फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   City & states ›   25 June 1975 remember as a black day in history

25 जून 1975 का दिन काले अध्याय के रूप में जाना जाएगा

Amarujala Local Bureau अमर उजाला लोकल ब्यूरो
Updated Thu, 25 Jun 2020 12:52 PM IST
विज्ञापन
25 June 1975 remember as a black day in history
लोकतंत्र सेनानी संगठन के जिला अध्यक्ष सुंदरलाल सोनी ने कहा 25 जून 1975 से 21 मार्च 1977 तक स्वतंत्र भारत के इतिहास में आपातकाल एक काले अध्याय के रूप में जाना जाएगा। उन्होंने बताया कि इस दिन लोकतंत्र के उच्च मूल्यों, आदर्शों एवं मर्यादा को कुचल दिया गया था। जिला अध्यक्ष सुंदरलाल सोनी ने आपातकाल के दिनों को याद करते हुए कहा उस समय आंतक का साम्राज्य बना दिया गया था। न्याय पालिका भी कुछ सहम सी गई। शीर्ष राजनेताओं, बुद्धिजीवियों,पत्रकारों, समाजसेवियों महापुरूषों को रातों रात बंदी गृह भेज दिया गया था। सामाजिक कार्यकर्ताओं को भी जेलों में डाला गया। जेलों में यातनाएं दी गई। लोकतंत्र के रखवालों का लोकतंत्र सेनानी बनकर ऐसा सैलाब उमड़ा की जेलों में जगह नहीं बची। आखिरकार कुर्सी को बचाने वाले लोकतंत्र की हत्या करने वाली सरकार को झुकना पड़ा। उन्होंने बताया कि देश के हजारों लोकतंत्र सेनानियों का बलिदान के चलते हम लोकतंत्र को बहाल करा सके। लोकतंत्र के यह सेनानी आज जीवन के आखिरी पड़ाव पर हैं। कुछ सत्ता भोग रहे हैं। कुछ अपना वहीं आम आदमी का जीवन जी रहे हैं। उन्होंने कहा कि भविष्य में ऐसा कोई सत्ता कुर्सी का लालची अपने आंचल में मत पालना जो लोकतंत्र की हत्या कर दे। भारत की आत्मा को जिंदा रखने के लिए लोकतंत्र बेहद जरूरी है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed