World: यूक्रेन से रूसी सैनिकों की तत्काल वापसी के प्रस्ताव को UNGA की मंजूरी; इराक में जनगणना के आंकड़े जारी
संयुक्त राष्ट्र महासभा (यूएनजीए) ने सोमवार को यूक्रेन के उस प्रस्ताव को मंजूरी दे दी, जिसमें आक्रमण के तीन साल पूरे होने पर यूक्रेन से सभी रूसी सैनिकों की तत्काल वापसी की मांग की गई है। कुल 193 सदस्यीय विश्व निकाय में 93 सदस्यों ने इसके पक्ष में मतदान किया जबकि 18 ने विरोध किया। भारत सहित 65 सदस्य मतदान से अनुपस्थित रहे। इस निकाय के प्रस्ताव कानूनी रूप से बाध्यकारी नहीं हैं, लेकिन इन्हें विश्व जनमत का संकेतक माना जाता है।
पिछले प्रस्तावों में 140 से अधिक देशों ने रूस की आक्रामकता की निंदा की थी तथा चार यूक्रेनी क्षेत्रों पर उसके कब्जे को हटाने की मांग की थी। भारत ने यूक्रेन युद्ध के शांतिपूर्ण समाधान के लिए आह्वान करने वाले यूएनजीए प्रस्ताव पर मतदान में हिस्सा नहीं लिया
इराक में जनगणना के अंतिम आंकड़े जारी
इराक में करीब चालीस वर्षों के बाद हुई पहली जनगणना के अंतिम आंकड़े सोमवार को जारी किए गए। इनमें देश की जनसंख्या 4.1 करोड़ बताई गई है। 2009 में एक अनाधिकारिक जनगणना में इराक की आबादी 3.6 करोड़ आंकी गई थी। इराकी अधिकारियों ने इस जनगणना को मील का पत्थर बताया और कहा कि यह भविष्य की योजनाओं और संसाधनों के वितरण के लिए आवश्यक आंकड़े प्रदान करेगा।
जनगणना के आंकड़ों की घोषणा करते हुए इराक के योजना मंत्री मोहम्मद तमीम ने कहा कि यह जनगणना सरकार की देश की स्थिति को सुधारने की प्रतिबद्धता को दर्शाती है। इराकी सरकार दशकों तक चले युद्ध और अशांति के बाद अर्थव्यवस्था को सुधारने की कोशिश कर रही है। इस जनगणना में इराक की आर्थिक, शैक्षिक और आवासीय स्थिति के बारे में विस्तृत जानकारी प्रदान की गई है।
ईयू ने सीरिया पर लगे प्रतिबंधों में दी ढील
यूरोपीय संघ (ईयू) ने सीरिया पर लगे उर्जा, परिवहन और बैंकिंग प्रतिबंधों में ढील देना शुरू कर दिया है। इसका मकसद युद्धग्रस्त सीरिया की अर्थव्यवस्था को फिर से मजबूत करना है, बशर्ते उसके नए नेता शांति की दिशा में काम करें। साल 2011 में तत्कालीन राष्ट्रपति बशर अल-असद ने विरोधियों पर सख्त कार्यवाही की थी, जिसके बाद ईयू ने सीरिया के अधिकारियों, बैंकों और संस्थाओं पर प्रतिबंध लगा दिए थे, जिसके बाद सीरिया में गृह युद्ध शुरू हो गया था।
लेकिन दिसंबर में विद्रोहियों ने दमिश्क पर कब्जा कर लिया और अल-असद को देश छोड़कर भागना पड़ा। इसके बाद हयात तहरीर अल-शाम (एचटीएस) ने एक अंतरिम प्रशासन का गठन किया और कहा कि मार्च तक एक नई समावेशी सरकार का गठन किया जाएगा। ईयू ने नई सरकार को प्रोत्साहित करने के लिए तेल, गैस, बिजली, परिवहन और विमानन क्षेत्र पर लगाए गए प्रतिबंधों को रद्द करने का फैसला किया। साथ ही पांच बैंकों को कुछ आर्थिक संसाधन देने की भी अनुमति दी।
ओहायो गवर्नर की दौड़ में शामिल होने के लिए तैयार विवेक रामास्वामी
ओहायो गवर्नर के लिए बायोटेक उद्यमी विवेक रामास्वामी अपने अभियान की शुरुआत करने के लिए तैयार हैं। बता दें कि, रामास्वामी ने 2024 में राष्ट्रपति पद के लिए जीओपी नामांकन की मांग की, लेकिन बाद में ट्रंप का समर्थन करने के लिए बाहर हो गए। विवेक रामास्वामी ने गवर्नर की दौड़ में प्रमुख समर्थन और दानदाताओं को शामिल करते हुए ट्रंप के साथ अपने संबंधों को बढ़ावा दिया है, लेकिन राष्ट्रपति ने अभी तक कोई औपचारिक समर्थन नहीं किया है। रामास्वामी रिपब्लिकन गवर्नर माइक डेविन, जो एक अनुभवी केंद्र-दक्षिणपंथी राजनीतिज्ञ हैं, का स्थान लेने के लिए एक प्रतिस्पर्धी जीओपी प्राथमिक क्षेत्र में शामिल हुए हैं, जिनका कार्यकाल सीमित है।
पाकिस्तान में खुफिया अभियान में सात विद्रोही ढेर
पाकिस्तानी सुरक्षा बलों ने देश के अशांत खैबर पख्तूनख्वा प्रांत में दो अलग-अलग अभियानों में 7 विद्रोहियों को मार गिराया। सेना के मीडिया विंग इंटर-सर्विसेज पब्लिक रिलेशंस (आईएसपीआर) ने रविवार को बताया कि खुफिया जानकारी के आधार पर ये ऑपरेशन डेरा इस्माइल खान जिले में किए गए। सुरक्षा बलों को विद्रोहियों आतंकवादियों की मौजूदगी की सूचना मिली थी। इसके बाद कार्रवाई की गई। पहला ऑपरेशन दरबान क्षेत्र में किया गया, जहां सुरक्षा बलों ने विद्रोहियों के ठिकाने पर हमला कर 4 विद्रोहियों को ढेर कर दिया।
दूसरा ऑपरेशन मड्डी इलाके में किया गया, जहां तीन विद्रोहियों को मार गिराया गया। आईएसपीआर ने बताया कि आतंकवादियों से हथियार और गोला-बारूद भी बरामद किए गए। ये विद्रोही इलाके में कई हिंसक गतिविधियों में शामिल थे। बयान में कहा गया कि क्षेत्र को पूरी तरह साफ करने के लिए सैनिटाइजेशन ऑपरेशन शुरू किया गया है। पाकिस्तान इंस्टीट्यूट फॉर कॉन्फ्लिक्ट एंड सिक्योरिटी स्टडीज (पीआईसीएसएस) के आंकड़ों के अनुसार, जनवरी 2025 में पाकिस्तान में आतंकी हमलों में तेजी से वृद्धि हुई है। पिछले महीने की तुलना में इन हमलों में 42 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई।
यूक्रेन और यूरोपीय सुरक्षा पर यूरोपीय संघ का आपातकालीन शिखर सम्मेलन
यूरोपीय संघ में शामिल 27 देशों के नेता यूक्रेन और यूरोप की सुरक्षा के लिए नई रणनीति बनाने को लिए 6 मार्च को एक आपातकालीन शिखर सम्मेलन करेंगे। यूरोपीय परिषद के अध्यक्ष एंटोनियो कोस्टा ने रविवार को इस बारे में जानकारी दी। उन्होंने कहा कि वह ब्रुसेल्स में शिखर सम्मेलन बुला रहे हैं। कोस्टा ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में कहा कि हम यूक्रेन और यूरोपीय सुरक्षा के लिए एक निर्णायक क्षण जी रहे हैं।
गुयाना के स्वास्थ्य मंत्री बोले- भारत ने बचाई लाखों की जान
अफ्रीकी देश गुयाना के स्वास्थ्य मंत्री फ्रैंक एंथनी ने कोरोना महामारी के दौरान की गई मदद के लिए भारत का आभार जताया है। भारत दौरे पर आए एंथनी ने कहा कि कोविड के दौरान भारत ने गुयाना समेत कई देशों को वैक्सीन देकर मदद की। भारत की ओर से मदद के तौर पर दी गई वैक्सीन के चलते गुआना में कई लोगों की जिंदगी बच सकी।
गुआना के स्वास्थ्य मंत्री एंथनी ने कहा, मुझे लगता है कि कोविड के दौरान, भारत से हमें जो टीके मिले, उससे हमें बड़ी संख्या में लोगों की जान बचाने में मदद मिली। एक समय ऐसा भी था, जब हम पूरी दुनिया में टीके पाने के लिए देख रहे थे। कोई भी हमें कोरोना की वैक्सीन बेचने को तैयार नहीं था। ऐसे मुश्किल समय में भारत आगे आया और कोरोना की वैक्सीन देकर हमारे देश की मदद की। उन्होंने कहा, हम जानते हैं कि जिस समय हमें टीके मिले, उस समय भारत खुद भी इस महामारी से जूझ रहा था। फिर भी भारत ने दूसरे देशों की तरह जमाखोरी नहीं की, बल्कि मुश्किल समय में मदद का हाथ बढ़ाया, जिसके लिए हम भारत के आभारी हैं। एंथनी ने यह भी कहा कि गुयाना को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और विदेश मंत्री एस. जयशंकर का स्वागत करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ था. प्रधानमंत्री मोदी 20-21 नवंबर 2024 को गुयाना की यात्रा पर थे।
सूडान के महत्वपूर्ण शहर ओबैद पर एक वर्ष से अधिक समय से कुख्यात अर्धसैनिक समूह ‘रेपिड सपोर्ट फोर्स (आरएसएफ)’ ने कब्जा कर रखा था जिसे खत्म कर सेना ने वहां अपना नियंत्रण स्थापित कर लिया है। अधिकारियों ने यह जानकारी देते हुए बताया कि सेना की इस कार्रवाई से दक्षिण-मध्य क्षेत्र में एक रणनीतिक इलाके तक उनका कब्जा बहाल हो गया है। सैन्य प्रवक्ता ब्रिगेडियर जनरल नबील अब्दुल्ला ने एक बयान में कहा कि सेना ने रविवार को व्हाइट नाइल प्रांत में आरएसएफ को उसके अंतिम गढ़ से भी खदेड़ दिया। पिछले वर्ष अप्रैल में सूडान में सेना और आरएसएफ के बीच बढ़ते तनाव के बाद पूरे देश में युद्ध शुरू हो गया था और इसके साथ ही वहां अराजकता फैल गई थी।
फ्रांस के मार्सिले में रूसी वाणिज्य दूतावास के पास विस्फोट होने की खबर आई है। वहीं इस घटना की जानकारी देते हुए रूसी टीवी न्यूज नेटवर्क ने बताया कि, फिलहाल इस घटना में कोई हताहत नहीं हुआ है।
Explosion near Russian consulate in Marseille, France; no casualties, says RT, the Russian TV news network, citing reports. pic.twitter.com/W5qnQTKpih
— ANI (@ANI) February 24, 2025
बांग्लादेश में कुछ उपद्रवियों के समूह ने कॉक्स बाजार में समिति पारा के पास वायुसेना बेस पर अचानक हमला किया। एक स्थानीय समाचार पत्र की रिपोर्ट के अनुसार, इंटर-सर्विसेज पब्लिक रिलेशंस (आईएसपीआर) की एक अधिसूचना में कहा गया है कि बांग्लादेश वायुसेना जवाब में आवश्यक कार्रवाई कर रही है।
फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने सोमवार को व्हाइट हाउस में अपने अमेरिकी समकक्ष से मुलाकात की। यह मुलाकात ऐसे समय में हो रही है, जब यूक्रेन युद्ध और यूरोप के साथ अमेरिका के संबंधों के भविष्य को लेकर अनिश्चितता बनी हुई। ट्रंप ने अपने दूसरे कार्यकाल में अमेरिका की विदेश नीति में बदलाव किया है और यूरोपीय नेतृत्व से दूरी बनाते हुए रूस के साथ युद्ध को खत्म करने के लिए कदम उठाए हैं। इस बैठक के दौरान ट्रंप और मैक्रों जी7 देशों के नेताओं के साथ डिजिटल माध्यम से एक बैठक में शामिल हुए, जिसमें यूक्रेन युद्ध पर चर्चा की गई।