{"_id":"6427d9eae5722be4140f0726","slug":"singer-nitin-dubey-honored-with-sai-shreesamman-2023-award-2023-04-01","type":"story","status":"publish","title_hn":"Raipur:सिंगर नितिन दुबे ने बढ़ाया छत्तीसगढ़ का मान, साईं श्रीसम्मान पाने वाले राज्य के पहले कलाकार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Raipur:सिंगर नितिन दुबे ने बढ़ाया छत्तीसगढ़ का मान, साईं श्रीसम्मान पाने वाले राज्य के पहले कलाकार
Sat, 01 Apr 2023 12:44 PM IST
ललित कुमार सिंह
अमर उजाला ब्यूरो, रायपुर
अमर उजाला ब्यूरो, रायपुर
Published by: ललित कुमार सिंह
Updated Sat, 01 Apr 2023 12:44 PM IST
सार
छत्तीसगढ़ के गायक नितिन दुबे आज किसी परिचय के मोहताज नहीं हैं। उन्होंने अपनी कला के दम पर पूरे देश में छत्तीसगढ़ का मान बढ़ाया है। पिछले तीन दशक से भजन में उनके विशेष योगदान के लिए उन्हें ओडिशा के शिरडी साईं संस्थान बरपाली बरगढ़ की ओर से 'साईं श्रीसम्मान 2023' अवार्ड से सम्मानित किया गया है।
विज्ञापन
सिंगर नितिन दुबे को मिला 'साईं श्रीसम्मान 2023'
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
छत्तीसगढ़ के गायक नितिन दुबे आज किसी परिचय के मोहताज नहीं हैं। उन्होंने अपनी कला के दम पर पूरे देश में छत्तीसगढ़ का मान बढ़ाया है। पिछले तीन दशक से भजन में उनके विशेष योगदान के लिए उन्हें ओडिशा के शिरडी साईं संस्थान बरपाली बरगढ़ की ओर से 'साईं श्रीसम्मान 2023' अवार्ड से सम्मानित किया गया है। इस उपलब्धि से उन्होंने प्रदेश का नाम रोशन किया है। इससे उनके चाहने वालों में हर्ष की लहर है।
नितिन दुबे न सिर्फ छत्तीसगढ़ी लोक कला के मशहूर सिंगर हैं बल्कि हिंदी भजन में भी उनकी ख्याति राष्ट्रीय स्तर की है, भजन के क्षेत्र में नितिन को देश के अलग-अलग राज्यों में लाइव कॉन्सर्ट के लिए आमंत्रित किया जा चुका है। वे अब तक देश में 2500 से भी ज़्यादा मंचीय प्रस्तुति दे चुके हैं। उन्होंने अपने भजन गायन की शुरुआत मात्र 7 वर्ष की उम्र से की थी और वो बचपन में अपनी माता कालिन्दी दुबे को भजन गाते हुए सुनते थे और उन्ही से प्रेरित होकर उन्होंने भजन गायन की शुरुआत बचपन से ही की थी। आगे चलकर हिंदी भजन के कई एलबम राष्ट्रीय स्तर पर रिलीज किए। उनका मशहूर साईं भजन एलबम "साईं का सजदा" पूरे देश में सुपरहिट रहा।
हनुमान चालीसा रहा चर्चित
उनका गाना "हनुमान चालीसा" भी काफी मशहूर है। उनके कई 'माता भजन' और 'जसगीत' भी फेमस हैं। नितिन दुबे को कई बड़े सम्मान से सम्मानित किया जा चुका है। हाल ही में कला एवं संगीत के क्षेत्र में छत्तीसगढ़ का मान बढ़ाने के लिए 'छत्तीसगढ़ रत्न' से सम्मानित किया गया था। इससे पहले भी उन्हें वर्ष 2008 में "माटी रत्न" , 2009 में "कला अनमोल रत्न", 2017 में "साई आराधना सम्मान", 2022 में "छत्तीसगढ़ मेलोडी किंग" अवार्ड, वर्ष 2023 में "केलो धरोहर सम्मान" और "छत्तीसगढ़ रत्न" अवार्ड से सम्मानित किया जा चुका है।
विज्ञापन
विज्ञापन
नितिन दुबे न सिर्फ छत्तीसगढ़ी लोक कला के मशहूर सिंगर हैं बल्कि हिंदी भजन में भी उनकी ख्याति राष्ट्रीय स्तर की है, भजन के क्षेत्र में नितिन को देश के अलग-अलग राज्यों में लाइव कॉन्सर्ट के लिए आमंत्रित किया जा चुका है। वे अब तक देश में 2500 से भी ज़्यादा मंचीय प्रस्तुति दे चुके हैं। उन्होंने अपने भजन गायन की शुरुआत मात्र 7 वर्ष की उम्र से की थी और वो बचपन में अपनी माता कालिन्दी दुबे को भजन गाते हुए सुनते थे और उन्ही से प्रेरित होकर उन्होंने भजन गायन की शुरुआत बचपन से ही की थी। आगे चलकर हिंदी भजन के कई एलबम राष्ट्रीय स्तर पर रिलीज किए। उनका मशहूर साईं भजन एलबम "साईं का सजदा" पूरे देश में सुपरहिट रहा।
विज्ञापन
हनुमान चालीसा रहा चर्चित
उनका गाना "हनुमान चालीसा" भी काफी मशहूर है। उनके कई 'माता भजन' और 'जसगीत' भी फेमस हैं। नितिन दुबे को कई बड़े सम्मान से सम्मानित किया जा चुका है। हाल ही में कला एवं संगीत के क्षेत्र में छत्तीसगढ़ का मान बढ़ाने के लिए 'छत्तीसगढ़ रत्न' से सम्मानित किया गया था। इससे पहले भी उन्हें वर्ष 2008 में "माटी रत्न" , 2009 में "कला अनमोल रत्न", 2017 में "साई आराधना सम्मान", 2022 में "छत्तीसगढ़ मेलोडी किंग" अवार्ड, वर्ष 2023 में "केलो धरोहर सम्मान" और "छत्तीसगढ़ रत्न" अवार्ड से सम्मानित किया जा चुका है।
विज्ञापन