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अमेरिकाः कमला हैरिस की चमक फीकी होने से बढ़ रही है डेमोक्रेटिक पार्टी की चिंताएं
Thu, 16 Dec 2021 01:49 PM IST
अजय सिंह
वर्ल्ड डेस्क , अमर उजाला, वॉशिंगटन
वर्ल्ड डेस्क , अमर उजाला, वॉशिंगटन
Published by: अजय सिंह
Updated Thu, 16 Dec 2021 01:49 PM IST
सार
कमला हैरिस दक्षिण एशियाई मूल की पहली ब्लैक महिला हैं, जो उप राष्ट्रपति बनी हैं। पिछले साल चुनाव के दौरान जब बाइडेन ने उन्हें उप राष्ट्रपति पद का उम्मीदवार बनाया, तो उनके नाम को लेकर काफी उत्साह पैदा हुआ था।
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कमला हैरिस
- फोटो : ANI
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विस्तार
उप राष्ट्रपति बनने के दस महीनों के बाद अमेरिका में ये आम धारणा बनी है कि कमला हैरिस एक प्रेरक नेता के रूप में अपनी छवि बनाने में नाकाम रही हैं। दस महीने पहले ये आम सोच थी कि 2024 में राष्ट्रपति पद के लिए डेमोक्रेटिक पार्टी की उम्मीदवार होंगी। लेकिन मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक अब डेमोक्रेटिक पार्टी में कई नामों पर सोच विचार होने लगा है।
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अमेरिकी टीवी चैनल सीएनएन की वेबसाइट पर छपी एक रिपोर्ट में 11 ऐसे नामों की चर्चा की गई है। हालांकि उनमें कमला हैरिस का नाम भी है, लेकिन अब उनकी उम्मीदवारी को पक्का नहीं समझा जा रहा है। अमेरिकी मीडिया में लगातार छप रही खबरों के मुताबिक राष्ट्रपति जो बाइडेन 2024 में फिर से चुनाव लड़ने को लेकर गंभीर हैं। लेकिन उनकी गिरती लोकप्रियता और बढ़ती उम्र के कारण उनकी संभावनाएं उज्ज्वल नहीं समझी जा रही हैं। 2024 में बाइडेन 82 साल के हो जाएंगे।
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कमला हैरिस दक्षिण एशियाई मूल की पहली ब्लैक महिला हैं, जो उप राष्ट्रपति बनी हैं। पिछले साल चुनाव के दौरान जब बाइडेन ने उन्हें उप राष्ट्रपति पद का उम्मीदवार बनाया, तो उनके नाम को लेकर काफी उत्साह पैदा हुआ था। लेकिन अब आम चर्चा है कि उनकी चमक फीकी पड़ गई है। अखबार वॉशिंगटन पोस्ट ने अपनी एक रिपोर्ट में उन्हें सबसे कम लोकप्रिय उप राष्ट्रपति बताया है। कुछ समय पहले सीएनएन ने एक रिपोर्ट में कहा था कि हैरिस की टीम में तालमेल की कमी है।
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अखबार यूएसए टुडे ने पिछले सात नवंबर को एक जनमत सर्वेक्षण की रिपोर्ट प्रकाशित की। उसमें बताया गया कि सिर्फ 27.8 प्रतिशत लोग हैरिस के कामकाज से संतुष्ट हैं। उनकी ये एप्रूवल रेटिंग राष्ट्रपति बाइडन की रेटिंग से लगभग आधी है। वेबसाइट निक्कईएशिया.कॉम की एक रिपोर्ट में कहा गया है कि प्रशासनिक और राजनयिक अनुभव ना होने की वजह से कमला हैरिस लोगों की अपेक्षा के मुताबिक प्रदर्शन नहीं कर पाई हैं।
मीडिया रिपोर्टों में कहा गया है कि 2024 के चुनाव में रिपब्लिकन पार्टी की तरफ से पूर्व राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप के फिर चुनाव लड़ने की पूरी संभावना है। बीते अक्तूबर में हार्वर्ड यूनिवर्सिटी के सेंटर फॉर अमेरिकन पोलिटिकल स्टडीज ने एक सर्वे किया था। उसमें बताया गया कि रिपब्लिकन पार्टी के समर्थकों के बीच ट्रंप जितना लोकप्रिय कोई और नेता नहीं है। डेमोक्रेटिक पार्टी का भी आकलन है कि ट्रंप एक मजबूत उम्मीदवार होंगे। उन्हें कोई मजबूत डेमोक्रेटिक उम्मीदवार ही टक्कर दे पाएगा।
इस लिहाज से बाइडेन और कमला हैरिस की स्थिति फिलहाल कमजोर दिख रही है। सीएनएन का कहना है कि इसी वजह से दूसरे डेमोक्रेटिक विकल्पों की चर्चा भी शुरू हो गई है। जिन नामों का खास जिक्र हुआ है, उनमें पीट बुटिजीज, एलिजाबेथ वॉरेन, एमी क्लोबुचर और रॉय कूपर शामिल हैं। बुटिजीज, वॉरेन और क्लोबुचर ने पिछले साल भी पार्टी की उम्मीदवारी पाने की कोशिश की थी। लेकिन उनकी लोकप्रियता सीमित मानी जाती है। कमला हैरिस को पहले उनसे अधिक लोकप्रिय साझा जाता था। लेकिन हाल के समय में ये धारणा तेजी से बदली है।