{"_id":"6a9830c273964a9dc30842ec","slug":"ba-second-year-student-sonia-tops-the-slogan-writing-competition-jhajjar-news-c-195-1-jjr1004-139438-2026-09-02","type":"story","status":"publish","title_hn":"बीए द्वितीय वर्ष की सोनिया स्लोगन लेखन प्रतियोगिता में अव्वल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बीए द्वितीय वर्ष की सोनिया स्लोगन लेखन प्रतियोगिता में अव्वल
विज्ञापन
02jjrp29- प्रतियोगिता में भाग लेती छात्राएं। स्रोत : कॉलेज
संवाद न्यूज एजेंसी
साल्हावास। राजकीय महाविद्यालय बिरोहड़ के उद्यमिता प्रकोष्ठ ने स्लोगन लेखन प्रतियोगिता आयोजित की। कार्यक्रम की आयोजक और उद्यमिता प्रकोष्ठ की प्रभारी सुनीता ने उद्यमिता की अवधारणा समझाई। ग्रामीण और स्थानीय परिवेश में उपलब्ध विभिन्न व्यावसायिक अवसरों की जानकारी भी दी। इस प्रतियोगिता में बी.ए. द्वितीय वर्ष की छात्रा सोनिया ने प्रथम स्थान प्राप्त किया। बीएससी द्वितीय वर्ष (लाइफ साइंस) के छात्र दीपांशु और बी.ए. द्वितीय वर्ष की छात्रा इंदु संयुक्त रूप से दूसरे स्थान पर रहे। बी.ए. तृतीय वर्ष की छात्रा नेहा और बी.ए. द्वितीय वर्ष की छात्रा भारती ने संयुक्त रूप से तीसरा स्थान हासिल किया।
प्रतियोगिता के निर्णायक मंडल में डॉ. सुरेंद्र सिंह और निशा शामिल थे। उन्होंने विद्यार्थियों के स्लोगन का मूल्यांकन किया। मूल्यांकन विषय-वस्तु, मौलिकता और रचनात्मकता पर आधारित था। संदेश की स्पष्टता और प्रभावशीलता को भी देखा गया। इस अवसर पर अंजलि दलाल, मोनिका, रीना और मृणाल भी उपस्थित रहे।
विज्ञापन
साल्हावास। राजकीय महाविद्यालय बिरोहड़ के उद्यमिता प्रकोष्ठ ने स्लोगन लेखन प्रतियोगिता आयोजित की। कार्यक्रम की आयोजक और उद्यमिता प्रकोष्ठ की प्रभारी सुनीता ने उद्यमिता की अवधारणा समझाई। ग्रामीण और स्थानीय परिवेश में उपलब्ध विभिन्न व्यावसायिक अवसरों की जानकारी भी दी। इस प्रतियोगिता में बी.ए. द्वितीय वर्ष की छात्रा सोनिया ने प्रथम स्थान प्राप्त किया। बीएससी द्वितीय वर्ष (लाइफ साइंस) के छात्र दीपांशु और बी.ए. द्वितीय वर्ष की छात्रा इंदु संयुक्त रूप से दूसरे स्थान पर रहे। बी.ए. तृतीय वर्ष की छात्रा नेहा और बी.ए. द्वितीय वर्ष की छात्रा भारती ने संयुक्त रूप से तीसरा स्थान हासिल किया।
प्रतियोगिता के निर्णायक मंडल में डॉ. सुरेंद्र सिंह और निशा शामिल थे। उन्होंने विद्यार्थियों के स्लोगन का मूल्यांकन किया। मूल्यांकन विषय-वस्तु, मौलिकता और रचनात्मकता पर आधारित था। संदेश की स्पष्टता और प्रभावशीलता को भी देखा गया। इस अवसर पर अंजलि दलाल, मोनिका, रीना और मृणाल भी उपस्थित रहे।
विज्ञापन