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Gaurela-Pendra-Marwahi: कुड़कई गांव में दादी की हत्या: पोते को आजीवन कारावास, जाने क्या हैं वजह
Sat, 07 Sep 2024 03:33 PM IST
निकिता गुप्ता
अमर उजाला नेटवर्क, गौरेला पेंड्रा मरवाही
अमर उजाला नेटवर्क, गौरेला पेंड्रा मरवाही
Published by: निकिता गुप्ता
Updated Sat, 07 Sep 2024 03:33 PM IST
सार
पेण्ड्रा के कुड़कई गांव में दादी की हत्या करने वाले पोते विकास कश्यप को अपर सत्र न्यायाधीश ने आजीवन कारावास और 5000 रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई।
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आरोपी गिरफ्तार
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
छत्तीसगढ़ के पेण्ड्रा जिले के कुड़कई गांव में एक दिल दहला देने वाली घटना में पोते द्वारा दादी की हत्या के मामले में अपर सत्र न्यायाधीश पेंड्रारोड, किरण थवाईत ने आरोपी पोते को आजीवन कारावास और 5000 रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई है। यह मामला 30 अक्टूबर 2023 का है। जिसमें आरोपी पोते विकास कश्यप ने अपनी दादी अमरीका बाई की हत्या की थी।
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घटना के अनुसार, कुड़कई ग्राम पंचायत के गौटियांपारा में विकास कश्यप और उसकी दादी अमरीका बाई के बीच पैसों को लेकर विवाद चल रहा था। 30 अक्टूबर को सुबह हुए इस विवाद ने हिंसक रूप ले लिया। विकास कश्यप ने अपनी दादी के सिर और गर्दन पर धारदार हथियार टंगिया से हमला कर दिया जिससे अमरीका बाई की मौके पर ही मौत हो गई। पड़ोसियों के अनुसार, विकास और अमरीका बाई के बीच पैसे को लेकर कई बार झगड़े हो चुके थे। और इसी विवाद के कारण इस हत्या की वारदात को अंजाम दिया गया।
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पुलिस ने आरोपी के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 302 के तहत मामला दर्ज किया। इस मामले की सुनवाई के दौरान पंकज नगायच, लोक अभियोजक ने प्रभावी पैरवी की। न्यायालय ने आरोपी को दोषी मानते हुए उसे आजीवन कारावास और 5000 रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई।
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इस निर्णय के बाद, न्यायालय ने बताया कि इस तरह की घटनाएं समाज में भय और अशांति का माहौल पैदा करती हैं।और ऐसे मामलों में न्याय की सख्त व्यवस्था आवश्यक है। अपराध की गंभीरता को देखते हुए अदालत ने आरोपी को कठोर सजा देने का निर्णय लिया ताकि समाज में एक संदेश भेजा जा सके कि ऐसे जघन्य अपराधों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। इस निर्णय से पीड़ित परिवार को कुछ हद तक न्याय की प्राप्ति हुई है।और यह उम्मीद जताई जा रही है कि इससे भविष्य में इस तरह की घटनाओं को रोकने में मदद मिलेगी।