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जिंदगी और मौत से लड़ता अजगर: तीन दिन जाल में रहे फंसा, घंटों चला रेस्क्यू ऑपरेशन; देखें वीडियो
Thu, 30 Nov 2023 04:08 PM IST
अनुज कुमार
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कोरबा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कोरबा
Published by: अनुज कुमार
Updated Thu, 30 Nov 2023 04:08 PM IST
सार
कोरबा में एक आठ फीट बड़े अजगर को नदी से रेस्क्यू कर जंगल में छोड़ा है। तीन दिन में जिंदगी और मौत से लड़ रहा अजगर पूरी तरह थक गया था। जब मछली पकड़ने वालों की नजर उस पर पड़ी तो लगातार निकालने का प्रयास करने लगे।
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अजगर का रेस्क्यू
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
जिले की जीवन दायिनी हसदेव नदी से निकले रूमगरा नहर में पिछले तीन दिनों से एक विशालकाय 8 फीट अजगर मछली के जाल में फंसा हुआ था। जिंदगी और मौत से लड़ रहा अजगर पूरी तरह थक गया था। जब मछली पकड़ने वालों की नजर उस पर पड़ी तो लगातार निकालने का प्रयास करने लगे। पर जैसे ही सांप के पास जाते सांप पानी के अन्दर चले जाता और लोग ये सोच कर हिम्मत नहीं कर पाते थे कि पानी के अन्दर कहीं जकड़ लिया तो मौत निश्चित है।
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वहीं ऊपर से नहर का तेज प्रवाह कहीं बहा न ले जाए खतरे तो देखते हुए रेस्क्यू टीम को बुलाना ज्यादा बेहतर समझा। जिसके बाद वाइल्डलाइफ रेस्क्यू टीम प्रमुख जितेंद्र सारथी को सूचना दिया गया। थोड़ी देर पश्चात सारथी रूमगरा नहर पहुंचे। जिस पर लोगों ने बताया अजगर नहर के एक किनारे लगे मछली के जाल में फंसा हुआ है। लेकिन वहां तक पहुंचने के लिए हमें दूसरी नहर को पार करना होगा। जिसमें बहुत खतरा है, सावधानी से हमें जाना होगा। फिर उसके बाद स्थानीय लोगों के साथ अजगर को बचाने का फैसला किया गया।
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इसके बाद नहर को पार करने के लिए कपड़े उतारे फिर नहर को सावधानी से पार किया गया। जिसके बाद दोनों नहर के बीचों बीच काटे से भरे झुंझ को पार किया। आखिरकार जिस जगह अजगर फंसा हुआ था। वहां पहुंचने में सफलता मिली पर वहां घाट न होने और सीधी चढ़ाई होने के कारण दिक्कत होने लगी।
फिर बड़ी सावधानी से वहां तक पहुंचे और लकड़ी को हटाया गया और पानी के अंगप लगे मछली जाल को निकाला गया। जिस वक्त रेस्क्यू ऑपरेशन चल रहा था। ऊपर खड़े लोग लगातार आराम से काम करने को कह रहे थे। सभी को डर था कहीं पैर न फिसल जाए। जिस वक्त रेस्क्यू चल रहा था।
उस वक्त अजगर नहीं दिखाई दे रहा था। तो ऐसा लग रहा था वो छूट कर भाग गया होगा फिर थोड़ी देर बाद अजगर पानी के ऊपरी सतह पर अपना सिर बाहर निकाला फिर लगातार हमला करने लगा। इसके बाद एक-एक कर बड़ी सावधानी से मछली के जाल को लोगों की मदद से काटा गया, दो घंटे की कड़ी मेहनत आखिरकार रंग लाई। जिसके बाद रेस्क्यू टीम की खूब प्रशंसा हुई फिर उसे जंगल में छोड़ दिया गया।