World: केन्या में विपक्ष ने राष्ट्रपति से इस्तीफे की मांग; नेपाल- बाढ़ में 10 जलविद्युत परियोजनाओं को नुकसान
केन्या में हालिया प्रदर्शनों के दौरान पुलिस की गोलीबारी और नागरिकों की मौत को लेकर विपक्ष ने राष्ट्रपति विलियम रुटो से इस्तीफे की मांग की है। राष्ट्रपति ने पुलिस को लूटपाट या आगजनी करने वालों को गोली मारने और पैर तोड़ने का आदेश दिया था, जिसे विपक्ष ने असंवैधानिक बताया। हाल ही में एक प्रदर्शन के दौरान बोनिफेस करियुकी नाम के नागरिक की नजदीक से गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। उसके अंतिम संस्कार में भारी भीड़ जुटी और कई मांएं शामिल हुईं जिनके बच्चों की मौत पिछले एक साल में प्रदर्शनों के दौरान हुई थी। अब तक 100 से ज्यादा युवाओं की जान जा चुकी है और चार पुलिस अधिकारी हत्या के आरोप में हिरासत में हैं। मानवाधिकार संगठनों ने पुलिस से संयम बरतने की अपील की है। करियुकी की हत्या के मामले में एक अधिकारी पर हत्या का मुकदमा चल रहा है।
बांग्लादेश- जनता बैंक घोटाला, पूर्व चेयरमैन गिरफ्तार
बांग्लादेश की सबसे बड़ी वाणिज्यिक बैंक जनता बैंक के पूर्व चेयरमैन और मशहूर अर्थशास्त्री अबुल बर्कत को ढाका पुलिस की डिटेक्टिव ब्रांच ने गुरुवार रात गिरफ्तार कर लिया। उन पर लगभग 297 करोड़ टका (करीब 24.4 मिलियन डॉलर) के कर्ज घोटाले में शामिल होने का आरोप है। यह मामला एंटी करप्शन कमीशन (एसीसी) ने 20 फरवरी को दर्ज किया था, जिसमें बर्कत सहित 23 लोगों को नामजद किया गया है। आरोप है कि उन्होंने और पूर्व बांग्लादेश बैंक गवर्नर अतीउर रहमान ने कपड़ा कंपनी अननटेक्स ग्रुप की 22 इकाइयों को फर्जी दस्तावेजों के जरिए अवैध रूप से कर्ज मंजूर किया। यह घोटाला पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना की सरकार के कार्यकाल में हुआ। शेख हसीना पिछले साल 5 अगस्त को छात्रों के भारी विरोध प्रदर्शन के बाद देश से बाहर चली गईं। अब अंतरिम सरकार के प्रमुख मोहम्मद यूनुस के अधीन कई मामलों की जांच चल रही है।
व्हाइट हाउस ने ट्रंप को बताया सुपरमैन
व्हाइट हाउस ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को सुपरमैन बताया। व्हाइट हाउस ने एक्स पर ट्रंप की सुपरमैन की वेशभूषा में तस्वीर साझा की। इसमें लिखा गया कि उम्मीद की किरण, सच, न्याय का अमेरिकी तरीका। सुपरमैन ट्रंप।
अर्जेंटीना के पूर्व राष्ट्रपति पर भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप
अर्जेंटीना ने पूर्व राष्ट्रपति अल्बर्टो फर्नांडीज पर भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगे हैं। फर्नांडीज पर उनके कार्यकाल के दौरान सार्वजनिक क्षेत्र के बीमा अनुबंध में अनियमितताओं से जुड़े आरोप लगे हैं। संघीय न्यायाधीश सेबेस्टियन कैसानेलो ने कहा कि मामला चलने तक फर्नांडीज हिरासत से बाहर रह सकते हैं। पद छोड़ने के बाद से फर्नांडीज के खिलाफ यह दूसरा मामला है, लेकिन कथित भ्रष्टाचार से जुड़ा पहला मामला है। साल 2025 की शुरुआत में, उन पर पूर्व प्रथम महिला फैबियोला यानेज के खिलाफ लैंगिक हिंसा के आरोप लगे थे।
गाजा में भूख से तड़पते लोगों को राहत देने के लिए यूरोप और इस्राइल के बीच नया समझौता
गुरुवार को यूरोपीय यूनियन ने इज़राइल के साथ गाजा में खाने और ईंधन की आपूर्ति शुरू करने पर समझौता किया है। लेकिन इसी दिन एक इस्राइली हवाई हमले में 10 बच्चों समेत 15 लोगों की मौत हो गई, जो मदद पाने के लिए एक मेडिकल क्लिनिक के बाहर इंतजार कर रहे थे। इस घटना ने पूरी दुनिया में नाराजगी पैदा कर दी है।
UNICEF ने जताई नाराजगी
UNICEF की प्रमुख कैथरीन रसेल ने कहा कि जीवन बचाने वाली मदद पाने की कोशिश कर रहे परिवारों की हत्या अकल्पनीय है। ये महिलाएं अपने बच्चों के लिए राहत की उम्मीद में वहां खड़ी थीं। गाजा के दीर अल बलाह शहर में एक मेडिकल क्लिनिक के बाहर सुरक्षा कैमरे की फुटेज में दिखा कि दर्जनों लोग वहां बैठे थे, तभी पास में एक धमाका हुआ और लोग जमीन पर गिर पड़े। इस्राइली सेना ने दावा किया कि उन्होंने एक आतंकी को निशाना बनाया था, जो क्लिनिक के पास मौजूद था।
ट्रंप प्रशासन ने जॉर्ज मेसन यूनिवर्सिटी की भर्ती प्रक्रिया पर शुरू की नागरिक अधिकारों की जांच
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के प्रशासन ने गुरुवार को वर्जीनिया की सबसे बड़ी पब्लिक यूनिवर्सिटी जॉर्ज मेसन यूनिवर्सिटी के खिलाफ सिविल राइट्स यानी नागरिक अधिकारों की जांच शुरू कर दी है। आरोप है कि यूनिवर्सिटी डाइवर्सिटी (विविधता) को बढ़ावा देने के नाम पर भेदभाव कर रही है।
क्या है मामला?
शिक्षा विभाग को कुछ प्रोफेसरों ने शिकायत दी है कि यूनिवर्सिटी ने अल्पसंख्यक या कम प्रतिनिधित्व वाले वर्गों के लोगों को तरजीह दी, जबकि भर्ती में योग्यता को नजरअंदाज किया गया। शिकायत में कहा गया है कि यूनिवर्सिटी के प्रेसिडेंट ग्रेगोरी वॉशिंगटन ने भर्ती में डाइवर्सिटी को प्राथमिकता देने की गाइडलाइन जारी की, जिससे योग्य उम्मीदवारों के साथ अन्याय हुआ।
ट्रंप प्रशासन की बड़ी कार्रवाई
ट्रंप प्रशासन पहले से ही विविधता, समानता, समावेशन नीतियों के खिलाफ मोर्चा खोले हुए है। उनका मानना है कि इन नीतियों से श्वेत और एशियाई अमेरिकी लोगों के साथ भेदभाव होता है। इससे पहले हार्वर्ड और कोलंबिया जैसी प्राइवेट यूनिवर्सिटीज़ पर ध्यान केंद्रित था, लेकिन अब यह अभियान पब्लिक यूनिवर्सिटीज़ तक पहुंच गया है।
पीएम नेतन्याहू अमेरिका दौरे के अंत में बोले – हम 60 दिन की संघर्षविराम योजना पर कर रहे काम
इस्राइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू इस समय अमेरिका दौरे पर हैं और गुरुवार को उन्होंने दो इस्राइली दूतावास कर्मचारियों की याद में आयोजित समारोह में हिस्सा लिया। उनका यह दौरा 4 दिनों का था, जिसमें उन्होंने अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप, व्हाइट हाउस अधिकारियों और सांसदों से मुलाकात की। इस दौरे का मुख्य उद्देश्य था गाजा में 21 महीने से जारी युद्ध को रोकने के लिए संघर्षविराम का कोई रास्ता निकालना। अमेरिका चाहता है कि इज़रायल और हमास के बीच 60 दिन का युद्धविराम हो, जिससे स्थायी शांति की राह खुल सके।
नेतन्याहू ने गुरुवार को एक वीडियो जारी कर कहा कि वे इस अमेरिका-समर्थित समझौते को अंतिम रूप देने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन उन्होंने साफ कहा कि यह एक अस्थायी समझौता होगा और इसका मकसद होगा गाज़ा में बचे हुए अंतिम 50 बंधकों को रिहा कराना। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि संघर्षविराम तभी हो सकता है जब हमास अपने हथियार डाल दे और उसकी शासन व सैन्य ताकत खत्म हो जाए। नेतन्याहू ने कहा, “ये हमारे बुनियादी शर्तें हैं।
धर्मगुरु दलाई लामा के जन्मदिन पर जर्मनी में उत्सव
तिब्बती धर्मगुरु दलाई लामा का 90वां जन्मदिन जर्मनी और तिब्बती समुदाय एक साथ मना रहे हैं। फ्रैंकफर्ट में 1,000 से अधिक तिब्बती समारोह में एकत्रित हुए। कार्यक्रम मुख्य अतिथि जर्मन बुंडेस्टाग के सदस्य माइकल ब्रांड और विशिष्ट अतिथि हेस्से के पूर्व मंत्री राष्ट्रपति प्रो. डॉ. एचसी रोलैंड कोच और जिनेवा स्थित तिब्बती ब्यूरो के संयुक्त राष्ट्र अधिवक्ता अधिकारी फुंत्सोक तोपग्याल की उपस्थिति में आयोजित किया गया। केंद्रीय तिब्बती प्रशासन (सीटीए) के अनुसार, हेसियन राज्य चांसलरी के प्रोटोकॉल अधिकारी, डाइटर बेइन, फ्रेंड्स ऑफ फ्रेंड्स समूह के अध्यक्ष फ्रैंक और उवे बेकर और पूरे जर्मनी में तिब्बती धर्म केंद्रों और तिब्बत समर्थक समूहों के प्रतिनिधि भी उपस्थित थे। शुरुआत में भिक्षुओं और समुदाय के सदस्यों द्वारा पारंपरिक प्रार्थनाओं के साथ हुई। तिब्बती संडे स्कूल के बच्चों ने गीत प्रस्तुत किए। इस दौरान अहिंसा, मानवाधिकारों व धार्मिक सद्भाव के प्रति प्रतिबद्धता जताई गई।
अनिश्चितकालीन छुट्टी पर अटलांटा यूनाइटेड के प्रेसिडेंट और सीईओ गार्थ लेगरवे
अटलांटा यूनाइटेड के अध्यक्ष और मुख्य कार्यकारी अधिकारी गार्थ लेगरवे कैंसर का इलाज करा रहे हैं और इसी कारण उन्होंने अनिश्चितकाल के लिए छुट्टी ले ली है। क्लब ने गुरुवार को यह जानकारी दी और बताया कि उनके पूरी तरह ठीक होने की उम्मीद है, जो एक सकारात्मक संकेत है। हालांकि, उनकी वापसी की कोई निश्चित तारीख तय नहीं की गई है। क्लब के मालिक और चेयरमैन आर्थर एम. ब्लैंक ने एक बयान में कहा, "गार्थ की मजबूत इच्छाशक्ति और सकारात्मक सोच उन्हें एक बेहतरीन लीडर बनाती है। हमें पूरा भरोसा है कि वे इस मुश्किल समय को भी मजबूती से पार करेंगे।
सेनेगल की नौसेना ने 201 प्रवासियों को पकड़ा
सेनेगल की नौसेना ने बुधवार को एक बड़ी कार्रवाई करते हुए 201 पश्चिम अफ्रीकी प्रवासियों को गिरफ्तार किया, जो अटलांटिक महासागर के रास्ते यूरोप जाने की कोशिश कर रहे थे। यह कार्रवाई देश के पश्चिमी हिस्से के फाउंडियूग्ने इलाके में की गई। सेनेगल की सेना ने अपने बयान में बताया कि इनमें से 69 लोगों को जमीन पर पकड़ा गया, जबकि 132 लोगों को एक छोटी लकड़ी की नाव (पिरोग) में सलूम डेल्टा के पास मंगलवार शाम को रोका गया। ये सभी अवैध तरीके से स्पेन के कैनरी द्वीप जाने की कोशिश कर रहे थे।
हाल के वर्षों में पश्चिम अफ्रीका से स्पेन के कैनरी द्वीप तक का समुद्री रास्ता एक बार फिर लोकप्रिय लेकिन खतरनाक मार्ग बन गया है। 2024 में अब तक करीब 47,000 लोग इस रास्ते से कैनरी द्वीप पहुंचे हैं, जो 2023 के लगभग 40,000 से ज्यादा है।
नेपाल की संसद भवन में गिरा ड्रोन, कॉलेज के प्रोफेसर और चार छात्र गिरफ्तार
काठमांडू में गुरुवार को एक बड़ा हादसा तब हुआ जब एक ड्रोन उड़ान भरते हुए नेपाल की संसद भवन परिसर में जा गिरा। इस मामले में एक कॉलेज के प्रोफेसर और चार छात्रों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। काठमांडू मेट्रोपॉलिटन पुलिस के प्रवक्ता अपिल बोहरा ने जानकारी दी कि यह ड्रोन मंगलवार को संसद भवन की छत पर मिला, जो एक नो-फ्लाई ज़ोन है।
पुलिस जांच में सामने आया है कि यह ड्रोन टेकस्पायर कॉलेज से उड़ाया गया था। इसी कॉलेज के एक शिक्षक और चार छात्र इसे टेस्ट फ्लाइट के तौर पर उड़ा रहे थे। कॉलेज के प्रिंसिपल लक्ष्मण पोखरेल ने बताया कि यह ड्रोन छात्रों की एक शैक्षणिक परियोजना (असाइनमेंट) का हिस्सा था और वे इसका परीक्षण कर रहे थे, लेकिन अचानक ड्रोन से संपर्क टूट गया और वह संसद परिसर में जा गिरा। फिलहाल पुलिस ने सभी पांचों को हिरासत में लेकर जांच शुरू कर दी है और आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
ट्रंप ने कनाडा के सामान पर 35% टैरिफ का किया एलान
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने गुरुवार (स्थानीय समयानुसार) बड़ा फैसला लेते हुए कनाडा से आने वाले उत्पादों पर 35 प्रतिशत टैरिफ (आयात शुल्क) लगाने की घोषणा की है। ट्रंप ने इस फैसले की जानकारी कनाडाई प्रधानमंत्री मार्क कार्नी को एक पत्र लिखकर दी, जिसे उन्होंने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म "ट्रुथ सोशल" पर साझा भी किया। ट्रंप ने पत्र में लिखा कि अमेरिका में फैले फेंटानिल ड्रग संकट के लिए कनाडा की लापरवाही भी जिम्मेदार है, क्योंकि वह अपने यहां से इस नशीली दवा को अमेरिका में आने से रोकने में विफल रहा है। उन्होंने कहा कि कनाडा को कई बार चेतावनी दी गई, लेकिन उसने अमेरिका के साथ सहयोग करने की बजाय जवाबी टैरिफ लगाए। इसलिए, 1 अगस्त 2025 से अमेरिका कनाडा से आने वाले सामान पर 35% शुल्क लगाएगा। यह शुल्क सभी सेक्टोरल टैरिफ से अलग होगा।
अमेरिका में निर्माण पर नहीं लगेगा शुल्क
ट्रंप ने यह भी साफ किया कि यदि कनाडाई कंपनियां अमेरिका में निर्माण करना चाहती हैं, तो उन पर कोई टैरिफ नहीं लगाया जाएगा। उन्होंने कहा, "हम उन्हें जल्दी और पेशेवर तरीके से सभी परमिट देने में मदद करेंगे, ताकि निर्माण कार्य कुछ ही हफ्तों में शुरू हो सके।
जवाबी कार्रवाई पर दी कड़ी चेतावनी
ट्रंप ने चेतावनी देते हुए कहा कि अगर कनाडा अमेरिकी उत्पादों पर अपने टैरिफ बढ़ाता है, तो अमेरिका भी उसी अनुपात में अपना टैरिफ बढ़ाएगा। उन्होंने कनाडा के डेयरी उत्पादों पर लगने वाले भारी टैरिफ को भी अनुचित बताया और कहा कि अमेरिका के लिए ट्रेड डेफिसिट (व्यापार घाटा) एक आर्थिक और राष्ट्रीय सुरक्षा का खतरा बन चुका है।
उत्तरी अफ्रीका में बसे देश मोरक्को के भारत में राजदूत मोहम्मद मलिकी ने पश्चिम एशिया के हालात और देश की नीतियों को लेकर तस्वीर साफ की है। उन्होंने कहा, फलिस्तीन मोरक्को की विदेश नीति के केंद्र में है, इस पर कभी कोई समझौता नहीं हुआ। बकौल मलिकी, 'हम ज्यादा नहीं बोलते हैं, लेकिन जिन्हें जानने की जरूरत है, वे जानते हैं।' राजदूत की यह टिप्पणी इसलिए भी अहम है क्योंकि पश्चिम एशिया में इस्राइल और हमास के बीच बीते 21 महीने से जारी हिंसक संघर्ष में 55 हजार से अधिक लोग मारे जा चुके हैं। गाजा में अभूतपूर्व मानवीय त्रासदी के बीच संयुक्त राष्ट्र महामारी की चेतावनी जारी कर चुका है। मलिकी ने फलस्तीन और मोरक्को के रिश्ते को लेकर कहा, हम हमेशा से बहुत सहयोगी रहे हैं। हमने इसे कभी खतरे में नहीं डाला और न ही इस पर कोई सौदेबाजी की। उन्होंने कहा, हिंसक संघर्ष के बीच गाजा में जो कुछ हो रहा है वह "शर्मनाक" है। मोरक्को के राजदूत ने दोहराया कि अरब जगत ने भी फलिस्तीन के प्रति एकजुटता दिखाई है। उन्होंने कहा, 'समय कई चीजों का इलाज है...जितनी जल्दी हम इस समस्या का समाधान करेंगे, भविष्य में दुनिया उतनी ही बेहतर होगी।
अमेरिका के स्वास्थ्य एवं मानव सेवा विभाग ने कहा है कि ट्रंप प्रशासन देश में अवैध रूप से रह रहे अप्रवासियों को हेड स्टार्ट कार्यक्रम का लाभ नहीं लेने देगा। अमेरिका का संघीय वित्त पोषित प्रीस्कूल कार्यक्रम- हेड स्टार्ट, कम आय वाले परिवारों के बच्चों की प्रारंभिक शिक्षा, स्वास्थ्य, पोषण के लिए बनाया गया है। इसके तहत माता-पिता को भी कुछ सेवाओं का लाभ मिलता है। अब ट्रंप प्रशासन का कहना है कि उन अप्रवासियों को संघीय लाभ नहीं मिलेगा, जिनके पास कानूनी दर्जा नहीं है। खबरों के मुताबिक अमेरिका में अवैध रूप से रह रहे लोगों को खाद्य टिकट, छात्र ऋण और उच्च शिक्षा जैसी जरूरतों के लिए वित्तीय सहायता नहीं मिलती है। संघीय सुविधाओं से वंचित इन लोगों को दशकों से हेड स्टार्ट और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों से लाभ मिलता है।
पेरू के सशस्त्र संघर्ष के दौरान मानवाधिकार हनन के पीड़ितों के वकीलों ने गुरुवार को अंतरराष्ट्रीय निकायों से अपील की कि वे देश की कांग्रेस द्वारा पिछली रात पारित किए गए माफी कानून को रद्द कर दें। कांग्रेस ने बुधवार देर रात 1980 से 2000 के बीच देश के सशस्त्र संघर्ष के दौरान गंभीर मानवाधिकार हनन के लिए अभियोजित सैन्य सदस्यों और नागरिकों को माफी प्रदान करने के लिए विधेयक पारित किया। मानवाधिकार संगठनों के एक गठबंधन ने कहा कि नया कानून 156 दोषसिद्धियों तथा 600 अन्य मामलों को समाप्त कर सकता है जिन पर मुकदमा चल रहा है।
सिएटल में लोगों ने लिया भारतीय आम का स्वाद
सिएटल स्थित भारतीय महावाणिज्य दूतावास ने कृषि एवं प्रसंस्कृत खाद्य उत्पाद निर्यात विकास प्राधिकरण (एपीडा) के साथ साझेदारी में भारतीय आमों के स्वाद को प्रदर्शित करने वाले एक विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया। इसमें लोगों ने आम के व्यंजनों का आनंद लिया।
हंगरी के प्रधानमंत्री विक्टर ओर्बन ने शुक्रवार को यूक्रेनी अधिकारियों पर एक हंगरी-यूक्रेनी दोहरी नागरिकता वाले व्यक्ति की सेना में भर्ती के दौरान पीट-पीटकर हत्या करने का आरोप लगाया। यूक्रेन ने इस दावे को खारिज कर दिया है, लेकिन इससे पड़ोसी देशों के बीच संबंध और तनावपूर्ण हो गए हैं। यूक्रेन और रूस के व्यापक आक्रमण को रोकने के उसके प्रयासों के कट्टर आलोचक ओर्बन ने सरकारी रेडियो को बताया कि इस महीने की शुरुआत में एक यूक्रेनी अस्पताल में कथित तौर पर मारे गए एक व्यक्ति को उसके भर्तीकर्ताओं ने पीट-पीटकर मार डाला था। उन्होंने आरोप की पुष्टि के लिए कोई सबूत नहीं दिया और कहा कि मामले की जांच जारी है।
ओर्बन का यह बयान हंगरी के विदेश मंत्रालय द्वारा अपुष्ट रिपोर्ट को लेकर यूक्रेनी राजदूत को तलब करने के एक दिन बाद आया है। मंत्रालय ने दावा किया कि यूक्रेनी सैन्य भर्तीकर्ताओं ने उस व्यक्ति को सेना में जबरन भर्ती के तहत पीटा था और फिर उसे भर्ती केंद्र ले गए थे। यूक्रेनी अधिकारियों ने इस बयान का खंडन करते हुए कहा है कि वह व्यक्ति एक यूक्रेनी नागरिक था, जो बिना अनुमति के अपनी सैन्य इकाई से चला गया था और बाद में अस्पताल में भर्ती हो गया। उन्होंने कहा कि अस्पताल को हिंसा का कोई संकेत देने वाली शारीरिक चोट नहीं मिली।
ऑस्ट्रेलिया के दूरदराज के आउटबैक इलाके में 12 दिन से लापता जर्मन टूरिस्ट कैरोलिना विल्गा को शुक्रवार को जीवित पाया गया। वह 26 जून से लापता थीं और आखिरी बार उन्हें बीकन नाम के छोटे शहर में देखा गया था, जो पर्थ शहर से 320 किलोमीटर दूर है। उनकी वैन गुरुवार को जंगल में फंसी मिली, जिससे खोज अभियान तेज हुआ। शुक्रवार को एक आम व्यक्ति ने उन्हें एक ट्रेल पर चलते हुए देखा। पुलिस के अनुसार, वह बेहद कमजोर अवस्था में थीं लेकिन गंभीर रूप से घायल नहीं थीं। उन्हें हेलीकॉप्टर से पर्थ के अस्पताल ले जाया गया।
वह 740,000 एकड़ के कर्रौन हिल नेचर रिजर्व में भटक गई थीं, जहां तापमान रात में 2.6°C तक गिर जाता है। पुलिस मानती है कि उनकी वैन कीचड़ में फंस गई थी और वे रास्ता भटक गईं। पुलिस ने इसे एक चमत्कार करार दिया और कहा कि उनका जिंदा मिलना बहुत बड़ी सफलता है।
अमेरिका ने एक बार फिर मैक्सिको से मवेशियों की एंट्री पर रोक लगा दी है। वजह है एक खतरनाक मांस खाने वाला परजीवी, जो पहले से ज्यादा उत्तर की तरफ यानी अमेरिका की सीमा के नज़दीक पहुंच गया है। इस पर मैक्सिको के राष्ट्रपति ने नाराज़गी जताई। साथ ही कहा है कि अमेरिका इस खतरे को बढ़ा-चढ़ाकर पेश कर रहा है। बता दें कि परजीवी का नाम है न्यू वर्ल्ड स्क्रूवॉर्म फ्लाई। यह मक्खी जख्मों पर अंडे देती है, जिनसे ऐसे कीड़े निकलते हैं जो मरे हुए शरीर पर नहीं, बल्कि जिंदा जानवरों के मांस पर पलते हैं। यही बात इसे खतरनाक बनाती है।अमेरिकी अधिकारियों को डर है कि अगर यह मक्खी टेक्सास तक पहुंच गई, तो मवेशी उद्योग को भारी आर्थिक नुकसान हो सकता है, जैसा कि 1970 के दशक में हुआ था। उस समय अमेरिका ने इस मक्खी को खत्म करने के लिए बड़ी संख्या में नपुंसक नर मक्खियां पैदा की थीं, जो मादा मक्खियों से प्रजनन नहीं कर पाती थीं। तब से यह परजीवी केवल पनामा तक सीमित था। लेकिन पिछले साल के अंत में यह दक्षिणी मैक्सिको में फिर पाया गया।
पाकिस्तान के उत्तर-पश्चिमी खैबर पख्तूनख्वा प्रांत में शुक्रवार को एक निर्माणाधीन आजान जावेद प्राथमिक स्कूल को विद्रोहियों ने आईईडी विस्फोट से उड़ा दिया। यह एक सरकारी प्राथमिक बालिका स्कूल था। पुलिस के अनुसार, विस्फोट के समय इमारत खाली थी, इसलिए कोई हताहत नहीं हुआ। स्कूल बन्नू जिले के बका खेल पुलिस क्षेत्राधिकार में आता है। जानकारी के अनुसार, धमाका काफी शक्तिशाली था, जिससे इमारत को काफी संरचनात्मक नुकसान पहुंचा। पुलिस ने बताया कि घटना के संबंध में एक प्राथमिकी दर्ज की गई है और फोरेंसिक टीमें विस्फोट स्थल से साक्ष्य एकत्र करने के लिए तैनात की गई हैं।
अधिकारियों ने हमले की निंदा करते हुए क्षेत्र में शैक्षिक विकास को पटरी से उतारने की कोशिश करार दिया है। ऑस्ट्रेलियाई थिंक टैंक लोवी इंस्टीट्यूट की रिपोर्ट के अनुसार, 2007 से 2017 के बीच जनजातीय क्षेत्रों में 1,100 से अधिक बालिका स्कूलों को नष्ट किया गया है, जिसमें शिक्षकों और युवा छात्राओं को भी निशाना बनाया गया। तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान (टीटीपी) ने स्वात जिले में अपने गढ़ से जनजातीय क्षेत्रों और प्रांत के जिलों में बालिका स्कूलों पर सैकड़ों हमले किए हैं। 2014 में सुरक्षा बलों की कार्रवाई के बाद टीटीपी विद्रोही अफगानिस्तान भाग गए और वहां से सीमा पार हमलों को अंजाम देने लगे।
नेपाल के रसुवा और नुवाकोट जिलों में भोटेकोशी और त्रिशूली नदियों में आई बाढ़ से कम से कम 10 जलविद्युत परियोजनाएं क्षतिग्रस्त हो गई हैं। अधिकारियों ने शुक्रवार को बताया कि हालांकि, इससे देश की बिजली निर्यात क्षमता पर कोई विशेष प्रभाव नहीं पड़ेगा। चीन-नेपाल सीमा के पास मंगलवार को रसुवा जिले में ग्लेशियल झील फटने से आई अचानक बाढ़ से दोनों देशों को जोड़ने वाले मैत्री पुल बह गया। इससे कम से कम नौ लोगों की मौत हो गई, जबकि 19 लोग अभी भी लापता हैं।
बाढ़ में कई दर्जन कंटेनर और वाहन भी बह गए।इंडिपेंडेंट पावर प्रोड्यूसर्स एसोसिएशन नेपाल (आईपीपीएएन) ने एक बयान में कहा कि 251 मेगावाट बिजली उत्पादन करने वाली सात परियोजनाएं पूरी तरह बंद हो गई हैं। क्षतिग्रस्त परियोजनाओं में 111 मेगावाट की रसुवागढ़ी, 60 मेगावाट की त्रिशूली 3ए, 25 मेगावाट की त्रिशूली और 22 मेगावाट की चिलिमे प्रमुख हैं। निर्माणाधीन परियोजनाओं में 216 मेगावाट की अपर त्रिशूली और 100 मेगावाट की सुपर त्रिशूली शामिल हैं। अधिकारियों ने बताया कि मरम्मत कार्य शुरू कर दिया गया है और जल्द ही स्थिति सामान्य होने की उम्मीद है।
नेपाल के पूर्व प्रधानमंत्री माधव कुमार नेपाल और पूर्व उप-प्रधानमंत्री बामदेव गौतम अपनी-अपनी पार्टियों के एकीकरण पर सहमत हो गए हैं। एक स्थानीय अखबार की रिपोर्ट के अनुसार, नेपाल और गौतम ने एक संयुक्त बयान में कहा कि नेपाल के कम्युनिस्ट आंदोलन को एकजुट करने की ऐतिहासिक आवश्यकता को देखते हुए क्रमशः सीपीएन (एकीकृत समाजवादी) और सीपीएन एकता राष्ट्रीय अभियान के एकीकरण का निर्णय लिया गया है।
माधव नेपाल की पार्टी के प्रतिनिधि सभा (निचले सदन) में 10 सदस्य और राष्ट्रीय सभा (उच्च सदन) में आठ सदस्य हैं, जबकि गौतम की पार्टी का दोनों सदनों में कोई प्रतिनिधित्व नहीं है। अखबार ने बयान का हवाला देते हुए कहा कि औपचारिक विलय की घोषणा 18 जुलाई को काठमांडू स्थित राष्ट्रीय सभा हॉल में की जाएगी। पिछले महीने, नेपाल, जो सीपीएन-यूनिफाइड सोशलिस्ट के अध्यक्ष भी हैं, पर नेपाल की भ्रष्टाचार निरोधक एजेंसी ने भूमि गबन के एक मामले में आरोप लगाया था। अधिकार के दुरुपयोग की जांच आयोग (सीआईएए) ने एक निजी कंपनी के साथ भूमि सौदे में कथित संलिप्तता के लिए माधव नेपाल और 92 अन्य के खिलाफ एक विशेष अदालत में मामला दायर किया।