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Chhattisgarh: मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने बाबा गुरु घासीदास जी की जयंती पर प्रदेशवासियों को दी शुभकामनाएं
Thu, 18 Dec 2025 11:11 AM IST
अमन कोशले
अमर उजाला नेटवर्क, रायपुर
अमर उजाला नेटवर्क, रायपुर
Published by: अमन कोशले
Updated Thu, 18 Dec 2025 11:11 AM IST
सार
छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने महान समाज सुधारक, आध्यात्मिक चेतना के प्रतीक और सतनाम पंथ के संस्थापक बाबा गुरु घासीदास जी की 18 दिसंबर को जयंती के अवसर पर प्रदेशवासियों को बधाई एवं शुभकामनाएं दी।
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सीएम साय ने बाबा गुरु घासीदास जी की जयंती पर प्रदेशवासियों को दी शुभकामनाएं
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने महान समाज सुधारक, आध्यात्मिक चेतना के प्रतीक और सतनाम पंथ के संस्थापक बाबा गुरु घासीदास जी की 18 दिसंबर को जयंती के अवसर पर प्रदेशवासियों को बधाई एवं शुभकामनाएं दी। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ की पावन धरती पर जन्मे सतनाम पंथ के प्रवर्तक, महान समाज सुधारक श्रद्धेय बाबा गुरु घासीदास जी ने सत्य, अहिंसा और समानता का जो कालजयी संदेश दिया, वह आज भी समाज को दिशा और चेतना प्रदान कर रहा है।
उन्होंने आगे कहा कि 'मनखे-मनखे एक समान' और “सतनाम” का उनका अमर दर्शन मानवता, समरसता और न्याय के मूल्यों को सुदृढ़ करता है। बाबा गुरु घासीदास जी ने छत्तीसगढ़ में सामाजिक एवं आध्यात्मिक जागरण की मजबूत आधारशिला रखी। उनका जीवन-दर्शन और विचार आज भी उतने ही प्रासंगिक हैं और समस्त मानव जाति के लिए प्रेरणास्रोत बने हुए हैं।
उनकी द्वारा दी गई शिक्षा को आत्मसात करते हुए सतनामी समाज की आस्था, संस्कृति और सर्वांगीण विकास के लिए हम पूरी निष्ठा और प्रतिबद्धता के साथ निरंतर आगे बढ़ते रहेंगे। गुरु घासीदास जी की जयंती पर उनके चरणों में कोटिशः नमन।
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उन्होंने आगे कहा कि 'मनखे-मनखे एक समान' और “सतनाम” का उनका अमर दर्शन मानवता, समरसता और न्याय के मूल्यों को सुदृढ़ करता है। बाबा गुरु घासीदास जी ने छत्तीसगढ़ में सामाजिक एवं आध्यात्मिक जागरण की मजबूत आधारशिला रखी। उनका जीवन-दर्शन और विचार आज भी उतने ही प्रासंगिक हैं और समस्त मानव जाति के लिए प्रेरणास्रोत बने हुए हैं।
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उनकी द्वारा दी गई शिक्षा को आत्मसात करते हुए सतनामी समाज की आस्था, संस्कृति और सर्वांगीण विकास के लिए हम पूरी निष्ठा और प्रतिबद्धता के साथ निरंतर आगे बढ़ते रहेंगे। गुरु घासीदास जी की जयंती पर उनके चरणों में कोटिशः नमन।
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