फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Business ›   Business Diary ›   gst return filing and e-way bill generation becomes easy as these companies launches software

जीएसटी, ई-वे बिल को जारी करने में मिलेगी राहत, इन कंपनियों ने लॉन्च किया है सॉफ्टवेयर

Thu, 24 May 2018 12:13 PM IST
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Updated Thu, 24 May 2018 12:13 PM IST
विज्ञापन
gst return filing and e-way bill generation becomes easy as these companies launches software
GST

वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) प्रणाली अमल में आने के बाद तकनीक की अच्छी जानकारी नहीं रखने वाले लघु उद्यमी भी अब आसानी से कारोबार कर सकेंगे। कारोबारी सॉफ्टवेयर बनाने वाली कंपनी जोहो ने एक फाइनेंशियल पैकेज पेश किया है, जो उद्यमी को जीएसटी का हिसाब-किताब रखने से लेकर जीएसटी रिटर्न दायर करने, ई-वे बिल जारी करने और इनवॉयस मैनेजमेंट सब में सक्षम है। 

विज्ञापन


जोहो के प्रोडक्ट मैनेजमेंट डायरेक्टर शिवारामाकृष्णन ईश्वरन का कहना है कि लघु उद्यमियों के पास इतनी क्षमता नहीं होती है कि हर कार्य के लिए अलग-अलग कर्मचारी रख सकें। उनकी इसी आवश्यकता को ध्यान में रखते हुए जोहो फाइनेंस प्लस पैकेज पेश किया गया है, जिसमें कारोबार चलाने के लिए आदि से अंत तक सभी सुविधाएं उपलब्ध हैं।
विज्ञापन


उनके मुताबिक, इसकी सहायता से लघु उद्यमियों को अलग-अलग टैक्स भरने और फाइल करने के लिए कर्मचारी या ढेर सारे एप्लिकेशन की जरूरत नहीं पड़ेगी। इसकी सहायता से जीएसटी इनवॉयस जारी हो सकेगा, हर लेन-देन पर टैक्स का हिसाब लगाया जा सकेगा, अपने आप मंथली रिटर्न तैयार होगा, रिटर्न देखने के बाद एक बटन दबाने से ही उसे दायर किया जा सकेगा। यही नहीं, इसकी सहायता से ई-वे बिल भी आसानी से जनरेट हो सकेगा। 

विज्ञापन
विज्ञापन

रिटर्न फाइल करना कठिन

gst return filing and e-way bill generation becomes easy as these companies launches software
GST

वहीं बिजी सॉफ्टवेयर को लॉन्च करने वाले बिजी इन्फोटेक के चीफ टेक्निकल ऑफिसर राजेश गुप्ता ने कहा कि जीएसटी के नियम और रिटर्न फाइल की प्रक्रिया दोनों ही थोड़ी कठिन है। जीएसटी के नियम समझने के लिए आपको अकाउंटिंग की अच्छी समझ होनी चाहिए और रिटर्न फाइल करने के लिए आपके आप कंप्यूटर का ज्ञान होना चाहिए। जो कि छोटे कारोबारियों में कम है। छोटे कारोबारियों को सारा काम खुद ही करना होता है। ऐसे में सॉफ्टवेयर उनकी मदद करता है। 

सॉफ्टवेयर को कोई भी कारोबारी बिना अकाउंटिंग की जानकारी के भी इस्तेमाल कर सकता है। इसमें कोई भी कारोबारी आसानी से जीएसटी इनवॉयस बना सकता है और रिटर्न फाइल कर सकता है। अगर कोई डाटा कि एंट्री गलत हो जाए तो यह सॉफ्टवेयर उसे तुरंत पकड़ लेता है और उसे ठीक करने को बोलता है। बिजी सॉफ्टवेयर के साथ मदद के लिए कई डॉक्यूमेंट्स और वीडियो हिंदी में मौजूद है, जिससे जीएसटी रिटर्न भरने और ई-वे बिल बनाने की पूरी प्रक्रिया को आसानी से समझा जा सकता है। 

देश के लिए है रिफॉर्म
गुप्ता ने कहा कि जीएसटी देश के लिए एक रिफॉर्म है। ये एक ऐसा टैक्स सिस्टम है जिससे काफी सारी चीजें आसान हो सकती है। बशर्तें इसके कानून थोडें और आसान हो जाएं। साथ ही एक अच्छी हेल्पलाइन नंबर की दरकार है जहां आपको हर तरह की मदद बिना किसी परेशानी मिल सकें। 

इस तरह से कर सकते हैं सरल
गुप्ता ने कहा कि नियम अगर आसान हो तो कोई भी कारोबारी बिना किसी अकाउंटिंग की जानकारी के भी जीएसटी को समझ सकें। मेरे हिसाब से इसकी रिटर्न फाइलिंग भी आसान हो सकती है। जैसे कि इनवॉयस लेबल डिटेल की जगह पार्टी वाइज समरी सर्वर पर अपलोड की जा सके। साथ ही एचएसएन कोड पर बहुत ज्यादा जोर नही होना चाहिए। वहीं रिपोर्टिंग एचएसएन न होकर टैक्स रेट में होना चाहिए। इसके अलावा आरसीएम को और आसान बनाया जा सकता है कि जैसा कि यूएई समेत कुछ देशों में हैं। अगर इस तरह के बदलाव हो सके तो निश्चित तौर पर जीएसटी देश के लिए वरदान साबित हो सकता है। 

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें कारोबार समाचार और Union Budget से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। कारोबार जगत की अन्य खबरें जैसे पर्सनल फाइनेंस, लाइव प्रॉपर्टी न्यूज़, लेटेस्ट बैंकिंग बीमा इन हिंदी, ऑनलाइन मार्केट न्यूज़, लेटेस्ट कॉरपोरेट समाचार और बाज़ार आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed