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Biz Updates: सरकार ने कच्चे तेल पर लगने वाले विंडफॉल टैक्स में किया इजाफा, नई दरें आज से लागू
Sat, 03 Feb 2024 05:25 PM IST
कुमार विवेक
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: कुमार विवेक
Updated Sat, 03 Feb 2024 05:25 PM IST
सार
Biz Updates: भारत पहली बार 1 जुलाई, 2022 को अप्रत्याशित लाभ या विंडफॉल टैक्स लगाकर उन देशों में शामिल हो गया था जो ऊर्जा कंपनियों के असाधारण मुनाफे पर कर लगाते हैं।
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- फोटो : amarujala.com
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विस्तार
सरकार ने शनिवार से घरेलू स्तर पर उत्पादित कच्चे तेल पर विंडफॉल टैक्स 1,700 रुपये प्रति टन से बढ़ाकर 3,200 रुपये प्रति टन कर दिया है। यह कर विशेष अतिरिक्त उत्पाद शुल्क (एसएईडी) के रूप में लगाया जाता है।
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एक आधिकारिक अधिसूचना के अनुसार डीजल, पेट्रोल और विमान ईंधन या एटीएफ के निर्यात पर एसएईडी को शून्य पर बरकरार रखा गया है। नई दरें 3 फरवरी से प्रभावी हो गई हैं। भारत पहली बार 1 जुलाई, 2022 को अप्रत्याशित लाभ या विंडफॉल टैक्स लगाकर उन देशों में शामिल हो गया था जो ऊर्जा कंपनियों के असाधारण मुनाफे पर कर लगाते हैं। पिछले दो हफ्तों में तेल की औसत कीमतों के आधार पर हर पखवाड़े कर दरों की समीक्षा की जाती है।
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जीएसटी चोरी के मामले में 18,000 करोड़ के 1,700 फर्जी मामलों का खुलासा
जीएसटी इंटेलिजेंस महानिदेशालय (डीजीजीआई) ने चालू वित्त वर्ष में दिसंबर 2023 तक 18,000 करोड़ रुपये के 1,700 फर्जी इनपुट टैक्स क्रेडिट (आईटीसी) मामलों का खुलासा किया है। इसके अलावा एजेंसी ने देश भर में इन धोखाधड़ी गतिविधियों के सिलसिले में 98 गिरफ्तारियां की हैं। एजेंसी की ओर से जारी एक बयान में कहा गया कि डीजीजीआई ने उन्नत तकनीकी उपकरणों की सहायता से डेटा विश्लेषण का उपयोग करके मामलों को सुलझाया है जिससे कर चोरों की गिरफ्तारी हुई है। यह सिंडिकेट भोले-भाले लोगों को प्रलोभन देकर उनके केवाईसी दस्तावेज ले लेते थे और बाद में इसका नकली/शेल फर्म/कंपनियों के निर्माण के लिए करते थे। कुछ मामलों में केवाईसी पद्धति का उपयोग संबंधित व्यक्ति की जानकारी में उन्हें छोटे आर्थिक लाभ देकर किया जाता था। डीजीजीआई को पता चला कि फर्जी/फर्जी फर्मों का एक सुव्यवस्थित रैकेट हरियाणा के सिरसा से संचालित होता है।
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