पीरनिगाह मंदिर के संचालन अधिकार को लेकर ग्राम पंचायत बसोली और प्रशासन के बीच चल रहा विवाद अब और गहराता नजर आ रहा है। करीब 10 दिनों से म्यूनिसिपल पार्क में धरने पर बैठे ग्रामीणों के समर्थन में वीरवार को भाजपा कार्यकर्ता भी सड़क पर उतरे। भाजपा नेताओं और बसोली के ग्रामीणों ने शहर में संयुक्त रूप से आक्रोश रैली निकालकर प्रदेश सरकार और जिला प्रशासन के खिलाफ प्रदर्शन किया। रैली सर्किट हाउस से शुरू हुई और डीसी आवास, पुराना बस अड्डा चौक से होते हुए वापस सर्किट हाउस पहुंचकर समाप्त हुई। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने पीरनिगाह मंदिर का संचालन अधिकार ग्राम पंचायत बसोली को सौंपने की मांग को लेकर नारेबाजी की। प्रदर्शन का नेतृत्व बीडीसी अध्यक्ष हरपाल सिंह गिल और जिला परिषद सदस्य एवं महिला भाजपा जिलाध्यक्ष अनु ठाकुर ने किया। भाजपा नेताओं ने कहा कि पंचायत और ग्रामीणों की मांग को लेकर पार्टी उनके साथ खड़ी है। अनु ठाकुर ने कहा कि बसोली पंचायत के ग्रामीण पिछले करीब 10 दिनों से म्यूनिसिपल पार्क में धरना दे रहे हैं। तेज धूप के बीच लगातार धरना देने के कारण कई बुजुर्गों और महिलाओं की तबीयत भी प्रभावित हुई है। इसके बावजूद प्रशासन की ओर से उनकी मांग पर कोई ठोस निर्णय नहीं लिया गया। उन्होंने कहा कि ग्रामीण लंबे समय से अपने अधिकार की मांग कर रहे हैं और अब भाजपा भी उनके समर्थन में खुलकर सामने आई है। अनु ठाकुर ने पूर्व विधायक एवं कांग्रेस नेता सतपाल सिंह रायजादा पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि इतने दिनों से ग्रामीण आंदोलन कर रहे हैं, लेकिन उनकी सुध लेने के लिए वह धरनास्थल पर नहीं पहुंचे। उन्होंने सवाल उठाते हुए कहा कि जनप्रतिनिधियों की जिम्मेदारी केवल चुनाव के दौरान जनता के बीच जाने तक सीमित नहीं होनी चाहिए। जनता की समस्याओं और संघर्ष के समय भी चुने हुए प्रतिनिधियों को उनके साथ खड़ा रहना चाहिए। अनु ठाकुर ने कहा कि रक्षाबंधन और अन्य धार्मिक आयोजनों के चलते आने वाले दिनों में धरने में ग्रामीणों की संख्या कुछ कम हो सकती है, लेकिन आंदोलन खत्म नहीं होगा। त्योहार और धार्मिक कार्यक्रम समाप्त होने के बाद ग्रामीण दोबारा पूरी ताकत के साथ धरना जारी रखेंगे। उन्होंने कहा कि जब तक पीरनिगाह मंदिर का संचालन अधिकार ग्राम पंचायत बसोली को नहीं सौंपा जाता, तब तक संघर्ष जारी रहेगा। उन्होंने भाजपा कार्यकर्ताओं का आभार जताते हुए कहा कि पार्टी के दोनों मंडलों के कार्यकर्ता ग्रामीणों के साथ खड़े हैं। बीडीसी अध्यक्ष हरपाल सिंह गिल ने कहा कि बसोली के ग्रामीण अपने अधिकार के लिए लगातार संघर्ष कर रहे हैं, लेकिन सरकार और प्रशासन उनकी मांग को गंभीरता से नहीं ले रहे हैं। उन्होंने कहा कि बुजुर्ग और अन्य ग्रामीण गर्मी के बीच धरने पर बैठे हैं। इसके बावजूद उनकी समस्या का समाधान नहीं किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि भाजपा कार्यकर्ता ग्रामीणों की आवाज को प्रशासन और सरकार तक पहुंचाने के लिए सड़क पर उतरे हैं। प्रदर्शन के दौरान भाजपा नेताओं और ग्रामीणों ने प्रशासन से दोबारा मांग की कि पीरनिगाह मंदिर के संचालन का अधिकार ग्राम पंचायत बसोली को वापस दिया जाए। प्रदर्शनकारियों ने स्पष्ट किया कि मांग पूरी होने तक आंदोलन जारी रहेगा। आने वाले दिनों में आंदोलन को और व्यापक रूप देने की चेतावनी भी दी गई है।