Jagdalpur: नक्सली गढ़ रहे बस्तर संभाग के 26 गांवों में पहली बार गणतंत्र दिवस पर हुआ ध्वजारोहण, लहराया तिरंगा
26 जनवरी को बस्तर संभाग के अंदरूनी एवं सुदूर वनांचल सहित सम्पूर्ण क्षेत्रों में गणतंत्र दिवस पूरे उत्साह एवं हर्षोल्लास के साथ मनाया गया।
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26 जनवरी को बस्तर संभाग के अंदरूनी एवं सुदूर वनांचल सहित सम्पूर्ण क्षेत्रों में गणतंत्र दिवस पूरे उत्साह एवं हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। बस्तर संभाग के अंतर्गत आने अतिसंवेदनशील नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में 26 जनवरी 2024 के बाद से अभी वर्तमान समय तक 26 नवीन सुरक्षा केंद्र स्थापित किये गए, जिसमें जिला-बीजापुर अंतर्गत गुंडम, फुटकेल, छुटवाही, कोंडापल्ली, ज़िडपल्ली, वाटेवागु, कर्रेगट्टा, पीड़िया वही जिला नारायणपुर के अंतर्गत आने वाले कस्तुरमेटा, मसपुर, ईरकभट्टी, मोहंदी, होरादी, गारपा, कच्चापाल, कोड़लियार,इसी तरह जिला सुकमा के अंतर्गत टेकलगुड़ेम, पुवर्ती, लखापाल, पूलनपाड़, तुमालपाड़, रायगुडेम, गोलाकुंडा, गोमगुड़ा, मेंट्टागुड़ा एवम जिला कांकेर अंतर्गत पानीडोबीर में सुरक्षा कैम्प स्थापित किए गए।
सभी सुरक्षा कैंप में भी एक समग्रित विकास केंद्र के रूप में कार्य कर रहे है, इन सभी 26 ग्रामों में आज़ादी के बाद स्थानीय ग्रामीणोंजनों द्वारा उत्साहपूर्वक प्रथम बार राष्ट्रीय पर्व गणतंत्र दिवस पूरे शान से बनाते हुए तिरंगा फ़हराया गया, इन सभी नवीन स्थापित कैंपों में तैनात पुलिस और सुरक्षा बलों के द्वारा सभी स्थानीय ग्रामीणोंजनों की उपस्थिति में ध्वजारोहण करते हुए उन्हें गणतंत्र दिवस का महत्व ओर गौरव गाथा बताते हुए उपस्थित आये सभी लोगो को मिष्ठान, बच्चों को चाकलेट, मिठाई आदि वितरण गया, गणतंत्र दिवस के अवसर पर सुरक्षा एवं शांति व्यवस्था हेतु डीआरजी बस्तर फाइटर, एसटीएफ, सीएएफ, सीआरपीएफ, कोबरा, एसएसबी, आईटीबीपी व बीएसएफ एवं स्थानीय पुलिस द्वारा आवश्यक सुरक्षा व्यवस्था की गई थी, आईजी सुन्दरराज पी. द्वारा बताया गया कि बस्तर पुलिस एवं क्षेत्र में तैनात Central Armed Police Forces द्वारा लोकतंत्र की रक्षा व क्षेत्र की शांति व्यवस्था बनाये रखने हेतु पूर्ण कर्तव्य परायणता के साथ अपनी जान की परवाह न करते हुये लगातार कार्य किया जा रहा है। गणतंत्र दिवस के अवसर पर इस दिशा में हमारा संकल्प, प्रयास और भी ज्यादा मजबूत होगा।