{"_id":"61eb8992e911c701964d30d9","slug":"union-commerce-and-industry-minister-piyush-goyal-says-india-no-longer-signs-ftas-just-to-be-part-of-a-group","type":"story","status":"publish","title_hn":"FTA: उद्योग मंत्री पीयूष गोयल बोले- भारत महज एक समूह का हिस्सा बनने के लिए नहीं करता एफटीए पर हस्ताक्षर","category":{"title":"Business Diary","title_hn":"बिज़नेस डायरी","slug":"business-diary"}}
FTA: उद्योग मंत्री पीयूष गोयल बोले- भारत महज एक समूह का हिस्सा बनने के लिए नहीं करता एफटीए पर हस्ताक्षर
Sat, 22 Jan 2022 10:06 AM IST
दीपक चतुर्वेदी
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: दीपक चतुर्वेदी
Updated Sat, 22 Jan 2022 10:06 AM IST
सार
India No longer Signs FTAs Just To Be Part Of Group: केंद्रीय वाणिज्य और उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुक्त व्यापार समझौते पर भारत के बढ़ते कदमों की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि भारत अब ऐसा देश नहीं रहा, जो केवल एक समूह में शामिल होने के लिए मुक्त व्यापार समझौतों (एफटीए) पर हस्ताक्षर नहीं कर रहा है।
विज्ञापन
पीयूष गोयल
- फोटो : पीटीआई
विस्तार
केंद्रीय वाणिज्य और उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुक्त व्यापार समझौते पर भारत के बढ़ते कदमों की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि भारत अब ऐसा देश नहीं रहा, जो केवल एक समूह में शामिल होने के लिए मुक्त व्यापार समझौतों (एफटीए) पर हस्ताक्षर नहीं कर रहा है।
विज्ञापन
एफटीए एक दोतरफा यातायात
शुक्रवार को मर्चेंट्स चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री द्वारा आयोजित एक कार्यक्रम में बोलते हुए, पीयूष गोयल ने कहा कि समूह का हिस्सा बनने के बजाय अब भारत वस्तुओं और सेवाओं दोनों में पारस्परिक पहुंच, अच्छी बाजार स्थितियों और व्यापार में निष्पक्ष खेल पर नजर रखता है। हम लोकतंत्र, पारदर्शिता और आपसी विकास के मूल्यों के साथ समान विचारधारा वाले देशों के साथ मजबूत एफटीए देख रहे हैं। गोयल ने कहा कि एफटीए दोतरफा यातायात है और उद्योगों को जोखिम लेने की अधिक भूख पैदा करनी होगी, क्योंकि ये समझौते अकेले भारतीय वस्तुओं और सेवाओं के लिए एकतरफा पहुंच नहीं दे सकते हैं।
विज्ञापन
कई देशों के साथ बातचीत जारी
पीयूष गोयल, जो देश के कपड़ा मंत्री भी हैं, ने कहा कि हमारा पूरा ध्यान इस बात पर है कि जहां कहीं भी हमें तुलनात्मक या प्रतिस्पर्धात्मक लाभ मिले, वहां हमें बाजार पहुंच पर ध्यान देना चाहिए। इसके साथ ही हमें भारतीय उपभोक्ताओं को महंगा सामान खरीदने के लिए मजबूर करने की जरूरत नहीं है। गोयल ने कहा कि भारत टेक्सटाइल सेक्टर के लिए जीरो-ड्यूटी निर्यात को लेकर यूके और यूरोपीय संघ के साथ भी चर्चा कर रहा हैं। इसके अलावा, भारत ने संयुक्त अरब अमीरात (यूएई), ब्रिटेन, यूरोपीय संघ (ईयू), ऑस्ट्रेलिया, कनाडा, इजरायल और खाड़ी सहयोग परिषद (जीसीसी) में देशों के एक समूह के साथ इस तरह के समझौते के लिए बातचीत शुरू की है।
विज्ञापन