राहत: मई में देश का औद्योगिक उत्पादन 29.3 फीसदी बढ़ा, जून में खुदरा मुद्रास्फीति दर में गिरावट
जून में खुदरा मुद्रास्फीति दर मई की तुलना में घटकर 6.26 फीसदी हो गई है। बता दें कि मई में यह 6.30 फीसदी रही थी।
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देश का औद्योगिक उत्पादन (आईआईपी) मई में सालाना आधार पर 29.3 फीसदी बढ़ा है। सोमवार को जारी आधिकारिक आंकड़ों में यह जानकारी दी गई। वहीं जून में खुदरा मुद्रास्फीति दर मई की तुलना में घटकर 6.26 फीसदी हो गई है। बता दें कि मई में यह 6.30 फीसदी रही थी।
राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय (एनएसओ) की ओर से जारी आंकड़ों के अनुसार मई महीने में विनिर्माण क्षेत्र के उत्पादन में 34.5 फीसदी की बढ़ोतरी हुई। इसी तरह खनन क्षेत्र का उत्पादन 23.3 फीसदी तथा बिजली का 7.5 फीसदी बढ़ा। मई, 2020 में औद्योगिक उत्पादन में 33.4 फीसदी की गिरावट आई थी।
कोरोना वायरस महामारी की वजह से पिछले साल मार्च से औद्योगिक उत्पादन प्रभावित रहा है। उस समय इसमें 18.7 फीसदी की गिरावट आई थी। अप्रैल, 2020 में औद्योगिक उत्पादन 57.3 फीसदी घटा था।
खुदरा मुद्रास्फीति जून में 6.26 प्रतिशत पर
खुदरा मुद्रास्फीति जून महीने में इससे पूर्व माह की तुलना में 6.26 प्रतिशत पर लगभग स्थिर रही। सोमवार को जारी आधिकारिक आंकड़े के अनुसार इससे पहले, मई महीने में महंगाई दर 6.3 प्रतिशत थी।
हालांकि उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (सीपीआई) आधारित मुद्रास्फीति लगातार दूसरे महीने भारतीय रिजर्व बैंक के संतोषजनक स्तर से ऊपर बनी हुई है।
सरकार ने भारतीय रिजर्व बैंक को 2 प्रतिशत घट-बढ़ के साथ खुदरा मुद्रास्फीति 4 प्रतिशत पर रखने की जिम्मेदारी दी हुई है। राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय (एनएसओ) के आंकड़े के अनुसार खाद्य वस्तुओं की मुद्रास्फीति जून में 5.15 प्रतिशत रही जो इससे पूर्व मई महीने में 5.01 प्रतिशत थी।