{"_id":"64589449f11c5ba0c002d169","slug":"imf-raises-concerns-over-bangladesh-economy-despite-it-posting-growth-in-gdp-and-per-capita-income-news-in-hin-2023-05-08","type":"story","status":"publish","title_hn":"IMF: आर्थिक विकास दर में भारत के बराबर, फिर क्यों आईएमएफ ने जताई बांग्लादेश की अर्थव्यवस्था पर चिंता, जानें","category":{"title":"Business Diary","title_hn":"बिज़नेस डायरी","slug":"business-diary"}}
IMF: आर्थिक विकास दर में भारत के बराबर, फिर क्यों आईएमएफ ने जताई बांग्लादेश की अर्थव्यवस्था पर चिंता, जानें
Mon, 08 May 2023 11:48 AM IST
कीर्तिवर्धन मिश्र
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, ढाका
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, ढाका
Published by: कीर्तिवर्धन मिश्र
Updated Mon, 08 May 2023 11:48 AM IST
सार
आईएमएफ ने बांग्लादेश की अर्थव्यवस्था को लेकर कुछ सकारात्मक पक्ष भी रखे हैं। एजेंसी ने कहा है कि इन चुनौतियों के बावजूद बांग्लादेश इस वक्त एशिया-प्रशांत क्षेत्र की सबसे तेजी से बढ़ने वाली अर्थव्यवस्थाओं में से एक है।
विज्ञापन
आईएमएफ ने बांग्लादेश को लेकर जारी की रिपोर्ट।
- फोटो : Social Media
विस्तार
अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (आईएमएफ) ने बांग्लादेश की अर्थव्यवस्था के हालात पर चिंता जाहिर की है। हाल ही में आईएमएफ की एक टीम ने 25 अप्रैल से सात मई तक बांग्लादेश की राजधानी ढाका का दौरा किया था। यहां दोनों पक्षों के बीच बांग्लादेश के आर्थिक कार्यक्रमों को लेकर चर्चा हुई। हालांकि, दौरे के आखिर में आईएमएफ की ओर से जो बयान जारी हुआ, उसने बांग्लादेश की चिंता बढ़ा दी है। एजेंसी ने देश के कुछ व्यापक आर्थिक सूचकांकों को लेकर आगाह किया।
बांग्लादेश की आर्थिक स्थिति पर क्या बोला आईएमएफ?
आईएमएफ ने कहा कि लगातार जारी महंगाई के दबाव, वैश्विक आर्थिक स्थिति में आ रहे बदलाव और बांग्लादेश के अधिकतर व्यापारिक साझेदारों की अर्थव्यवस्था में आ रहा धीमापन उसके विकास पर भी असर डाल रहा है। साथ ही इसका बांग्लादेश के विदेशी मुद्रा भंडार और उसकी मुद्रा टका पर भी नकारात्मक असर पड़ रहा है।
हालांकि, आईएमएफ ने बांग्लादेश की अर्थव्यवस्था को लेकर कुछ सकारात्मक पक्ष भी रखे हैं। एजेंसी ने कहा है कि इन चुनौतियों के बावजूद बांग्लादेश इस वक्त एशिया-प्रशांत क्षेत्र की सबसे तेजी से बढ़ने वाली अर्थव्यवस्थाओं में से एक है। रिपोर्ट के मुताबिक, बांग्लादेश का विदेश मुद्रा भंडार इस वक्त छह साल के निचले स्तर पर है।
विज्ञापन
गौरतलब है कि आईएमएफ की टीम ने बांग्लादेश में उसके गवर्नर अब्दुर राउत तालुकदार, वित्त सचिव फातिमा यास्मीन और बांग्लादेश बैंक के बड़े अधिकारियों और सरकारी अफसरों से मुलाकात की थी।
7.10 फीसदी रही बांग्लादेश की विकास दर
गौरतलब है कि वित्त वर्ष 2022 में बांग्लादेश की जीडीपी में 7.10 फीसदी की वृद्धि देखी गई, जो कि वित्त वर्ष 2021 के 6.94 फीसदी से ज्यादा रही। दूसरी तरफ बांग्लादेश की प्रति व्यक्ति आय (जीडीपी के आधार पर) में भी बढ़ोतरी दर्ज की गई और यह 2021 के 2591 डॉलर के मुकाबले 2022 में 2793 डॉलर पर पहुंच गई। यह भारत की प्रति व्यक्ति आय 2200-2300 डॉलर से भी ज्यादा है।
विज्ञापन
बांग्लादेश की आर्थिक स्थिति पर क्या बोला आईएमएफ?
आईएमएफ ने कहा कि लगातार जारी महंगाई के दबाव, वैश्विक आर्थिक स्थिति में आ रहे बदलाव और बांग्लादेश के अधिकतर व्यापारिक साझेदारों की अर्थव्यवस्था में आ रहा धीमापन उसके विकास पर भी असर डाल रहा है। साथ ही इसका बांग्लादेश के विदेशी मुद्रा भंडार और उसकी मुद्रा टका पर भी नकारात्मक असर पड़ रहा है।
विज्ञापन
हालांकि, आईएमएफ ने बांग्लादेश की अर्थव्यवस्था को लेकर कुछ सकारात्मक पक्ष भी रखे हैं। एजेंसी ने कहा है कि इन चुनौतियों के बावजूद बांग्लादेश इस वक्त एशिया-प्रशांत क्षेत्र की सबसे तेजी से बढ़ने वाली अर्थव्यवस्थाओं में से एक है। रिपोर्ट के मुताबिक, बांग्लादेश का विदेश मुद्रा भंडार इस वक्त छह साल के निचले स्तर पर है।
विज्ञापन
गौरतलब है कि आईएमएफ की टीम ने बांग्लादेश में उसके गवर्नर अब्दुर राउत तालुकदार, वित्त सचिव फातिमा यास्मीन और बांग्लादेश बैंक के बड़े अधिकारियों और सरकारी अफसरों से मुलाकात की थी।
7.10 फीसदी रही बांग्लादेश की विकास दर
गौरतलब है कि वित्त वर्ष 2022 में बांग्लादेश की जीडीपी में 7.10 फीसदी की वृद्धि देखी गई, जो कि वित्त वर्ष 2021 के 6.94 फीसदी से ज्यादा रही। दूसरी तरफ बांग्लादेश की प्रति व्यक्ति आय (जीडीपी के आधार पर) में भी बढ़ोतरी दर्ज की गई और यह 2021 के 2591 डॉलर के मुकाबले 2022 में 2793 डॉलर पर पहुंच गई। यह भारत की प्रति व्यक्ति आय 2200-2300 डॉलर से भी ज्यादा है।