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Hindi News ›   Business ›   Business Diary ›   85% Paytm wallet users not to face disruption; rest asked to link wallet to other banks: RBI Guv

RBI: '85% पेटीएम यूजर्स को नहीं होगी दिक्कत', गवर्नर बोले- बाकी को वॉलेट दूसरे बैंकों से लिंक करने को कहा गया

Wed, 06 Mar 2024 07:39 PM IST
कुमार विवेक बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: कुमार विवेक Updated Wed, 06 Mar 2024 07:39 PM IST
सार

RBI Action: आरबीआई गवर्नर ने कहा है कि पीपीबीएल से जुड़े वॉलेट्स को अन्य बैंकों से जोड़ने की समयसीमा 15 मार्च तय की गई है। उन्होंने कहा कि 15 मार्च तक दिया गया समय पर्याप्त है और इसे और बढ़ाने की कोई आवश्यकता नहीं है।

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85% Paytm wallet users not to face disruption; rest asked to link wallet to other banks: RBI Guv
शक्तिकांत दास - फोटो : amarujala.com

विस्तार

80 से 85 प्रतिशत पेटीएम वॉलेट ग्राहकों को पेटीएम पेंमेंट्स बैंक पर हुई कार्रवाई से कोई असुविधा नहीं होगी। रिजर्व बैंक के गवर्नर शक्तिकांत दास ने बुधवार को ये बातें कही। उन्होंने कहा कि पेटीएम वॉलेट के 80-85 प्रतिशत उपयोगकर्ताओं को नियामकीय कार्रवाइयों की वजह से किसी तरह की परेशानी का सामना नहीं करना पड़ेगा और शेष उपभोक्ताओं को अपने एप को दूसरे बैंकों से जोड़ने की सलाह दी गई है। 

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भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने 31 जनवरी को पेटीएम पेमेंट्स बैंक लिमिटेड (पीपीबीएल) को किसी भी ग्राहक के खाते में जमा, क्रेडिट लेनदेन या टॉप-अप स्वीकार करने से रोक दिया था।आरबीआई गवर्नर ने कहा कि पीपीबीएल से जुड़े वॉलेट को अन्य बैंकों से जोड़ने की समयसीमा 15 मार्च तय की गई है।  उन्होंने कहा कि 15 मार्च तक दिया गया समय पर्याप्त है और इसे और बढ़ाने की कोई आवश्यकता नहीं है।
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उन्होंने कहा कि 80 से 85 प्रतिशत पेटीएम वॉलेट अन्य बैंकों से जुड़े हुए हैं, और शेष 15 प्रतिशत को अन्य बैंकों में जाने की सलाह दी गई है। उन्होंने कहा कि आरबीआई ने एक विनियमित इकाई के खिलाफ कार्रवाई की है, जो इस मामले में पीपीबीएल है और इसमें फिनटेक कंपनियों के खिलाफ होने जैसा कुछ भी नहीं है। एक साक्षात्कार के दौरान दास ने जोर देकर कहा कि आरबीआई वित्तीय प्रौद्योगिकी क्षेत्र में नवाचार का पक्षधर है। उन्होंने कहा, 'आरबीआई फिनटेक का पूरा समर्थन करता है और करता रहेगा।

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आरबीआई गवर्नर ने फेरारी का उदाहरण देते हुए कही यह बात

आरबीआई गवर्नर ने एक उदाहरण देते हुए बताया कि कोई भी फेरारी का मालिक हो सकता है और चला सकता है लेकिन फिर भी हादसों से बचने के लिए यातायात नियमों का पालन करना पड़ता है। यह पूछे जाने पर कि भारतीय राष्ट्रीय भुगतान निगम (एनपीसीआई) पेटीएम भुगतान एप के लाइसेंस पर कब तक निर्णय करेगा, दास ने कहा कि उसे इसकी आंतरिक जांच करनी होगी।


उन्होंने कहा, जहां तक आरबीआई का सवाल है, हमने उन्हें सूचित किया है कि एनपीसीआई अगर पेटीएम पेमेंट एप को जारी रखने पर विचार करता है तो हमें कोई आपत्ति नहीं है क्योंकि हमारी कार्रवाई पेटीएम पेमेंट बैंक के खिलाफ थी।

एप एनपीसीआई के पास है... एनपीसीआई फैसला लेगा... मुझे लगता है कि उन्हें जल्द ही फैसला करना चाहिए। पेटीएम के प्रवर्तक विजय शेखर शर्मा ने पेटीएम पेमेंट बैंक के अंशकालिक गैर-कार्यकारी चेयरमैन पद से पिछले महीने इस्तीफा दे दिया था और बैंक के निदेशक मंडल का पुनर्गठन किया गया है।

सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया के पूर्व अध्यक्ष श्रीनिवासन श्रीधर, बैंक ऑफ बड़ौदा के पूर्व कार्यकारी निदेशक अशोक कुमार गर्ग और दो सेवानिवृत्त भारतीय प्रशासनिक सेवा (आईएएस) अधिकारियों को बैंक के बोर्ड में शामिल किया गया था। 

दास बोले- सालाना वृद्धि दर 7.6% से अधिक होने का अनुमान

आर्थिक वृद्धि के बारे में दास ने कहा, 'उच्च आवृत्ति वाले संकेतकों और आर्थिक गतिविधियों की गति की हमारी समझ बताती है कि चौथी तिमाही में 5.9 प्रतिशत की वृद्धि दर को पार किया जा सकता है। उन्होंने कहा, 'जब ऐसा होगा, जाहिर तौर पर सालाना वृद्धि दर 7.6 प्रतिशत से अधिक होगी। इस बात की काफी संभावना है कि चालू वित्त वर्ष के लिए जीडीपी आंकड़ा 8 प्रतिशत के करीब रहेगा।'



उन्होंने यह भी कहा कि हालिया मौद्रिक नीति में अगले वित्त वर्ष के लिए 7 प्रतिशत वृद्धि का अनुमान लगाया गया है। मूल्य वृद्धि के बारे में दास ने कहा कि 5.1 प्रतिशत की ताजा मुद्रास्फीति दर चार प्रतिशत के लक्ष्य से अब भी 110 आधार अंक दूर है। उन्होंने कहा कि मुद्रास्फीति में गिरावट आ रही है और रिजर्व बैंक अब मुद्रास्फीति को चार प्रतिशत के लक्ष्य तक ले जाने पर ध्यान दे रहा है।

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