फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Business ›   Business Diary ›   Ram Mandir: With the consecration of Ram Lala, there will be a business of Rs 50 thousand crore in the country

Ram Mandir: राम लला की प्राण प्रतिष्ठा से देश में होगा 50 हजार करोड़ रुपये का कारोबार, इन वस्तुओं की भारी मांग

Jitendra Bhardwaj जितेंद्र भारद्वाज
Updated Fri, 05 Jan 2024 01:52 PM IST
विज्ञापन
सार
कैट के राष्ट्रीय अध्यक्ष बीसी भरतिया एवं राष्ट्रीय महामंत्री प्रवीण खंडेलवाल ने बताया, राम मंदिर लोगों की आस्था के साथ ही देश में एक बड़े व्यापार का भी केंद्र बन रहा है। खासतौर पर छोटे निर्माता और लघु व्यवसाय करने वाले लोगों के लिए व्यापार के अनेक अवसर सामने आ रहे हैं...
loader
Ram Mandir: With the consecration of Ram Lala, there will be a business of Rs 50 thousand crore in the country
Ram Mandir - फोटो : Amar Ujala/Rahul Bisht

विस्तार

अयोध्या के राम मंदिर में प्राण प्रतिष्ठा समारोह की तैयारियां जोरों पर हैं। देश विदेश से अनेक लोगों को इस समारोह में शामिल होने का निमंत्रण मिला है। कॉन्फेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स (कैट) की राष्ट्रीय कोर कमेटी की तीन जनवरी को नागपुर में हुई बैठक में यह पता चला है कि अयोध्या में राम लला के प्राण प्रतिष्ठा समारोह से देश में 50 हजार करोड़ रुपये का कारोबार होगा। अभी से ही मार्केट में राम मंदिर से जुड़ी विभिन्न वस्तुओं की भारी डिमांड हो गई है। मूर्तियों और पूजा सामग्री की डिमांड बढ़ रही है। कैट के पदाधिकारियों के अनुसार, राम मंदिर के उद्घाटन ने देश में पूजा पाठ से संबंधित एक बड़े व्यापार के अवसर पैदा किए हैं।

कैट के राष्ट्रीय अध्यक्ष बीसी भरतिया एवं राष्ट्रीय महामंत्री प्रवीण खंडेलवाल ने बताया, राम मंदिर लोगों की आस्था के साथ ही देश में एक बड़े व्यापार का भी केंद्र बन रहा है। खासतौर पर छोटे निर्माता और लघु व्यवसाय करने वाले लोगों के लिए व्यापार के अनेक अवसर सामने आ रहे हैं। देश के विभिन्न शहरों में विशेषकर, घरों से छोटा-मोटा काम करने वाली महिलाओं एवं वंचितों को भी इस आयोजन से बड़ी मात्रा में रोजगार मिल रहा है। राम मंदिर, देश में आर्थिक संपन्नता का एक बड़ा संदेश देगा। राम मंदिर से देश में 50 हजार करोड़ रुपये से अधिक के व्यापार के कैट के पूर्व आंकड़े से कहीं ज्यादा व्यापार होने जा रहा है। तीन जनवरी को नागपुर में हुई कैट की राष्ट्रीय कोर कमेटी की बैठक में देश के विभिन्न राज्यों से अनेक व्यापारी नेताओं ने भाग लिया था। अयोध्या के राम मंदिर के उद्घाटन ने देश के विभिन्न प्रदेशों में पूजा पाठ से संबंधित एक बड़े व्यापार के अवसर पैदा किए हैं।

बतौर खंडेलवाल, पूजा के लिए विभिन्न आवश्यक वस्तुओं की बड़ी मांग देखने को मिल रही है। जैसे-जैसे 22 जनवरी नजदीक आ रही है, वैसे ही राम एवं पूजा पाठ से जुड़ी वस्तुओं की मांग में भी तेजी आ रही है। इस मांग को देखते हुए बहुत से लोगों ने अपने पारंपरिक व्यवसाय के साथ ही ऐसी अनेक वस्तुओं का उत्पादन या व्यापार शुरू कर दिया है, जो राम मंदिर के महोत्सव से जुड़ी हैं। राम मंदिर के प्रतीक के रूप में मंदिर का मॉडल हर कोई अपने घर में रखना चाहता है। यह मॉडल बाजार में 4 इंच, 6 इंच, 8 इंच एवं 12 इंच में उपलब्ध हैं। इससे बड़े साइज के मॉडल भी बाजार में मिल रहे हैं। मुख्य रूप से यह मॉडल पाइनवुड, लकड़ी, हार्डबोर्ड आदि में बनाए जा रहे हैं। श्रीराम, राम मंदिर एवं राम दरबार के चित्र व अन्य देवी-देवताओं के चित्र एवं मूर्तियों की बड़ी मांग आ रही है। ये मूर्तियां, मिट्टी, पाइनवुड, लकड़ी, पीतल, तांबा एवं अन्य अनेक प्रकार के रॉ मैटेरियल से बनाई जा रही हैं। पूजा के लिए बड़ी मात्रा में मिट्टी, पीतल एवं अन्य धातुओं के एकल दीपक एवं एक ही दीपक में अनेक दीपक आरती के लिए, अगरबत्ती, धूपबत्ती स्टैंड सहित अन्य अनेक वस्तुएं भी बड़ी मात्रा में बाजार में हैं। ये ग्राहकों की बड़ी पसंद बनी हैं।

इसके अलावा अगरबत्ती, धूपबत्ती, गाय के गोबर के उपले, सुगंधित कप, लोबान, कपूर, कुमकुम, चंदन, रोली, अक्षता, रूई की बनी बत्ती, गंगा जल आदि की खूब बिक्री हो रही है। पूजा के लिए उपयोग में आने वाले आसन जो जूट, चटाई, दरी व कपड़े आदि से बने हैं, उनकी बाजार में बड़ी मांग है। भरतिया एवं खंडेलवाल ने बताया, लोगों की जबरदस्त पसंद के रूप में छोटे से लेकर बड़े राम झंडे, पटके, बंटिंग, श्रीराम बैज बाजार में खूब दिखाई दे रहे हैं। राम मंदिर की फोटो के छपे हुए कुर्ते अथवा हाथ की कड़ाईं के कुर्ते, टी शर्ट, कमीज, टोपियां, श्री राम दुपट्टे आदि भी हाथों हाथ बिक रहे हैं। अपने आराध्य देवता को प्रसाद के रूप में फल, मिठाई, और अन्य आहारिक आइटम्स की भी बड़ी मांग है। धार्मिक पुस्तकें, श्री हनुमान चालीसा, आरती संग्रह आदि भी खूब मांग में हैं। माला, लटकन, लाकेट, पेंडेंट, कड़े, चूड़ियां, तुलसी की माला, रुद्राक्ष, श्री राम खड़ाऊँ, ने भी अपने लिए बड़ा बाजार बना लिया है।

इसके साथ ही घर को सजाने के लिए, शुभ तोरण, द्वार पर लटकाने के लिए स्वागत लटकन, कृत्रिम फूल की मालाएं आदि भी बड़ी संख्या में बिक रही हैं। इसी प्रकार से हवन सामग्री की बड़ी मांग देखने को मिल रही है। इसमें रोजाना ही वृद्धि होती जा रही है। 22 जनवरी को बड़े उत्सव के दिन के रूप में मनाने के लिए बहुत बड़ी मात्रा में मिठाई, फल एवं ड्राई फ्रूट की मांग को पूरा करने के लिए बड़े पैमाने पर तैयारियां बहुत ज़ोरों पर हैं। वहीं घरों एवं दुकानों की सजावट के लिए भी अनेक प्रकार के आइटम्स बाज़ार में उपलब्ध हैं। श्री राम मंदिर के कारण देश भर में संगीत व्यवसाय से जुड़े लोग भी इस अभियान में व्यापार से अछूते नहीं है। बड़ी मात्रा में देश भर में श्री राम मंदिर को लेकर गीत बन रहे हैं। विशेष बात यह है कि छोटे और अनजाने गीतकार, संगीतकार एवं गायकों को काम मिल रहा है। सभी शहरों में काम कर रही ऑर्केस्ट्रा पार्टी भी श्री राम मंदिर से जुड़े कार्यक्रमों को करने के लिए पूरी तैयारियों में जुटी हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें कारोबार समाचार और Union Budget से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। कारोबार जगत की अन्य खबरें जैसे पर्सनल फाइनेंस, लाइव प्रॉपर्टी न्यूज़, लेटेस्ट बैंकिंग बीमा इन हिंदी, ऑनलाइन मार्केट न्यूज़, लेटेस्ट कॉरपोरेट समाचार और बाज़ार आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

Next Article

Followed