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Anaya Bangar: 'हार्मोन थेरेपी के बाद मेरी ताकत..', लड़के से लड़की बनीं अनाया बांगड़ ने ICC-BCCI से की ये अपील
Tue, 17 Jun 2025 05:24 PM IST
Mayank Tripathi
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: Mayank Tripathi
Updated Tue, 17 Jun 2025 05:24 PM IST
सार
अपनी इस पोस्ट में अनाया ने आईसीसी और बीसीसीआई से अपील की कि ट्रांसजेंडर महिलाओं को महिला क्रिकेट में शामिल करने पर खुली और वैज्ञानिक चर्चा होनी चाहिए।
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आर्यन से अनाया
- फोटो : instagram
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विस्तार
भारत के पूर्व क्रिकेटर और कोच रहे संजय बांगड़ का बेटा आर्यन हार्मोनल ट्रांसफॉर्मेशन के बाद अनाया बन चुका है। अब उन्होंने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (आईसीसी) और भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) को संबोधित करते हुए पत्र लिखा है। इसमें अनाया ने ट्रांसजेंडर महिला बनने के बाद उनके शरीर आए बदलावों पर बात की।
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आर्यन से अनाया
- फोटो : instagram
हार्मोन थैरेपी के बाद अनाया के शरीर में क्या बदलाव आए?
इंस्टा पोस्ट में उन्होंने लिखा- 'मेरा नाम अनाया बांगड़ है। मैं एक पूर्व प्रोफेशनल क्रिकेटर हूं, एक ट्रांसजेंडर महिला हूं और भारत की पहली खुलकर सामने आई ट्रांस एथलीट में से एक हूं जिसने हार्मोन थेरेपी का असर जानने के लिए वैज्ञानिक टेस्ट कराए।' अनाया ने आगे बताया कि रिसर्च प्रोजेक्ट का मकसद यह जानना था कि हार्मोन थेरेपी ने उनकी ताकत, स्टैमिना, हीमोग्लोबिन, ग्लूकोज और खेल प्रदर्शन पर क्या असर डाला? इसके नतीजों को महिला खिलाड़ियों के मानकों से तुलना की गई। अनाया ने कहा- जैसे मेरी हीमोग्लोबिन, ब्लड शुगर और ताकत के आंकड़े सामान्य महिला खिलाड़ियों के बराबर या उनसे कम निकले। मेरी स्टैमिना और मसल पावर भी हार्मोन थेरेपी के बाद काफी कम हो गई, जिससे ये साबित होता है कि हार्मोन ट्रीटमेंट से मेरा शरीर महिला एथलीटों की तुलना में संतुलित हुआ है। मैंने यह बयान किसी राजनीति के लिए नहीं दिया, बल्कि इसलिए दिया है कि खेलों में निष्पक्षता और समावेश पर वैज्ञानिक तरीके से चर्चा शुरू हो सके।
इंस्टा पोस्ट में उन्होंने लिखा- 'मेरा नाम अनाया बांगड़ है। मैं एक पूर्व प्रोफेशनल क्रिकेटर हूं, एक ट्रांसजेंडर महिला हूं और भारत की पहली खुलकर सामने आई ट्रांस एथलीट में से एक हूं जिसने हार्मोन थेरेपी का असर जानने के लिए वैज्ञानिक टेस्ट कराए।' अनाया ने आगे बताया कि रिसर्च प्रोजेक्ट का मकसद यह जानना था कि हार्मोन थेरेपी ने उनकी ताकत, स्टैमिना, हीमोग्लोबिन, ग्लूकोज और खेल प्रदर्शन पर क्या असर डाला? इसके नतीजों को महिला खिलाड़ियों के मानकों से तुलना की गई। अनाया ने कहा- जैसे मेरी हीमोग्लोबिन, ब्लड शुगर और ताकत के आंकड़े सामान्य महिला खिलाड़ियों के बराबर या उनसे कम निकले। मेरी स्टैमिना और मसल पावर भी हार्मोन थेरेपी के बाद काफी कम हो गई, जिससे ये साबित होता है कि हार्मोन ट्रीटमेंट से मेरा शरीर महिला एथलीटों की तुलना में संतुलित हुआ है। मैंने यह बयान किसी राजनीति के लिए नहीं दिया, बल्कि इसलिए दिया है कि खेलों में निष्पक्षता और समावेश पर वैज्ञानिक तरीके से चर्चा शुरू हो सके।
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आर्यन से अनाया
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अनाया ने की बीसीसीआई और आईसीसी से यह अपील
अपनी इस पोस्ट में अनाया ने आईसीसी और बीसीसीआई से अपील की कि ट्रांसजेंडर महिलाओं को महिला क्रिकेट में शामिल करने पर खुली और वैज्ञानिक चर्चा होनी चाहिए। उन्होंने आगे लिखा- 'खिलाड़ियों की भागीदारी तय करने के लिए वैज्ञानिक मानदंड अपनाएं – जैसे हीमोग्लोबिन, टेस्टोस्टेरोन लेवल, और प्रदर्शन से जुड़ी जांचें हों। विशेषज्ञों, खिलाड़ियों और कानून सलाहकारों के साथ मिलकर ऐसी नीतियां बनाएं जो खेल को निष्पक्ष और प्रतिस्पर्धात्मक बनाए रखें। मैं यह रिपोर्ट इसलिए सार्वजनिक कर रही हूं ताकि सच्चाई सामने आए, ना कि सहानुभूति पाने के लिए। समावेश का मतलब यह नहीं कि निष्पक्षता को नजरअंदाज कर दिया जाए, बल्कि उसे नापने और जिम्मेदारी से लागू करने की जरूरत है। मैं चाहती हूं कि बीसीसीआई या आईसीसी का कोई प्रतिनिधि मुझसे मिले ताकि मैं अपने निष्कर्ष साझा कर सकूं, संभावित नीतियों पर बात कर सकूं और खेल में ऐसे बदलाव लाए जा सकें जो हर खिलाड़ी को बराबरी के आधार पर आंकें।'
अपनी इस पोस्ट में अनाया ने आईसीसी और बीसीसीआई से अपील की कि ट्रांसजेंडर महिलाओं को महिला क्रिकेट में शामिल करने पर खुली और वैज्ञानिक चर्चा होनी चाहिए। उन्होंने आगे लिखा- 'खिलाड़ियों की भागीदारी तय करने के लिए वैज्ञानिक मानदंड अपनाएं – जैसे हीमोग्लोबिन, टेस्टोस्टेरोन लेवल, और प्रदर्शन से जुड़ी जांचें हों। विशेषज्ञों, खिलाड़ियों और कानून सलाहकारों के साथ मिलकर ऐसी नीतियां बनाएं जो खेल को निष्पक्ष और प्रतिस्पर्धात्मक बनाए रखें। मैं यह रिपोर्ट इसलिए सार्वजनिक कर रही हूं ताकि सच्चाई सामने आए, ना कि सहानुभूति पाने के लिए। समावेश का मतलब यह नहीं कि निष्पक्षता को नजरअंदाज कर दिया जाए, बल्कि उसे नापने और जिम्मेदारी से लागू करने की जरूरत है। मैं चाहती हूं कि बीसीसीआई या आईसीसी का कोई प्रतिनिधि मुझसे मिले ताकि मैं अपने निष्कर्ष साझा कर सकूं, संभावित नीतियों पर बात कर सकूं और खेल में ऐसे बदलाव लाए जा सकें जो हर खिलाड़ी को बराबरी के आधार पर आंकें।'
आर्यन से अनाया
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अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट नहीं खेल पाएंगी अनाया
अनाया भी एक क्रिकेटर हैं। उन्होंने स्थानीय क्लब इस्लाम जिमखाना के लिए खेला है। हालांकि, वह अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अब नहीं खेल पाएंगी। दरअसल, आईसीसी ने नवंबर 2023 में घोषणा की थी कि कोई भी खिलाड़ी जिसने पुरुष से महिला में ट्रांसफॉर्म किया है और किसी भी प्रकार के पुरुष युवावस्था से गुजरा है, उसे महिला अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में भाग लेने की अनुमति नहीं दी जाएगी, भले ही उन्होंने किसी भी सर्जरी या जेंडर रीएसाइनमेंट ट्रीटमेंट को अंजाम दिया हो।
अनाया भी एक क्रिकेटर हैं। उन्होंने स्थानीय क्लब इस्लाम जिमखाना के लिए खेला है। हालांकि, वह अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अब नहीं खेल पाएंगी। दरअसल, आईसीसी ने नवंबर 2023 में घोषणा की थी कि कोई भी खिलाड़ी जिसने पुरुष से महिला में ट्रांसफॉर्म किया है और किसी भी प्रकार के पुरुष युवावस्था से गुजरा है, उसे महिला अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में भाग लेने की अनुमति नहीं दी जाएगी, भले ही उन्होंने किसी भी सर्जरी या जेंडर रीएसाइनमेंट ट्रीटमेंट को अंजाम दिया हो।