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ED Raids: झारखंड 'सीएम के करीबी' पर ईडी का शिकंजा, जब्त किए इतने करोड़ रुपये
Fri, 15 Jul 2022 06:35 PM IST
विवेक दास
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: विवेक दास
Updated Fri, 15 Jul 2022 06:35 PM IST
सार
ईडी ने बताया है कि बीते आठ जुलाई को झारखंड के साहिबगंज, बरहेत, राजमहल, मिर्जा चौकी और बड़हरवा समेत 19 ठिकानों पर छापेमारी की गई थी। इस दौरान, बिना हिसाब-किताब के रखे गए 5.34 करोड़ रुपये भी बरामद किए हैं।
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प्रवर्तन निदेशालय
- फोटो : social media
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विस्तार
प्रवर्तन निदेशालय ने शुक्रवार को खुलासा किया है कि जांच एजेंसी ने झारखंड में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के राजनीतिक प्रतिनिधि पंकज मिश्रा के खातों में पड़े 11.88 करोड़ रुपये को सीज कर लिया है। ईडी की ओर से यह कार्रवाई मनी लाउंड्रिंग के एक मामले में जांच के दौरान की गई है। यह मामला राज्य में अवैध खनन से जुड़ा हुआ है।
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ईडी ने बताया है कि यह कार्रवाई बीते आठ जुलाई को झारखंड के साहिबगंज, बरहेत, राजमहल, मिर्जा चौकी और बड़हरवा समेत 19 ठिकानों की गई छापेमारी के बाद की गई है। जांच एजेंसी ने बताया है कि इस छापेमारी के दौरान कई आपत्तिजनक दस्तावेज और बिना हिसाब-किताब के रखे गए 5.34 करोड़ रुपये भी बरामद किए हैं।
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जांच एजेंसी ने बताया है कि 11.88 करोड़ रुपये की राशि 37 बैंक खातों में पंकज मिश्रा, दाहू यादव और उनके सहयोगियों के नाम पर जमा थे, जिन्हें अवैध खनन मामले में मनी लाउंड्रिंग एक्ट के तहत सीज किया गया है। छापेमारी के दौरान पांच स्टोन क्रशर्स जिनका अवैध खनन में इस्तेमाल किया जाता था और इतनी ही मात्रा में अवैध बंदूकों के कारतूस भी जब्त किए गए हैं।
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ईडी ने कहा है कि इन छापों के दौरान अवैध खनन से लगभग 100 करोड़ रुपये की गड़बड़ी करने का भी खुलासा हुआ है।
आपको बता दें कि बीते मई महीने में ईडी ने झारखंड की आईएएस अधिकारी पूजा सिंघल, उनके बिजनेसमैन पति और उनके सहयोगियों के ठिकानों पर मनी लाउंड्रिंग मामले में जांच करते हुए छापेमारी की थी। उस दौरान जांच एजेंसी ने भारी मात्रा में नकद रुपये जब्त किए थे।
साल 2000 बैच की आईएएस अफसर पूजा सिंघल उस समय झारखंड में माइनिंग सचिव के रूप तैनात थीं। ईडी ने जब उन्हें मनी लाउंड्रिंग के मामले में गिरफ्तार कि तो राज्य सरकार ने उन्हें निलंबित कर दिया था।
उस दौरान पूजा सिंघल और उनके पति से जुड़े एक चार्टर्ड अकाउंटेंट सुमन कुमार को भी जांच एजेंसी ने गिरफ्तार किया था। उस समय भी छापेमारी के दौरान ईडी ने 19.76 करोड़ रुपये नकद जब्त किए थे। इस मामले में पूजा सिंघल और उनके सहयोगियों के खिलाफ रांची के पीएमएलए कोर्ट में जांच एजेंसी ने इसी महीने चार्जशीट दाखिल किया है।
ईडी ने कहा है कि इस पूरे प्रकरण की जांच के दौरान यह बात सामने आई है कि जब्त की गई राशि का एक बड़ा हिस्सा अवैध खनने से अर्जित किया गया था और इसमें कुछ वरीय नौकरशाहों और राजनेताओं का भी हिस्सा था।
ईडी ने बंगाल के रश्मि समूह पर मारे छापे
प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने पश्चिम बंगाल की रश्मि समूह की कंपनियों के परिसरों पर छापे मारकर 1.01 करोड़ नकद बरामद किया और करीब 95 करोड़ रुपये की बैंक जमा राशि पर रोक लगा दी। ईडी ने शुक्रवार को बताया कि यह कार्रवाई मनी लॉन्ड्रिंग मामले के तहत की गई थी। ईडी, कंपनी और उसके प्रवर्तकों की जांच कर रही है। जांच एजेंसी ने एक बयान में कहा, मामला लौह अयस्क के परिवहन के लिए माल ढुलाई के कम शुल्क का लाभ लेने के इरादे से भारतीय रेलवे की दोहरी माल ढुलाई नीति का गलत इस्तेमाल करके सरकारी खजाने को 73.40 करोड़ रुपये का नुकसान पहुंचाने से संबंधित है। बयान में कहा गया है कि बंगाल में 13 जुलाई को तीन परिसरों पर छापे मारे गए थे। मनी लॉन्ड्रिंग का यह मामला रश्मि समूह के खिलाफ सीबीआई की ओर से दर्ज एफआईआर के बाद सामने आया। इनमें रश्मि सीमेंट लिमिटेड और रश्मि मेटेलिक लिमिटेड हैं।