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EPFO: ईपीएफओ धारकों की पेंशन बढ़ाने के प्रस्ताव को मंत्रालय ने किया खारिज, संसदीय समिति ने मांगा स्पष्टीकरण
Thu, 03 Nov 2022 05:46 PM IST
Jeet Kumar
पीटीआई, नई दिल्ली
पीटीआई, नई दिल्ली
Published by: Jeet Kumar
Updated Thu, 03 Nov 2022 05:46 PM IST
सार
अधिकारियों ने पैनल को सूचित किया कि वित्त मंत्रालय मासिक पेंशन में किसी भी वृद्धि के श्रम मंत्रालय के प्रस्ताव पर सहमत नहीं था।
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सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : iStock
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विस्तार
ईपीएफओ अंशधारकों की पेंशन बढ़ाने के प्रस्ताव को वित्त मंत्रालय ने खारिज कर दिया। इसको लेकर एक संसदीय समिति ईपीएफओ अंशधारकों की पेंशन मौजूदा 1,000 रुपये प्रतिमाह से बढ़ाने के श्रम मंत्रालय के प्रस्ताव को ठुकराने के लिए वित्त मंत्रालय से स्पष्टीकरण मांगेगी।
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श्रम मंत्रालय द्वारा प्रस्तावित वृद्धि की मात्रा का पता नहीं चल सका है। अधिकारियों ने पैनल को सूचित किया कि वित्त मंत्रालय मासिक पेंशन में किसी भी वृद्धि के श्रम मंत्रालय के प्रस्ताव पर सहमत नहीं था। वहीं अब पैनल ने अब इस कदम के पीछे स्पष्टीकरण मांगने के लिए वित्त मंत्रालय के शीर्ष अधिकारियों को बुलाने का फैसला किया है।
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श्रम मंत्रालय और कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (ईपीएफओ) के शीर्ष अधिकारियों ने गुरुवार को बीजद सांसद भर्तृहरि महताब की अध्यक्षता में श्रम संबंधी संसदीय स्थायी समिति को ईपीएफ पेंशन योजना के संचालन और इसके कोष के प्रबंधन के बारे में जानकारी दी।
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श्रम मंत्रालय ने कर्मचारी पेंशन योजना (ईपीएस), 1995 के पूर्ण मूल्यांकन और समीक्षा के लिए एक उच्च अधिकार प्राप्त निगरानी समिति का गठन किया है। समिति ने अपनी रिपोर्ट में सिफारिश की थी कि सदस्य/विधवा/विधुर पेंशनभोगी को देय न्यूनतम मासिक पेंशन को कम से कम 2,000 रुपये तक बढ़ाया जा सकता है, बशर्ते इसके लिए वार्षिक बजटीय प्रावधान किया जाना चाहिए।