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Tesla Autopilot: टेस्ला के ऑटोपायलट सिस्टम पर सवाल! सड़क पर ले चुका है कई लोगों की जान, अब चलेगा नया केस
Mon, 30 Jun 2025 04:43 PM IST
नीतीश कुमार
ऑटो डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
ऑटो डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: नीतीश कुमार
Updated Mon, 30 Jun 2025 04:43 PM IST
सार
Tesla Auopilot Accident: टेस्ला अपनी ऑटोपायलट तकनीक से लैस कारों का जमकर प्रचार कर रही है। हालांकि, ऑटोपायलट मोड में चलने वाली टेस्ला कारों से हुए हादसे इस तकनीक पर सवाल उठाते हैं। हाल ही में अमेरिका के फ्लोरिडा में एक टेस्ला कार से हुए हादसे ने इस तकनीक को एक बार फिर सवालों के घेरे में ला दिया है।
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टेस्ला के ऑटोपायलट मोड पर उठे सवाल
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
अमेरिकी अरबपति व्यापारी इलॉन मस्क (Elon Musk) की इलेक्ट्रिक कार कंपनी टेस्ला (Tesla) ने हाल ही में अपनी रोबोटैक्सी को अमेरिका के कुछ शहरों में लॉन्च किया है। यह कार बिना ड्राइवर के चलती है और बुक करने पर अपने आप चलकर कस्टमर के घर के दरवाजे तक पहुंच जाती है। इसके अलावा, कंपनी ने अपनी Model Y ऑटोनॉमस कार का भी खुलासा किया है, जो पूरी तरह सेल्फ ड्राइविंग तकनीक पर बेस्ड है और अपने आप रास्ता तय करती है। लॉन्चिंग के दिन Model Y की ऑटोनॉमस कारें टेस्ला की फैक्ट्री से अपने चलकर उन्हें खरीदने वाले मालिकों तक पहुंच गई थी। हालांकि, टेस्ला की ऑटोनॉमस कारों का एक्सीडेंट्स के चलते विवादों से पुराना नाता रहा है। अब अमेरिका में एक और एक्सीडेंट के मामले में टेस्ला पर जांच की तलवार लटकने लगी है।
क्या है एक्सीडेंट का नया मामला
टेस्ला की ऑटोपायलट तकनीक से जुड़ा एक गंभीर मामला अमेरिकी अदालत में ट्रायल के लिए पहुंचा है। यह मामला अमेरिका के फ्लोरिडा राज्य में टेस्ला कार से एक महिला की मौत के बारे में है। टेस्ला कार से यह हादसा 25 अप्रैल 2019 को हुआ था जब जॉर्ज मैगी नाम के व्यक्ति ने अपनी 2019 Model S कार से पति-पत्नी को टक्कर मार दी। टक्कर के दौरान यह कार ऑटोपायलट मोड में लगभग 100 किमी प्रति घंटा की रफ्तार पर चल रही थी। टक्कर इतनी जोरदार थी कि पत्नि लगभग 75 फीट दूर जाकर गिरी और उसकी मौके पर ही मौत हो गई, जबकि पति को गंभीर चोटें आईं।
यह भी पढ़ें: कस्टमर के बैठते ही अपने आप चलने लगती है कैब, तेल लेने पेट्रोल पंप पर भी नहीं रुकती!
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टेस्ला पर आरोप लगे कि कार ने सड़क किनारे खड़ी कार और रेड लाइट को भी नजरअंदाज किया जो कि उसके ऑटोपायलट मोड की खामी के कारण हुआ। कोर्ट ने यह भी माना कि टेस्ला द्वारा दी गई चेतावनियां, जैसे कि ‘ऑटोपायलट केवल सतर्क ड्राइवरों के लिए है’, उन्हें समझ पाना आम ग्राहकों के लिए मुश्किल हो सकता है क्योंकि ये जानकारी कार की टचस्क्रीन मैन्युअल में छिपी होती है।
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क्या है एक्सीडेंट का नया मामला
टेस्ला की ऑटोपायलट तकनीक से जुड़ा एक गंभीर मामला अमेरिकी अदालत में ट्रायल के लिए पहुंचा है। यह मामला अमेरिका के फ्लोरिडा राज्य में टेस्ला कार से एक महिला की मौत के बारे में है। टेस्ला कार से यह हादसा 25 अप्रैल 2019 को हुआ था जब जॉर्ज मैगी नाम के व्यक्ति ने अपनी 2019 Model S कार से पति-पत्नी को टक्कर मार दी। टक्कर के दौरान यह कार ऑटोपायलट मोड में लगभग 100 किमी प्रति घंटा की रफ्तार पर चल रही थी। टक्कर इतनी जोरदार थी कि पत्नि लगभग 75 फीट दूर जाकर गिरी और उसकी मौके पर ही मौत हो गई, जबकि पति को गंभीर चोटें आईं।
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टेस्ला पर आरोप लगे कि कार ने सड़क किनारे खड़ी कार और रेड लाइट को भी नजरअंदाज किया जो कि उसके ऑटोपायलट मोड की खामी के कारण हुआ। कोर्ट ने यह भी माना कि टेस्ला द्वारा दी गई चेतावनियां, जैसे कि ‘ऑटोपायलट केवल सतर्क ड्राइवरों के लिए है’, उन्हें समझ पाना आम ग्राहकों के लिए मुश्किल हो सकता है क्योंकि ये जानकारी कार की टचस्क्रीन मैन्युअल में छिपी होती है।
सवालों के घेरे में ऑटोपायलट सिस्टम
- फोटो : AI
अमेरिकी डिस्ट्रिक्ट को के एक जज ने 98 पन्नों के फैसले में कहा कि पीड़ित पक्ष ने यह साबित करने के लिए पर्याप्त सबूत पेश किए हैं कि टेस्ला की ऑटोपायलट प्रणाली की खामियां इस हादसे का अहम कारण हो सकती हैं। उन्होंने यह भी कहा कि भले ही चालक ने खुद माना कि वह सावधानी से नहीं चला रहा था, लेकिन सिर्फ इसी वजह से उसे पूरी तरह जिम्मेदार नहीं ठहराया जा सकता, खासकर जब उसने यह उम्मीद की थी कि ऑटोपायलट खुद-ब-खुद टक्कर से बचाएगा। इस केस की सुनवाई अब 14 जुलाई को शुरू हो सकती है, जिसमें कोर्ट अहम फैसला सुना सकती है।
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पहले भी हो चुके हैं कई हादसे
ऑटोपायलट मोड में चलने वाली टेस्ला कार से हादसों के मामले नए नहीं हैं। टेस्ला ऑटोपायलट सिस्टम आजकल की कारों में आने वाले 'ड्राइवर असिस्टेंट सिस्टम' का एडवांस लेवल है। ये कारें खुद-ब-खुद चल सकती हैं, लेकिन कई कंडिशन में इन्हें ड्राइवर द्वारा कंट्रोल करने की जरूरत पड़ती है। टेस्ला की ऑटोपायलट कार खरीदने वाले ग्राहक कई बार कंपनी द्वारा दी जाने वाली इन चेतावनियों को नजरअंदार करते हैं, जिसके चलते गंभीर हादसे होते हैं।
वाशिंगटन पोस्ट के मुताबिक, टेस्ला की ऑटोपायलट कारों से हुए हादसों में पिछले कुछ वर्षों में इजाफा हुआ है। हादसों के आंकड़ों पर नजर डालें तो अमेरिका में 2019 के बाद 736 से ज्यादा एक्सीडेंट के मामले दर्ज किए गए हैं। वहीं, इन हादसों में कुल 17 मौतें हुई हैं। इन हादसों से यह तो साफ है कि कारों में ऑटोपायलट तकनीक को अब भी काफी सुधार की जरूरत है और अभी इनपर पूरी तरह भरोसा नहीं किया जा सकता है।
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पहले भी हो चुके हैं कई हादसे
ऑटोपायलट मोड में चलने वाली टेस्ला कार से हादसों के मामले नए नहीं हैं। टेस्ला ऑटोपायलट सिस्टम आजकल की कारों में आने वाले 'ड्राइवर असिस्टेंट सिस्टम' का एडवांस लेवल है। ये कारें खुद-ब-खुद चल सकती हैं, लेकिन कई कंडिशन में इन्हें ड्राइवर द्वारा कंट्रोल करने की जरूरत पड़ती है। टेस्ला की ऑटोपायलट कार खरीदने वाले ग्राहक कई बार कंपनी द्वारा दी जाने वाली इन चेतावनियों को नजरअंदार करते हैं, जिसके चलते गंभीर हादसे होते हैं।
वाशिंगटन पोस्ट के मुताबिक, टेस्ला की ऑटोपायलट कारों से हुए हादसों में पिछले कुछ वर्षों में इजाफा हुआ है। हादसों के आंकड़ों पर नजर डालें तो अमेरिका में 2019 के बाद 736 से ज्यादा एक्सीडेंट के मामले दर्ज किए गए हैं। वहीं, इन हादसों में कुल 17 मौतें हुई हैं। इन हादसों से यह तो साफ है कि कारों में ऑटोपायलट तकनीक को अब भी काफी सुधार की जरूरत है और अभी इनपर पूरी तरह भरोसा नहीं किया जा सकता है।