तोशाखाना विवाद: नेता और अधिकारी अब नहीं ले पाएंगे 300 डॉलर से अधिक के उपहार, शहबाज सरकार का बड़ा कदम
अदाणी समूह के मुखिया गौतम अदाणी के बेटे जीत अदाणी की सगाई हो गई हैं। जीत अदाणी ने 12 मार्च को एक हीरा कारोबारी की बेटी के साथ सगाई कर ली है।
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पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान की तोशाखाना मामले में कभी भी गिरफ्तारी हो सकती है। इस्लामाबाद पुलिस के कर्मी बड़ी तादात में उनके जमान पार्क स्थित आवास पर डेरा डाले हुए हैं। इस बीच, देश ने कुछ नए नियम पेश किए हैं, जिसके तहत प्रधानमंत्री, मंत्रियों और अधिकारियों को 300 डॉलर से अधिक कीमत का विदेशी सरकार का कोई भी उपहार अपने पास नहीं रखने से रोक दिया गया है।
यह मुद्दा तब सुर्खियों में आया, जब पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ पार्टी के प्रमुख इमरान खान ने सऊदी क्राउन प्रिंस द्वारा उन्हें दी गई एक कीमती घड़ी बेच दी और चुनाव आयोग (ईसीपी) से इसकी बिक्री का खुलासा नहीं किया, जिसके लिए उन्हें पिछले साल अयोग्य घोषित कर दिया गया था और उनके खिलाफ एक आपराधिक मामला शुरू किया गया था। अधिकारी इसी मामले में खान को गिरफ्तार करने के लिए लाहौर में हैं।
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कैबिनेट ने तोशाखाना (स्टेट डिपॉजिटरी) को लेकर तब एक नई नीति तैयार की, जब एक आधिकारिक दस्तावेज से पता चला कि 2002 और 2022 के बीच सैकड़ों महंगे उपहारों को लगातार शीर्ष राज्य पदाधिकारियों द्वारा केवल मामूली भुगतान करने के बाद अपने पास रखा जा रहा था। उन्हें उस नियम का लाभ मिल रहा था, जो किसी भी उपहार को उसकी कीमत का बीस फीसदी भुगतान करने के बाद अपने पास रखने की अनुमति देता है।
उपहारों की स्वीकृति और निपटान के लिए तोशाखाना प्रक्रिया, 2023 को 8 मार्च को मंजूरी दी गई, जिसमें कई दिशानिर्देशों शामिल हैं। इसमें यह भी है कि 300 अमरीकी डालर से अधिक मूल्य के सभी उपहारों को राज्य संपत्ति के रूप में तोशाखाना में जमा किया जाना चाहिए। नए नियम के मुताबिक, तीन सौ डॉलर तक की कीम के उपहारों को प्राप्तकार्ता द्वारा उसके बाजार मूल्य के अनुसार उचित भुगतान के बाद अपने पास रखने की अनुमति दी जाएगी।
नई नीति में कहा गया है कि सरकारी अधिकारियों को मिलने वाले सभी उपहारों की कीमत चाहे जो भी हो, उन्हें उपहार मिलने के 30 दिनों के भीतर या विदेश यात्रा के मामले में पाकिस्तान लौटने की तारीख से 30 दिनों के भीतर तोशखाना में 'रिपोर्ट' और 'जमा' किया जाना चाहिए, अन्यथा कार्रवाई की जाएगी। हालांकि, नई नीति में खराब होने वाली वस्तुओं के उपहारों के प्रति उदारता दिखाई गई है जिन्हें 'रिपोर्ट किए बिना या जमा किए बिना' अपने पास रखा जा सकता है।
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