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एसबीआई रिपोर्ट: पहली तिमाही में जीडीपी ग्रोथ 7% के करीब, आरबीआई की रिपोर्ट से अनुमान से तेजी से बढ़ी रफ्तार
Fri, 22 Aug 2025 07:19 AM IST
शुभम कुमार
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला
Published by: शुभम कुमार
Updated Fri, 22 Aug 2025 07:19 AM IST
सार
चालू वित्त वर्ष की पहली तिमाही में भारत की जीडीपी वृद्धि दर 6.8-7% रह सकती है। एसबीआई ने 6.9% का अनुमान जताया है, जो आरबीआई के 6.5% अनुमान से अधिक है। जीवीए दर 6.5% रहने की संभावना। आंकड़े 29 अगस्त को जारी होंगे।
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भारतीय रिजर्व बैंक
- फोटो : ANI
विस्तार
देश की अर्थव्यवस्था चालू वित्त वर्ष की पहली तिमाही (अप्रैल-जून) में 6.8 से 7 फीसदी की रफ्तार से बढ़ सकती है। यह आरबीआई के 6.5 फीसदी के अनुमान से ज्यादा है। पहली तिमाही के जीडीपी के आंकड़े 29 अगस्त को जारी होंगे। एसबीआई ने एक रिपोर्ट में कहा, पहली तिमाही में जीडीपी की वृद्धि दर 6.9 फीसदी के आसपास रह सकती है। सकल मूल्य वर्धन (जीवीए) 6.5 फीसदी अनुमानित है। यह पूर्वानुमान सांख्यिकीय रूप से पिछली तिमाहियों के आधार पर है।
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हालांकि, पूरे वित्त वर्ष के लिए जीडीपी की वृद्धि दर 6.3 फीसदी रहने का अनुमान है और यह आरबीआई के पूरे वित्त वर्ष के 6.5 फीसदी के लक्ष्य से कम है। रिपोर्ट में वास्तविक और नॉमिनल जीडीपी वृद्धि के बीच कम होते अंतर पर भी चर्चा की गई। 2022-23 की पहली तिमाही में यह अंतर 12 फीसदी अंक था, जो 2024-25 की चौथी तिमाही में 3.4 फीसदी अंक रह गया। परिणामस्वरूप पहली तिमाही में नॉमिनल जीडीपी 8 फीसदी तक गिर सकती है।
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हालांकि, पूरे वित्त वर्ष के लिए जीडीपी की वृद्धि दर 6.3 फीसदी रहने का अनुमान है और यह आरबीआई के पूरे वित्त वर्ष के 6.5 फीसदी के लक्ष्य से कम है। रिपोर्ट में वास्तविक और नॉमिनल जीडीपी वृद्धि के बीच कम होते अंतर पर भी चर्चा की गई। 2022-23 की पहली तिमाही में यह अंतर 12 फीसदी अंक था, जो 2024-25 की चौथी तिमाही में 3.4 फीसदी अंक रह गया। परिणामस्वरूप पहली तिमाही में नॉमिनल जीडीपी 8 फीसदी तक गिर सकती है।
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