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Chhattisgarh: नारायण चंदेल बने छत्तीसगढ़ में नेता प्रतिपक्ष, विधायक दल की बैठक में नाम पर लगी मुहर
Wed, 17 Aug 2022 05:47 PM IST
संजीव कुमार झा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रायपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रायपुर
Published by: संजीव कुमार झा
Updated Wed, 17 Aug 2022 05:47 PM IST
सार
छत्तीसगढ़ में नेता प्रतिपक्ष के लिए विधायक नारायण चंदेल के नाम पर भाजपा ने मुहर लगा दी है। उनके अलावा पूर्व सीएम रमन सिंह, शिवरतन शर्मा, पुन्नूलाल मोहिले, बृजमोहन अग्रवाल और अजय चंद्राकर का नाम भी इसके लिए चर्चा में था
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भाजपा
- फोटो : Social Media
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विस्तार
छत्तीसगढ़ भाजपा ने अपने नेता प्रतिपक्ष को बदल दिया है। भाजपा ने बुधवार को तीन बार के विधायक नारायण चंदेल को विधानसभा में धर्मलाल कौशिक की जगह विधायक दल का नया नेता नियुक्त किया है। भाजपा के वरिष्ठ नेताओं की बैठक के बाद ये फैसला लिया गया है।
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बैठक के बाद लिया गया फैसला
भाजपा के एक नेता ने कहा कि नारायण चंदेल को पार्टी विधायकों ने राज्य भाजपा कार्यालय कुशाभाऊ ठाकरे परिसर में हुई विधायक दल की बैठक के दौरान भाजपा विधायक दल का नेता नियुक्त किया। नारायण चंदेल जांजगीर-चांपा निर्वाचन क्षेत्र के विधायक हैं। उन्होंने कहा कि विधानसभा में अब कौशिक की जगह चंदेल विपक्ष के नेता होंगे। इस बैठक में भाजपा के प्रदेश प्रभारी डी पुरंदेश्वरी भी मौजूद थे।
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गौरतलब है कि अगले साल छत्तीसगढ़ में विधानसभा चुनाव होने हैं। इससे पहले भाजपा ने इस महीने अपने नेता प्रतिपक्ष और राज्य इकाई प्रमुख को बदल दिया है। पिछले हफ्ते, पार्टी ने प्रमुख आदिवासी नेता विष्णु देव साई की जगह ओबीसी नेता,सांसद अरुण साव को अपना राज्य प्रमुख नियुक्त किया था।
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कौन हैं नारायण चंदेल
नारायण चंदेल ने 1990 के दशक की शुरुआत में अपने राजनीतिक जीवन की शुरुआत की थी। वह पहली बार 1998 में अविभाजित मध्य प्रदेश विधानसभा में विधायक के रूप में चुने गए थे। 2008 से 2013 तक रमन सिंह सरकार के दूसरे कार्यकाल के दौरान उन्होंने 2010-11 में राज्य विधानसभा के उपाध्यक्ष के रूप में कार्य किया था।
ओबीसी समुदाय पर फोकस कर रही भाजपा
राजनीतिक विशेषज्ञों का कहना है कि ओबीसी नेता को राज्य इकाई के प्रमुख के रूप में चुनने और विपक्ष के नेता के पद पर ओबीसी चेहरे को लाने के पीछे भाजपा की मंशा साफ है कि वह उस समुदाय पर ध्यान केंद्रित कर रही है जो राज्य की आबादी का एक बड़ा हिस्सा है। गौरतलब है कि नारायण चंदेल और धर्मलाल कौशिक दोनों कुर्मी जाति से आते हैं। छत्तीसगढ़ में संख्यात्मक रूप से अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) समुदाय मजबूत स्थिति में हैं।