वरिष्ठ नागरिक: महंगा है अकेले सेवानिवृत्ति के बाद जीवनयापन, जानें ऐसा क्यों
पति-पत्नी दोनों अगर लंबे समय तक नौकरी के बाद सेवानिवृत्त हुए हैं तो रिटायरमेंट के बाद लागत के लिहाज से उनका जीवन आसान बना रहता है। इसके विपरीत, आप अकेले हैं व सेवानिवृत्ति के बाद खर्च साझा करने वाला कोई और नहीं हैं तो यह रिटायरमेंट आपके लिए अपेक्षाकृत महंगा साबित हो सकता है।
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जब आपका पाला सेवानिवृत्त हो चुके और होने वाले लोगों से पड़ता है तो कई बार किसी बात के लिए आपकी आलोचना जरूर हो सकती है। हाल ही में मैं अलग-अलग अवसरों और जगहों पर दो अनोखे लोगों से मिला। उनमें सिर्फ एक ही समानता थी कि दोनों अविवाहित थे। एक की उम्र 63 वर्ष थी, जबकि दूसरे की 56 साल।
हरि कोविड महामारी के दौरान सरकारी नौकरी में लंबे करियर के बाद सेवानिवृत्त हुए। उमा कुछ साल में सेवानिवृत्त होने वाली हैं। तलाक के बाद वह कई साल से अकेली रह रही हैं। बहुत से लोग मानते हैं कि किसी जोड़े के सेवानिवृत्त होने के लिए आवश्यक संख्या को दो से विभाजित करने का तरीका अकेले रिटायर होने वाले से ज्यादा सही है। पर, वास्तविकता यह है कि अगर आप अकेले हैं तो आपको जो चाहिए वह उससे अधिक है, जो आप तब प्राप्त करेंगे, जब आप रिटायरमेंट संख्या को दो से विभाजित करेंगे। हां, यह थोड़ा चिंताजनक लग सकता है, लेकिन सच है कि अगर आप अकेले सेवानिवृत्त होने वाले हैं तो जोड़े के रिटायरमेंट की तुलना में आपके खर्च अक्सर ज्यादा होते हैं।
लागत साझा करने के समान अवसर नहीं
अकेले सेवानिवृत्त होने वालों के पास आवास, वाहन और घर चलाने जैसी चीजों की लागत साझा करने के समान अवसर नहीं होते हैं। इसलिए, उन्हें रिटायर के लिए अधिक बचत करनी होगी। अगर आप अकेले हैं और बच्चों का पालन-पोषण नहीं कर रहे हैं तो ऐसे में आपके पास अपनी उम्र के 30 और 40 के दशक के दौरान बचत करने के कहीं अधिक अवसर होते हैं। जिनके पास बच्चों के लिए धन, घर और कई अन्य चुनौतियां होती हैं और जिनका सामना उन्हें परिवार के पालन-पोषण करते समय करना पड़ता है, उनको ज्यादा खर्च करना होता है।
रिटायरमेंट के समय अपने खर्च पर जरूर रखें नजर
वास्तविकता यह है कि प्रति व्यक्ति खर्च बहुत अधिक है, इसलिए जब रिटायरमेंट की योजना बना रहे हों तो इस पर विचार करने की जरूरत है। परिवारों की तुलना में सिंगल लोग लाइफस्टाइल पर अनजाने में अधिक खर्च करते हैं और इसे वे अपना भी लेते हैं। उदाहरण के लिए, जब एक छोटी कार से भी काम हो सकता है तो भी अकेला व्यक्ति सेडान खरीद लेता है। इसके विपरीत, एक दंपती रिटायरमेंट के करीब एक छोटी कार ही पसंद करेगा।
चुनौती अधिक बचत करने की जरूरत
सिंगल लोगों को 60 वर्ष की आयु तक समान उम्र वाले जोड़े की तुलना में रिटायर होने पर लगभग 15-20 फीसदी अधिक बचत की जरूरत होगी। रिटायरमेंट बचत से 4-6 फीसदी निकासी यह पता लगाने का एक आसान तरीका है कि रिटायर होने पर आपको वास्तव में कितने पैसे की आवश्यकता होगी। इसका मतलब है कि 4 फीसदी का रेट पाने के लिए आपको रिटायर होने पर वास्तव में जितना पैसा निकालना होगा, उससे 25 से 30 गुना की आवश्यकता होगी।
...तो बढ़ जाती है रिटायरमेंट उम्र
मैंने सेवानिवृत्ति के प्रति दृष्टिकोण को समझने के लिए हरि व उमा दोनों से बातचीत करना शुरू किया। हरि ने कहा, भोजन, स्वास्थ्य देखभाल व सुरक्षा जैसी कुछ सामान्य सुविधाओं की बात आती है तो साझा लागत का लाभ उठाने के लिए वह रिटायरमेंट कम्युनिटी में चले गए हैं।
दूसरी ओर, उमा ने कुछ साल पहले 50 साल की उम्र में उच्च अध्ययन के लिए अपनी लंबी नौकरी से छुट्टी ले ली थी। अब वह अपनी कंपनी में एक बड़े पद, जिम्मेदारी और वेतन पर वापस आ गई हैं, लेकिन इस नए बदलाव ने उनकी सेवानिवृत्ति की उम्र को 70 साल तक कर दिया है।
स्वास्थ्य भी बड़ी चुनौती
एक महत्वपूर्ण पहलू जो सिंगल लोगों के लिए चुनौती बन सकता है, वह है उनका स्वास्थ्य। अक्सर अकेले रहने वाले लोगों के लिए स्वास्थ्य की देखभाल महंगी साबित होती है।
चुनौती- व्यक्ति अकेले तो बढ़ जाती है रिटायरमेंट की लागत
सिंगल लोगों के लिए रिटायरमेंट लागत अधिक होती है क्योंकि खर्च साझा करने वाला कोई नहीं होता है। उदाहरण के लिए, यात्रा करते समय होटल के डबल रूम की लागत सिंगल रूम की तुलना में थोड़ी अधिक हो सकती है। लेकिन, दो लोगों के डबल रूम में ठहरने की प्रति व्यक्ति लागत सिंगल कमरे की तुलना में कम हो जाती है। अमूमन, किसी कपल को जिन चीजों के लिए 100 रुपये की जरूरत होगी, उसके लिए अकेले व्यक्ति को 60 से 70 रुपये खर्च करने होंगे।