मध्यप्रदेश के इंदौर में 19 सितंबर को होने वाले कांग्रेस के ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम को लेकर राजनीतिक बयानबाज़ी का सिलसिला लगातार जारी है। राहुल गांधी के कार्यक्रम की अनुमति बार-बार रद्द किए जाने के आरोप कांग्रेस ने भाजपा सरकार पर लगाए हैं। इस पर पलटवार करते हुए खंडवा से भाजपा सांसद ज्ञानेश्वर पाटिल का कहना था कि, कार्यक्रम को रोकने के जो आरोप हम पर लगा रहे हैं वे सरासर गलत हैं। लेकिन ये भी संभव नहीं है के वो जब चाहें तब आकर कार्यक्रम कर लें। इसके साथ ही खंडवा सांसद पाटिल का कहना था कि प्रशासन की अपनी व्यवस्था होती है। उन्हें जगह देने के लिए मना नहीं किया गया है। कांग्रेस पार्टी जबरदस्ती का प्रोपेगंडा बनाने, देश के युवाओं को भटकाने और गुमराह करने का काम हमेशा करती रही है, लेकिन वे उन मंसूबों में कभी सफल नहीं होंगे।
ये भी पढ़ें- गजब है!: रिश्वत लेने के लिए नायब तहसीलदार ने नियुक्त कर रखा था प्राइवेट बाबू, लोकायुक्त के जाल में फंसे दोनों
सांसद पाटिल ने कहा कि, हम तो चाहते हैं कि वो आएं और अपनी बात रखें, और जब हम हमारी बात रखते हैं तो जनता और युवाओं को भी साफ फर्क दिखाई देता है। उनका कोई आयोजन हमने चेंज नहीं किया। उनका मन खुद ही नहीं लग रहा होगा कि कहां करना है, कहां नहीं करना है, कहां भीड़ इकट्ठा करना, कितनी भीड़ इकट्ठा होगी, कहां पर हम ज्यादा दिखा सकते हैं। क्योंकि युवाओं के बीच आज भी देश के प्रधानमंत्री माननीय मोदी जी के प्रति सम्मान है। युवा जानता है हमारे भविष्य की चिंता किसने की है। पिछले 60 साल तक देश के अंदर एक ही परिवार की सरकार थी। इनको तब ना किसान याद आया, ना युवा याद आया, ना महिला याद आई, ना बेरोजगार याद आया। अब कुर्सी गई और उसके बाद में इनको सारी चीजें याद आ रही हैं। तो सब जानते हैं कि ये सिर्फ दिखावा कर रहे हैं। काम कौन कर रहा है, वो जनता जानती है।