{"_id":"679a09ebd056ac56e50b5b14","slug":"soldiers-who-went-out-for-operation-fell-ill-female-soldier-got-injured-after-falling-on-a-stone-in-jagdalpur-2025-01-29","type":"story","status":"publish","title_hn":"Jagdalpur: ऑपरेशन पर निकले जवान हुए बीमार, एक महिला जवान पत्थर पर गिरने से घायल, मेकाज में भर्ती","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Jagdalpur: ऑपरेशन पर निकले जवान हुए बीमार, एक महिला जवान पत्थर पर गिरने से घायल, मेकाज में भर्ती
Wed, 29 Jan 2025 04:30 PM IST
Digvijay Singh
अमर उजाला नेटवर्क, जगदलपुर
अमर उजाला नेटवर्क, जगदलपुर
Published by: Digvijay Singh
Updated Wed, 29 Jan 2025 04:30 PM IST
सार
दंतेवाड़ा जिले से एरिया डोमिनेशन पर निकली टीम के चार जवान बीमार हो गए। वहीं एक महिला जवान चलते-चलते पत्थर में गिर गई। जवानों को चौपर की मदद से मेकाज लाया गया, जहाँ सभी को भर्ती कर दिया गया है।
विज्ञापन
घायल जवानों को कराया गया भर्ती
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
दंतेवाड़ा जिले से एरिया डोमिनेशन पर निकली टीम के चार जवान बीमार हो गए। वहीं एक महिला जवान चलते-चलते पत्थर में गिर गई, जिससे उसके सिर में चोट आई है, वहीं मामले की जानकारी लगने के बाद जवानों को चौपर की मदद से मेकाज लाया गया, जहाँ सभी को भर्ती कर दिया गया है।
विज्ञापन
बताया जा रहा है कि मंगलवार को डीआरजी जवानों की टीम संयुक्त टीम के साथ एरिया डोमिनेशन के लिए महाराष्ट्र बॉर्डर के लिए निकली हुई थी, जाने के दौरान दंतेवाड़ा डीआरजी टीम की महिला जवान सुनीता कोर्राम 23 वर्ष का पैर फिसलने की वजह से पत्थर पर जा गिरी, जिससे की सिर में चोट आने के बाद भी महिला जवान ने अपना इरादा नही छोड़ा और अन्य साथी जवानों के साथ कदम बढ़ाते हुए आगे निकल गई, उसी ग्रुप के कुछ अन्य जवानों को पेट दर्द से लेकर अन्य तकलीफ बढ़ गई, जिसके बाद अन्य जवानों के बढ़ती तकलीफ को देखते हुए आला अधिकारियों को सूचना दिया गया।
विज्ञापन
बुधवार को घायल महिला जवान अनिता कोर्राम 24 वर्ष के अलावा कुमारी मैना कुंजाम 24 वर्ष, नवल 25 वर्ष, छोटू मंडावी 24 वर्ष को लेने के लिए चौपर भेजा गया, जहाँ इन सभी जवानों को अंदुरुनी इलाकों से लेकर चौपर बुधवार की दोपहर को लेकर जगदलपुर के एयरपोर्ट लाया गया, जहाँ से सभी बीमार जवानों को बेहतर उपचार के लिए मेकाज लाया गया, जहाँ उपचार के बाद सभी जवानों को बेहतर उपचार के लिए वार्ड में भर्ती कर दिया गया।
विज्ञापन