Dharavi Project: मंजूरी के छह महीने बाद धारावी पुनर्विकास को मिली रफ्तार, निर्माण कार्य में आई तेजी
धारावी पुनर्विकास परियोजना ने 2025 में अहम मोड़ लिया है। वर्षों से कागजों में अटकी योजना अब जमीन पर उतर चुकी है और 6.5 एकड़ रेलवे भूमि पर निर्माण शुरू हो गया है। यह परियोजना सार्वजनिक-निजी भागीदारी मॉडल पर आधारित है, जिसमें जमीन का स्वामित्व राज्य सरकार के पास रहेगा।
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अदाणी समूह की अगुवाई में चल रही धारावी पुनर्विकास परियोजना ने 2025 में निर्णायक मोड़ लिया। वर्षों से कागजों में सिमटी रही यह बहुप्रतीक्षित योजना अब वास्तविक निर्माण के चरण में पहुंच गई है। इस साल 6.5 एकड़ रेलवे भूमि पर निर्माण कार्य की शुरुआत हुई, जिसे बीते चार दशकों में पहली ठोस प्रगति माना जा रहा है।
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यह विकास महाराष्ट्र सरकार द्वारा मुंबई महानगर क्षेत्र में कई भूमि भूखंड आवंटित किए जाने के बाद संभव हुआ है। इन भूखंडों का उपयोग उन निवासियों के पुनर्वास के लिए किया जाएगा, जो धारावी में ऑन-साइट पुनर्विकास के पात्र नहीं हैं।
यह परियोजना सार्वजनिक-निजी भागीदारी मॉडल पर आधारित
परियोजना को एक विशेष प्रयोजन वाहन (एसपीवी) के जरिए लागू किया जा रहा है, जो राज्य सरकार और निजी भागीदार के बीच सार्वजनिक-निजी भागीदारी मॉडल पर आधारित है। इस ढांचे में भूमि का स्वामित्व राज्य सरकार के पास रहता है, जबकि एसपीवी विकास अधिकार प्रीमियम का भुगतान कर परियोजना को क्रियान्वित करता है। इसे एक ऐसे प्रोजेक्ट के लिए व्यावहारिक रास्ता बताया गया है, जिसे लंबे समय तक अत्यधिक जटिल माना जाता रहा।
तकनीकी मोर्चे पर भी 2025 में बड़ा पड़ाव पार हुआ। धारावी क्षेत्र का चार चरणों वाला वैज्ञानिक सर्वे लगभग पूरा कर लिया गया है। इसी डेटा के आधार पर धारावी का पहला डिजिटल ट्विन तैयार किया गया है, जो तेज विवाद निपटान, पारदर्शी निर्णय प्रक्रिया और भविष्य के अनुकूल प्रशासन में मदद करेगा।
राज्य सरकार को नया मास्टर प्लान सौंपा गया
इसके साथ ही 2025 में राज्य सरकार को एक नया मास्टर प्लान भी सौंपा गया है। इस योजना का उद्देश्य धारावी की मौजूदा लाइव-वर्क संस्कृति और औद्योगिक पहचान को आधुनिक शहरी ढांचे, बेहतर बुनियादी ढांचे और लॉजिस्टिक्स के साथ एकीकृत करना है।
निर्माण और योजना के अलावा, परियोजना के तहत 'धारावी सोशल मिशन' भी शुरू किया गया, जिसके जरिए करीब 7,000 लोगों तक त्वरित सहायता पहुंचाई गई। इसमें युवाओं के लिए कौशल प्रशिक्षण और रोजगार अवसर, नेत्र जांच शिविर, मोतियाबिंद सर्जरी जैसी स्वास्थ्य सेवाएं, व पेंशन और शिक्षा सहायता जैसी सरकारी योजनाओं तक पहुंच में मदद शामिल है।
मास्टर प्लान में टिकाऊ टाउनशिप के लिए जल और कचरा प्रबंधन, ऊर्जा उपयोग और परिवहन कॉरिडोर से जुड़े ढांचे भी प्रस्तावित हैं। परियोजना अभी शुरुआती चरण में है, लेकिन कंपनी का कहना है कि 2025 वह वर्ष रहा, जब धारावी पुनर्विकास योजना से अमल की दिशा में निर्णायक रूप से आगे बढ़ा।