ब्रज की धार्मिक आस्था से जुड़े परिक्रमा मार्ग को मांस और मदिरा से मुक्त कराने की मांग को लेकर वृंदावन के वराहघाट पर पिछले 19 दिन से धरना दे रहे अलीगढ़ निवासी रोहित मलान के समर्थन में विश्व हिंदू रक्षा परिषद भी उतर आया है। शनिवार को काफी संख्या में कार्यकर्ता धरनास्थल पर पहुंच गए और धरने का समर्थन किया। रोहित मलान के अनुसार, ब्रज क्षेत्र में देश के अलग-अलग हिस्सों के साथ ही विदेशों से भी श्रद्धालु आस्था लेकर आते हैं। श्रद्धालु परिक्रमा मार्ग पर धार्मिक भावनाओं के साथ चलते हैं, लेकिन यहां नशे की स्थिति में कुछ लोगों की ओर से अभद्रता किए जाने की शिकायतें सामने आती हैं। उनका कहना है कि इससे श्रद्धालुओं की आस्था प्रभावित होती है। उन्होंने कहा कि ब्रज में सनातन धर्म के प्रचार-प्रसार के लिए बड़ी संख्या में संत और धार्मिक संगठन सक्रिय हैं, लेकिन परिक्रमा मार्ग को मांस-मदिरा मुक्त कराने के मुद्दे पर अपेक्षित आवाज नहीं उठाई जा रही है। रोहित मलान का कहना है कि वह पहले दंडवती परिक्रमा के माध्यम से भी इस मुद्दे का विरोध दर्ज करा चुके हैं। अब वराहघाट पर उनका धरना लगातार जारी है। इसी मांग को लेकर विश्व हिंदू रक्षा परिषद के कार्यकर्ताओं ने उनको समर्थन दिया है। साथ ही रविवार को बड़े प्रदर्शन का भी ऐलान किया है। संगठन की ओर से परिक्रमा मार्ग को मांस-मदिरा मुक्त कराने के साथ मंदिर निर्माण की मांग भी उठाई जा रही है। परिषद का दावा है कि प्रदर्शन में शामिल होने के लिए अलग-अलग जिलों से कार्यकर्ता शनिवार से ही वृंदावन के लिए रवाना हो रहे हैं।विश्व हिंदू रक्षा परिषद के प्रदेश अध्यक्ष बादल यादव के नेतृत्व में भी बड़ी संख्या में कार्यकर्ता वृंदावन में धरनास्थल पर पहुंचे। उन्होंने कहा कि रोहित की मांग कोई नजायज मांग नहीं है। देश का जेनजी अब जाग चुका है। वह किसी भी तरीके से गलत बातें को बर्दाश्त नहीं करेगा। वहीं संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष गोपाल राय के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं के 30 अगस्त की सुबह लखनऊ से वृंदावन आ रहे हैं। वहीं परिषद के महिला सशक्तिकरण टीम की राष्ट्रीय अध्यक्ष प्रियंका ठाकुर ने कहा कि हम लोग रोहित मलान के समर्थन में आए हैं। जब तक उनकी मांगों को नहीं माना जाएगा तब तक उनके साथ धरने में शामिल रहेंगे। रोहित मलान के धरने को लेकर पूर्व में कथावाचक इंद्रेश महाराज ने सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल की थी। जिसमें उन्होंने कहा था कि वृंदावन के संतों को इस मांग पर एक मंच पर आकर सरकार से मांग करनी चाहिए। रोहित इतने दिनों से धरना दे रहा है, यह बड़ी बात है। सीओ सदर वरुण मिश्रा का कहना है कि धरने देने वाले रोहित मलान से बात की गई थी, उन्होंने बताया कि वह संतों से चाहते हैं कि वह अपनी कथाओं में ऐसी मांग उठाएं ताकि सरकार उनकी मांग पर विचार करे। उन्होंने पुलिस प्रशासन से शिकायत नहीं है। प्रस्तावित प्रदर्शन को देखते हुए पुलिस को अलर्ट किया गया है। परिक्रमा मार्ग पर मांस मदिरा पहले से ही प्रतिबंध है।