शमी फिट भी हो जाएं, फिर भी टीम में जगह बहुत मुश्किल
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टी-20 वर्ल्ड कप का आगाज हो चुका है। भारतीय शेर अपने कप्तान महेंद्र सिंह धोनी की अगुआई में एशिया कप फतह करने के बाद वर्ल्ड कप हासिल करने को लालायित हैं।
भारतीय टीम इस वक्त न सिर्फ बेहद संतुलित लग रही है बल्कि उनका विजयी अभियान भी इस बात की तस्दीक है कि वर्ल्ड
कप जीतने की सबसे प्रबल दावेदार वही हैं। इस वक्त धोनी ब्रिगेड में 11 खिलाड़ियों में से किसी एक को निकालना बेहद
मुश्किल है।
उधर, भारतीय गेंदबाजी में मोहम्मद शमी की टूर्नामेंट के मुख्य मैचों के लिए टीम में एंट्री होगी या नहीं, इस पर संशय अभी भी बरकरार है। सवाल यह उठता है अगर वह फिट भी हो जाते हैं तो क्या टीम में वापसी करेंगे?
कप्तान धोनी का शमी को लेकर है अलग तर्क
भारतीय कप्तान धोनी का मानना है कि यदि मोहम्मद शमी वर्ल्ड टी-20 के लिए फिट कर भी घोषित दिए जाते हैं तब भी बंगाल के इस तेज गेंदबाज को टीम में शामिल करना मुश्किल लगता है। धोनी अपने फेवरेट 11 विनिंग कांबिनेशन को तोड़ना नहीं चाहते।
वह मानते हैं कि जसप्रीत बुमराह या आशीष नेहरा की जगह शमी को अंतिम एकादश में लेना मुश्किल होगा क्योंकि इस समय भारतीय टीम बेहद संतुलित है।
धोनी ने पहले यह भी कहा था कि शमी को वार्मअप मैचों में अपनी फिटनेस साबित करनी होगी। हार्दिक पांड्या ऑलराउंडर हैं और यदि पांड्या व जडेजा नंबर आठ पर खेलते हैं और तीन या चार ओवर भी फेंक लेते हैं तो टीम बेहद संतुलित हो जाती है।
हालांकि दूसरी ओर अपने पहले अभ्यास मैच में भारत ने विंडीज को बुरी तरह धोया। इसमें रोहित शर्मा की आतिशी बल्लेबाजी तो आकर्षक रही ही लेकिन शमी ने भी 2 विकेट झटककर टीम में अपनी संभावनाओं पर जोर दिया है।