पंजाब के कर्मचारी और पेंशनर्स अपनी लंबे समय से लंबित मांगों को लेकर आज राज्यव्यापी महाहड़ताल पर हैं। लोकतांत्रिक शिक्षक मोर्चा (डीटीएफ) की ओर से लुधियाना-बठिंडा राजमार्ग पर कस्बा गुरुसर सुधार बाजार स्थित गुरु हरगोबिंद खालसा कॉलेज के सामने सुबह करीब साढ़े नौ बजे धरना-प्रदर्शन शुरू किया गया। धरने के दौरान शिक्षक नेताओं और कर्मचारियों ने पंजाब सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। डीटीएफ के जिला लुधियाना सचिव हरजीत सिंह सुधार ने कहा कि पंजाब सरकार ने कर्मचारियों के 18 प्रतिशत महंगाई भत्ते को लंबे समय से दबाकर रखा हुआ है। सरकार की ओर से पुरानी पेंशन योजना बहाल करने का वादा किया गया था, लेकिन साढ़े चार साल बीतने के बावजूद कर्मचारी अपने हक का इंतजार कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि छठे वेतन आयोग के बकाये का भुगतान भी समय पर नहीं किया जा रहा। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार ने ग्रामीण भत्ते समेत 37 प्रकार के भत्ते बंद कर दिए हैं, जबकि कच्चे कर्मचारियों को भी लंबे समय से नियमित नहीं किया जा रहा। स्कूलों में काम कर रहे सफाई कर्मचारियों, चौकीदारों और मिड-डे मील कर्मचारियों को बेहद कम वेतन पर काम करने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है।