फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Columns ›   Blog ›   Coronavirus in australia challenges and problems in society

कोरोना वायरस: शुरुआती मुश्किलों के बाद संभलने लगा है ऑस्ट्रेलिया

Wed, 01 Apr 2020 11:57 AM IST
Rekha Rajvanshi रेखा राजवंशी
Updated Wed, 01 Apr 2020 11:57 AM IST
विज्ञापन
Coronavirus in australia challenges and problems in society
सेवा में लगी गुरु नानक किचनेट संस्था फ्री खाना उपलब्ध कराते हुए। - फोटो : अमर उजाला

31 मार्च 2020  चीन में  पैदा हुए और तेज़ी से फैल रहे कोरोना वायरस ने दुनिया भर में आतंक का माहौल पैदा कर दिया है।  कोरोना वायरस का आकर एक क्राउन की तरह है इस कारण से इसका नाम कोरोना वायरस दिया गया। विशेषज्ञों का कहना है कि पूरी दुनिया में कोरोना वायरस की कई प्रजातियां हैं। कुछ अन्य देशों की भांति ही ऑस्ट्रेलिया भी कोरोना वायरस की चपेट में बहुत जल्दी आ गया था।

विज्ञापन


ऑस्ट्रेलिया में कोरोना वायरस पेंडेमिक होने की पुष्टि की जनवरी 2020 में की गई थी। अब तक, 31 मार्च 2020 तक ऑस्ट्रेलिया के सभी राज्यों में मिलाकर 4,359 मामले सामने आ चुके हैं, जिसमे से न्यू साउथ वेल्स में सबसे अधिक यानी मामले 1918 हैं। और अब यहांं कोरोना वायरस के मामलों में लगातार वृद्धि हो रही है। 
विज्ञापन


पूरे ऑस्ट्रेलिया में 230,000 से अधिक परीक्षण किए गए हैं। 31 मार्च 2020 तक के आंकड़ों के अनुसार ऑस्ट्रेलिया में अब तक 4,359 लोग कोरोना ग्रस्त हो चुके हैं । 19 लोगों की मृत्यु हो चुकी है, ए सी टी में 1, न्यू साउथ वेल्स में  8, विक्टोरिया में 4, क्वींसलैंड में 2, तस्मानिया में 2, वेस्टर्न ऑस्ट्रेलिया में 2  लोगों की मृत्यु की पुष्टि हुई है।  
विज्ञापन
विज्ञापन


23 जनवरी को, सुरक्षा अधिकारियों ने सप्ताह में तीन बार सिडनी से वुहान से आने वाली उड़ानों के आने पर स्क्रीनिंग शुरू की। यात्रियों को एक सूचना पत्र दिया गया और खुद को यह बताने के लिए कहा कि क्या उन्हें बुखार है या संदेह है कि उन्हें यह बीमारी हो सकती है।

कैसेे हुई  संक्रमण की शुरुआत
25 जनवरी को, कोविड संक्रमण का पहला मामला सामने आया, जो 19 जनवरी को विक्टोरिया आए एक चीनी नागरिक का था। उसे मेलबोर्न में भर्ती किया गया। उसी दिन, तीन अन्य रोगियों ने सिडनी में वुहान से लौटने के बाद कोविड पॉजिटिव पाया गया।  और तब से अब तक 19 लोगों की कोरोना वायरस संक्रमण से मृत्यु हो चुकी है। 

पिछले दिनों मेरे स्कूल में जब मेरी दो साथी अध्यापिकाएं कोविड पॉजिटिव पाईं गईं और हम सबको चौदह दिन के लिए सेल्फ आइसोलेट करके अपना निरीक्षण करने का आदेश दिया गया तो लगा कि स्थिति बहुत गंभीर है। पहले जिस अध्यापिका को यह संक्रमण हुआ वह चर्च गई थी और वहीँ से उसे यह वायरस संक्रमित हो गया। शुरू में वह समझी सिर्फ फ़्लू है पर बाद में उसे पता लगा कि चर्च जाने वाले अन्य लोगों को कोरोना वायरस ने चपेट में ले लिया है तो उसने अपनी जांच करवाई और बहत्तर घंटे बाद जान टेस्ट का परिणाम आया तो पता लगा कि वो कोविड 19 से संक्रमित है। तब तक एक अन्य अध्यापिका भी इससे प्रभावित हो गई थी।

स्वास्थ्य मंत्रालय ने पूरे विद्यालय को साफ़ करवाया और सारे स्टाफ को घर में रहने का आदेश दिया।  अब ऑस्ट्रेलियाई प्रधानमंत्री स्कॉट मॉरिसन ने देश की जनता से अगले छह महीने तक लॉकडाउन के लिए तैयार रहने के लिए कहा है। उन्होंने संकेत दे दिए हैं कि ऑस्ट्रेलिया में छह महीने तक लॉकडाउन लागू किया जा सकता है। पिछले महीने प्रधानमंत्री मॉरिसन और प्रीमियर ने लोगों को बाहर ना निकलने की सलाह दी गई थी पर लोग इसे गंभीरता पूर्वक ले नहीं रहे थे। वे जिम, रेस्टोरेंट, पब्स और क्लब में नजर आ रहे थे।
 

Coronavirus in australia challenges and problems in society
इस समय सबसे ज्यादा खतरनाक हालात यूरोप में हैं। - फोटो : PTI

ऑस्ट्रेलिया में कोविड का जन-जीवन पर प्रभाव
ज़ाहिर है दुनिया के अन्य देशों की तरह ही ऑस्ट्रेलिया में भी लोगों की जीवन शैली पर कोविड का नकारात्मक प्रभाव पड़ा है। यहांं फरवरी के दूसरे सप्ताह से ही लोगों में आतंक की लहर दौड़ गई। सार्वजनिक वाहनों के उपयोग से लोग घबराने लगे। कुछ  व्यवसायों में लोगों को घर से ही कार्य करने की अनुमति दे दी गई, जब कि अनेक नौकरियों में लोगों को काम पर जाते रहना पड़ा। 


हेल्थ केयर और अस्पताल के  डॉक्टरों  और कर्मचारियों का काम बढ़ गया और कुछ राज्यों जैसे न्यू साउथ वेल्स राज्य के विद्यालय बंद नहीं हुए तो बच्चे और अध्यापिकाएं नौकरी पर जाते रहे।  हालांकि सरकार के आदेश थे कि लोग सार्वजनिक स्थानों पर इकट्ठे न हों, सिर्फ दो लोग डेढ़ फ़ीट की दूरी पर बहुत ज़रूरी काम होने पर मिल सकते हैं, शादी में  किसी प्रियजन की  मृत्यु पर मात्र दस लोगों के जाने की अनुमति दी गई।  


लोगों के लॉक डाउन के डर से लोगों ने शॉपिंग मॉल से अधिक से अधिक सामान खरीदना शुरू कर दिया और बाजार से सबसे पहले नदारद हुआ टॉयलेट पेपर।  दूसरा नंबर पास्ता और नूडल्स के गायब होने का था। बहुत शीघ्र अनेकों शेल्फ खाली दिखने लगे। भारतीय ग्रॉसरी स्टोर में भी सामान की कमी हो गई। लोग घी, आटा, दाल, चावल और मसाले इकट्ठे करने में लग गए, जिसके फलस्वरूप कीमतें बढ़ गईं। हालांकि सब्जियां, फल, दूध, अंडे और ज़रूरत की वस्तुएं अभी भी आसानी से सुपर मार्केट्स में मिल जाती हैं। फिर भी सामान्य जनजीवन बुरी तरह से प्रभावित हुआ है।


अधिकतर विश्वविद्यालय कोरोना वायरस के कारण बंद हैं। हालांकि न्यू साउथ वेल्स के स्कूल खुले हुए हैं। प्रीमियर ने विद्यार्थियों के माता -पिता और अभिभावकों से अनुरोध किया है कि वे बच्चों को विद्यालय न भेजें।  अधिकतर स्कूल ऑन लाइन शिक्षण सामग्री उपलब्ध करवा रहे हैं। अध्यापक दो या तीन दिन के रोस्टर में स्कूल जा रहे हैं, और विद्यालय आने वाले गिने चुने विद्यार्थियों की देखभाल व् शिक्षण कर रहे हैं।

कोरोना वायरस का भारत के अंतर्राष्ट्रीय विद्यार्थियों को भी प्रभावित किया है। उनके लिए स्थानीय रेस्टोरेंट निःशुल्क भोजन और व्यवसाय मदद का प्रबंध कर रहे हैं। सिख व अन्य समुदाय के लोग इन सामाजिक कार्यों में बढ़-चढ़कर हिस्सा ले रहे हैं। इस बीच सरकार ने इंटरनैशनल स्टूडेंट्स को काम करने की छूट दे दी है। न्यू साउथ वेल्स में इस समय कोरोना वायरस के मामले सबसे अधिक पाए गए हैं। सरकार की नज़र अंदाज़ी और लोगों का इसे गंभीरता से न लेना ही इसका मुख्य कारण बताया जा रहा है।   


बोंडाई बीच पर हज़ारों की संख्या में लोग
समस्त पब्लिक स्थानों पर लोगों के मिलने पर पाबंदी लगा दी गई फिर भी लोगों ने इसे शुरू में गंभीरता से नहीं लिया। 21 मार्च को  सरकार की मनाही के बाद भी बोंडाई बीच पर हज़ारों की संख्या में 'सोशल डिस्टैन्सिंग' और सार्वजनिक स्थानों पर न जाने के नियमों की अवहेलना करके लोग इकठ्ठे हुए। माना जाता है इस के फलस्वरूप भी कोरोना वायरस के मामलों में बढ़ोत्तरी हुई।  22 मार्च से ही ऑस्ट्रेलिया की सरकार ने कड़े नियम और बड़े फाइनों की घोषणा की।  


माना जाता है कि प्रधानमंत्री स्कॉट मॉरिसन के प्रतिबन्ध के बावजूद भी सिडनी में मार्च के माह में जो पैसेंजर शिप्स आए उनमे से उतरने वाले यात्रियों की समुचित जांच नहीं की गई। क्रूज़ शिप रूबी प्रिंसेस ने 19 मार्च 2020 को सिडनी में 2,700 यात्रियों को परीक्षण जाने की अनुमति दे दी। 20 मार्च 2020 को घोषणा की गई कि उनमें से तीन कोरोना वायरस के लिए सकारात्मक पाए गए। शहर में जाने की अनुमति दे दी गई, इस वजह से भी कोविड का संक्रमण अन्य लोगों में हो गया।  

Coronavirus in australia challenges and problems in society
ऑस्ट्रेलिया में मेडिकल स्टाफ दिन-रात काम कर रहा है। - फोटो : सोशल मीडिया

लोगों द्वारा नियम और प्रतिबंधों का अनुपालन न करना
स्वास्थ्य रक्षा के लिए लागू इतने प्रतिबंधों के बावजूद भी कुछ लोग नियमों का पालन नहीं कर रहे हैं।  पुलिस ने पिछले महीने कुछ लोगों को नियम तोड़ने के लिए काफी भारी पेनाल्टीज़ दी हैं और कुछ को अरेस्ट भी किया है। इनमेंं वे लोग भी हैं जो सेल्फ आईसोलेशन के बाद भी सैर करने जाने या बाजार जाने या सार्वजनिक स्थानों पर घूमते पाए गए हैं। इसमें एक कोविड पॉजिटिव महिला शामिल है जिसे सुपर मार्किट में केले पर थूकते हुए पकड़ा गया था। या जॉर्डन से आए तीस वर्षीय व्यक्ति को सेल्फ आइसोलेशन नियम तोड़ने पर पुलिस ने तीन बार चेतावनी दी और  30 मार्च को उसे अरेस्ट कर लिया।  


 कोरोना वायरस के दौरान सरकार द्वारा उठाए गए चरण
1 फरवरी 2020 को, ऑस्ट्रेलिया ने चीन से आने वाले विदेशी नागरिकों के प्रवेश पर प्रतिबंध लगा दिया, और चीन से लौटने वाले ऑस्ट्रेलिया के नागरिकों को 14 दिनों के लिए सेल्फ आइसोलेशन करने का आदेश दिया। बाद में ऑस्ट्रेलिया ने  ईरान (1 मार्च), दक्षिण कोरिया (5 मार्च), और अंत में इटली (11 मार्च) पर  यात्रा प्रतिबंध लगा दिए।


15 मार्च को, प्रधानमंत्री स्कॉट मॉरिसन ने घोषणा की कि आधी रात से, ऑस्ट्रेलिया पहुंचने या लौटने वाले सभी यात्रियों को 14 दिनों के लिए सेल्फ आइसोलेट होना चाहिए।  इसका पालन करने में विफल लोगों को राज्य के आधार पर $ 11,000 से $ 50,000 का जुर्माना और जेल का दंड प्रावधान की घोषणा की गई। क्रूज जहाजों को भी देश में 30 दिनों के लिए डॉकिंग करने से रोक दिया गया था। 19 मार्च को, प्रधानमंत्री ने घोषणा की कि ऑस्ट्रेलिया 20 मार्च को रात 9 बजे से सभी गैर-निवासियों और गैर-ऑस्ट्रेलियाई नागरिकों के लिए अपनी सीमाओं को बंद कर देगा। 


19 मार्च 2020 को, Qantas ने पुष्टि की कि यह लगभग 60% घरेलू उड़ानों को निलंबित कर देगा और सभी अंतरराष्ट्रीय उड़ानों को निलंबित कर दिया। यहांं आने वाली फ्लाइटों के यात्रियों को भी विशेष निर्देश दिए गए और अधिकारियों ने बाहर से आने वाले सभी यात्रियों को सेल्फ आइसोलेशन में जाने का प्रबंध किया।


23 मार्च से, सामाजिक सभा के स्थानों को बंद करने की घोषणा की गई, जिसमें पंजीकृत और लाइसेंस प्राप्त क्लब, होटल और बार में लाइसेंस प्राप्त परिसर, मनोरंजन स्थल, सिनेमाघर, कैसीनो, नाइट क्लब और पूजा स्थल भी शामिल हैं।  कैफे और रेस्तरां खुले रह सकते हैं, लेकिन केवल टेक अवे की ही अनुमति दी गई।  


29 मार्च को प्रधानमंत्री ने एक राष्ट्रीय मंत्रिमंडल की बैठक के बाद एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में संबोधित किया कि सार्वजनिक सभा दो लोगों तक सीमित होगी, साथ ही 70 वर्ष से अधिक आयु के ऑस्ट्रेलियाई लोगों से, 60 वर्ष से अधिक आयु के ऑस्ट्रेलियाई लोगों से और 50 से अधिक की उम्र के ऑस्ट्रेलिया के स्वदेशी ऑस्ट्रेलियाई लोगों से घर में रहने का आग्रह किया।


ऑस्ट्रेलिया में नियम तोड़ने वालों के लिए भारी जुर्माने
31 मार्च के सार्वजनिक स्वास्थ्य अधिनियम निर्देश के तहत एनएस डब्ल्यू में कोई भी व्यक्ति जो "उचित कारण" के बिना अपना घर से बाहर घूमता दिखेगा, उसे छह महीने तक जेल और $ 11,000 का जुर्माना लग सकता है। निर्देशों का उल्लंघन करने के लिए व्यक्तियों को 11,000 डॉलर तक का जुर्माना लगाया जा सकता है या छह महीने के लिए जेल भेजा जा सकता है- या दोनों। यदि इस अपराध की पुनरावृत्ति हुई तो प्रतिदिन अतिरिक्त $5500 का जुर्माना भी लगाया जा सकता है।


अनुपालन करने में विफल रहने वाले कॉर्पोरेट कार्यालयों पर $55,000 का शुरुआती जुर्माना और प्रत्येक दिन  $27,500का जुर्माना देना पड़ सकता है। अन्य सार्वजनिक नियमों को तोड़ने वालों को भी $1000 से $5000 तक के फाइन भरने पड़ सकते हैं। जो भी कुछ हो पर ऑस्ट्रेलिया ने कोरोना वायरस के निदान और उपचार के लिए उपयुक्त चरण उठाए हैं। यहांं हेल्थ केयर वर्कर्स और डॉक्टर्स दिन-रात काम कर रहे हैं और यहांं की मृत्यु दर यहांं के कोविड पॉजिटिव मामलों के हिसाब से सीमित है। 


डिस्क्लेमर (अस्वीकरण): यह लेखक के निजी विचार हैं। आलेख में शामिल सूचना और तथ्यों की सटीकता, संपूर्णता के लिए अमर उजाला उत्तरदायी नहीं है। अपने विचार हमें blog@auw.co.in पर भेज सकते हैं। लेख के साथ संक्षिप्त परिचय और फोटो भी संलग्न करें।
 

 

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed