राहत पैकेज की दूसरी किस्त आज, थोड़ी देर बाद वित्त मंत्री सीतारमण करेंगी प्रेस कॉन्फ्रेंस
- आज दूसरी प्रेस कॉन्फ्रेंस करेंगी वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण
- कृषि क्षेत्र और उससे जुड़ी गतिविधियों को लेकर बड़ा एलान संभव
- सप्लाई चेन को दुरुस्त करने के लिए दी जा सकती है राहत
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विस्तार
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण आज शाम चार बजे प्रेस कॉन्फ्रेंस करेंगी। यह कॉन्फ्रेंस प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा घोषित राहत पैकेज के संबंध में है। वे 20 लाख करोड़ के आर्थिक पैकेज से जुड़े विवरण बताएंगी। माना जा रहा है कि मंत्री कृषि क्षेत्र और उससे जुड़ी गतिविधियों को लेकर बड़ा एलान कर सकती हैं। इसके अलावा सप्लाई चेन को दुरुस्त करने के लिए मोदी सरकार की तरफ से बड़ी राहत दिए जाने की उम्मीद है।
Finance Minister Smt. @nsitharaman will address a Press Conference today, 14th May 2020, at 4 PM in New Delhi.#EconomicPackage#AatmanirbharBharat #AatmaNirbharBharatAbhiyan #IndiaFightsCorona pic.twitter.com/mTEISUNFGQ
— Ministry of Finance 🇮🇳 #StayHome #StaySafe (@FinMinIndia) May 14, 2020विज्ञापन
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को भारत को आत्मनिर्भर बनाने के लिए 20 लाख करोड़ रुपये के पैकेज का एलान किया था। इसकी पहली किस्त का ब्योरा वित्त मंत्री ने बुधवार को दिया था। इसमें छोटे उद्योगों में काम करने वालों को काफी राहत दी गई है। आज सीतारमण इसकी दूसरी किस्त की जानकारी देंगी।
एमएसएमई सेक्टर को मिली थी राहत
वित्त मंत्री ने बुधवार को राहत पैकेज की पहली किस्त का देशवासियों को ब्योरा दिया। उन्होंने कहा कि एमएसएमई को तीन लाख करोड़ रुपये का लोन दिया जाएगा। एमएसएमई के लिए सरकार छह कदम उठाएगी। वित्त मंत्री ने कहा कि 31 अक्तूबर 2020 से एमएसएमई को लोन की सुविधा मिलेगी। बिना गारंटी के 3 लाख करोड़ तक का लोन दिया जाएगा और 45 लाख एमएसएमई को इसके तहत फायदा होगा। इन्हें एक साल तक मूल धन नहीं चुकाना होगा। तनाव वाली एमएसएमई को 20,000 करोड़ का कर्ज दिया जाएगा।
एमएसएमई की परिभाषा बदली
सरकार ने एमएसएमई की परिभाषा बदल दी है ताकि ज्यादा से ज्यादा उद्योगों और उनमें काम करने वाले लोगों को इसका फायदा मिल सके। अब एक करोड़ रुपये तक निवेश करके पांच करोड़ रुपये तक कारोबार करने वाले उद्योग सूक्ष्म में आएंगे। वहीं 10 करोड़ तक का निवेश करके 50 करोड़ रुपये तक कमाने वाली कंपनियां लघु उद्योग में आएंगी।
15 हजार से कम सैलरी वालों को मिलेगी सरकारी राहत
15 हजार रुपये से कम सैलरी वालों को सरकारी सहायता मिलेगी। सैलरी का 24 फीसदी सरकार पीएफ में जमा करेगी। इसके लिए सरकार की ओर से 2,500 करोड़ की मदद दी जा रही है। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा पीएफ कॉन्ट्रीब्यूशन अगले तीन महीनों के लिए घटाया जा रहा है। यह कदम नियोक्ताओं के लिए उठाया गया है। पीएसयू को 12 फीसदी ही देना होगा। पीएसयू पीएफ का 12 फीसदी ही देंगे लेकिन कर्मचारियों को 10 फीसदी पीएफ देना होगा।