्टार ने इस संबंध मे अब तक इस निर्देश जारी नहीं किए। जगूड़ी ने कहा कि वह शोध कार्य अवधि विस्तार व गाइड परिवर्तित करने के लिए विवि प्रशासन से कई बार गुहार लगा चुका है, लेकिन उसे गंभीरता से नहीं लिया जा रहा है। विरोध स्वरूप छात्र ने विवि गेट के समक्ष 25 जनवरी से धरना प्रदर्शन शुरू कर दिया है। 26 जनवरी को डीएसडब्ल्यू प्रो. जेपी पचौरी ने छात्र से वार्ता भी की। शनिवार को डीएसडब्ल्यू प्रो. पचौरी व सहायक कुलसचिव प्रशासन संजय ध्यानी ने भी छात्र को समझाने का प्रयास किया। हालांकि छात्र शोध अवधि बढ़ाने व शोध निर्देशक परिवर्तित करने की मांग पर अड़ा है। वहीं संयुक्त रजिस्ट्रार ने कहा कि विवि आर्डिनेंस के अनुसार सेवारत शिक्षक की शोध निर्देशक हो सकता है। विवि के नियमों के तहत कार्य किया जा रहा है। छात्र को शाम चक्कर आने पर बेस अस्पताल में भर्ती कराया गया है। छात्र का हालचाल जानने के लिए कलुपति प्रो. एवी भट्ट, कुलसचिव एके झा और सहायक अभियंता नरेश खंडूडी भी अस्पताल पहुंचे।
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