केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज चौहान ने कहा कि खेती घाटे का सौदा नहीं है। यह ढंग से की जाए तो किसान बड़ा लाभ ले सकते हैं। वे खुद भी खेती करते हैं और इसकी बारीकियों को अच्छी तरह से समझते हैं। विकसित भारत के लिए विकसित खेती व समृद्ध किसान जरूरी है उन्होंने ये बात शनिवार को पानीपत में विकसित कृषि संकल्प अभियान-2025 में किसानों को संबोधित करते हुए कही। यह कार्यक्रम स्थानीय आर्य पीजी कॉलेज के सभागार में किया गया। जिसमें जिले के किसान, पशुपालक और मत्स्य से जुड़े लोग शामिल रहे। उन्होंने जय जवान-जय किसान के नारे पर कहा कि भूतपूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी ने इस नारे को विज्ञान के साथ जोड़ा और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इसमें और बढ़ौतरी करते हुए जय अनुसंधान के साथ जोड़ा। केंद्रीय मंत्री ने छह प्रगतिशील किसानों को प्रशंसा पत्र देकर सम्मानित किया। उन्होंने ने प्रदेश सरकार की भावांतर योजना की प्रशंसा की व मुख्यमंत्री नायब सिंह को इसके लिए बधाई दी। उन्होंने कहा कि खेती को विकसित करने के साथ किसानों को खेती के प्रति जागरूक करने के प्रयास किए जा रहे हैं। 16 हजार कृषि वैज्ञानिक देश में विकसित कृषि संकल्प अभियान के तहत देश के किसानों को इस बात के लिए जागरूक कर रहे हैं। उनको खेती के तरीके और खेती के प्रकार की जानकारी दी जा रही है। देश में 2170 टीम आठ हजार स्थानों पर किसानों के साथ संवाद कर उन्हें जागरूक कर रहे हैं। कृषि वैज्ञानिक किसानों को पोषक तत्व, खाद व फसल की किस्म व उनके लाभ की जानकारी दे रहे हैं।