{"_id":"5f3b6ac88ebc3e3cc41bb39f","slug":"nirmala-sitharaman-urges-uae-for-investment-of-111-lakh-crore-rupees-in-national-infrastructure-pipeline","type":"story","status":"publish","title_hn":"वित्त मंत्री ने UAE से किया 111 लाख करोड़ की राष्ट्रीय अवसंरचना पाइपलाइन में निवेश का आग्रह","category":{"title":"Business Diary","title_hn":"बिज़नेस डायरी","slug":"business-diary"}}
वित्त मंत्री ने UAE से किया 111 लाख करोड़ की राष्ट्रीय अवसंरचना पाइपलाइन में निवेश का आग्रह
Tue, 18 Aug 2020 11:14 AM IST
डिंपल अलवधी
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: डिंपल अलवधी
Updated Tue, 18 Aug 2020 11:14 AM IST
विज्ञापन
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण
- फोटो : twitter
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) से भारत की महत्वकांक्षी 111 लाख करोड़ रुपये की राष्ट्रीय अवसंरचना पाइपलाइन परियोजनाओं में निवेश का आग्रह किया। सीतारमण ने यूएई के वित्तीय मामलों के राज्य मंत्री ओबेद अल तायेर के साथ ऑनलाइन हुई द्वीपक्षीय बैठक में यह आग्रह किया।
विज्ञापन
देश में राष्ट्रीय अवसंरचना पाइपलाइन (एनआईपी) के तहत विभिन्न क्षेत्रों की 7,000 परियोजनाओं की पहचान की गई है जिनमें 2020 से 2025 के दौरान 111 लाख करोड़ रुपये का निवेश होने का अनुमान है। वित्त मंत्रालय ने ट्वीट कर इस बैठक के बारे में जानकारी दी।
विज्ञापन
मंत्रालय ने कहा, 'वित्त मंत्री श्रीमती निर्मला सीतारमण ने वीडियो कॉन्फ्रेंस के जरिए यूएई के वित्त राज्य मंत्री ओबेद अल तायेर के साथ द्विपक्षीय बैठक की। इस दौरान दोनों नेताओं ने भारत और यूएई के बीच लंबे समय से चले आ रहे रिश्तों को लेकर सम्मान व्यक्त किया। दोनों ने इस संबंध को द्विपक्षीय फायदे के साथ और आगे ले जाने की आवश्यकता पर जोर दिया।' एक अन्य ट्वीट में कहा गया कि बैठक के दौरान दोनों नेताओं ने वित्तीय प्रौद्योगिकी (फिनटेक) जैसे क्षेत्रों में सहयोग पर सहमति जताई।
विज्ञापन
इस दौरान वित्त मंत्री ने कहा कि एनआईपी के साथ भारत और यूएई के लिये अवसंरचना क्षेत्र में निवेश के बेहतर अवसर उपलब्ध हैं। दोनों नेताओं ने विशेषतौर से यूपीआई और रुपे कार्ड जैसे फिनटेक के क्षेत्र में सहयोग पर सहमति जताई। ट्वीट में कहा गया है कि दोनों नेताओं ने जी20 और अंतरराष्ट्रीय दूरसंचार संघ (आईटीयू) जैसे विभिन्न अंतरराष्ट्रीय मंचों पर भारत और यूएई के हितों को साथ लेकर मिलकर काम करने पर भी सहमति जताई।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 74वें स्वतंत्रता दिवस के मौके पर लालकिले से राष्ट्र को संबोधित करते हुए कहा था कि अर्थव्यवस्था का मुख्य जोर 110 लाख करोड़ रुपये से अधिक की राष्ट्रीय अवसंरचना पाइपलाइन परियोजनाओं के अमल पर होगा। उन्होंने कहा था कि, 'विभिन्न क्षेत्रों में करीब 7,000 परियोजनाओं की पहचान कर ली गई है। यह बुनियादी ढांचागत क्षेत्र में एक तरह की क्रांति होगी।'
उन्होंने कहा कि बुनियादी सुविधाओं के क्षेत्र में अपने अपने दायरे में रहकर काम करने का समय अब समाप्त हो गया। उन्होंने कहा कि एक बहुआयामी ढांचागत संपर्क व्यवस्था से देश को जोड़ने की बड़ी योजना तैयार है। मोदी ने यह भी कहा कि राष्ट्रीय अवसंरचना परियोजना पाइपलाइन देश को कोविड- 19 के प्रभाव से बाहर निकालने में अहम भूमिका निभाएगी।