{"_id":"651226c1b9df56d1a0063877","slug":"deeper-participation-in-global-value-chains-can-help-india-increase-foreign-trade-gtri-report-business-news-2023-09-26","type":"story","status":"publish","title_hn":"जीटीआरआई रिपोर्ट: 2030 तक 1.2 लाख करोड़ डॉलर बढ़ेगा विदेश व्यापार, निर्यात बढ़ाने के लिए छह सिफारिशें","category":{"title":"Business Diary","title_hn":"बिज़नेस डायरी","slug":"business-diary"}}
जीटीआरआई रिपोर्ट: 2030 तक 1.2 लाख करोड़ डॉलर बढ़ेगा विदेश व्यापार, निर्यात बढ़ाने के लिए छह सिफारिशें
Tue, 26 Sep 2023 06:03 AM IST
गुलाम अहमद
एजेंसी, नई दिल्ली
एजेंसी, नई दिल्ली
Published by: गुलाम अहमद
Updated Tue, 26 Sep 2023 06:03 AM IST
सार
जीटीआरआई के सह संस्थापक अजय श्रीवास्तव ने कहा, भारत के कमजोर जीवीसी एकीकरण के लिए खराब कारोबारी बुनियादी ढांचा जिम्मेदार है। इससे बंदरगाहों और सीमा शुल्क को लेकर देरी होती है।
विज्ञापन
सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : amar ujala
विस्तार
बंदरगाह एवं सीमा शुल्क परिचालन को सुव्यवस्थित करने और राष्ट्रीय व्यापार नेटवर्क की स्थापना जैसे उपायों से भारतीय कंपनियों को वैश्विक मूल्य शृंखला (जीवीसी) से जुड़ने में मदद मिलेगी। इसकी मदद से भारत 2030 तक विदेश व्यापार में 1.2 लाख करोड़ डॉलर की वृद्धि कर सकता है।
विज्ञापन
ग्लोबल ट्रेड रिसर्च इनिशिएटिव (जीटीआरआई) ने एक रिपोर्ट में कहा, इस समय विभिन्न जीवीसी प्रासंगिक उत्पाद श्रेणियों में पर्याप्त विनिर्माण क्षमता होने के बावजूद वैश्विक मूल्य शृंखला में भारत की सीमित भागीदारी से देश की निर्यात क्षमता बाधित होती है। इसलिए, जीवीसी में भारतीय कंपनियों का एकीकरण जरूरी है, क्योंकि 70 फीसदी वैश्विक कारोबार इन शृंखलाओं के भीतर संचालित होता है। इसमें इलेक्ट्रॉनिक्स, मशीनरी से लेकर दवा और परिधान तक उत्पादों की विस्तृत शृंखला है।
विज्ञापन
जीटीआरआई के सह संस्थापक अजय श्रीवास्तव ने कहा, भारत के कमजोर जीवीसी एकीकरण के लिए खराब कारोबारी बुनियादी ढांचा जिम्मेदार है। इससे बंदरगाहों और सीमा शुल्क को लेकर देरी होती है।
विज्ञापन
निर्यात बढ़ाने के लिए छह सिफारिशें
जीटीआरआई ने अपनी रिपोर्ट में सरकार के लिए 6 कार्य बिंदुओं की सिफारिश की है।
- बंदरगाह और सीमा शुल्क प्रक्रियाओं को स्वचालित करना।
- 99 फीसदी निर्यात के लिए ग्रीन चैनल को मंजूरी देना।
- भारत के निर्यात में 85 फीसदी योगदान देने वाले शीर्ष-10,000 निर्यातकों का विश्लेषण करना।
- जहाज को खाली करने में लगने वाले समय के लिए वैश्विक सर्वोत्तम प्रथाओं का पालन करना।
- कतार में कमी लाना और बुनियादी ढांचे का बेहतर उपयोग करना।
- कारोबारियों, शिपिंग कंपनियों, बंदरगाह परिचालकों और कंटेनर फ्रेट स्टेशनों के बीच संवाद को बेहतर करना।