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रूसी डीजल आयात: अमेरिकी सांसदों की बैंकों, बंदरगाहों और कंपनियों को चेतावनी, कहा- हो सकती है कानूनी कार्रवाई

Tue, 27 Oct 2026 02:25 PM IST
देवेश त्रिपाठी पीटीआई, वॉशिंगटन
पीटीआई, वॉशिंगटन Published by: देवेश त्रिपाठी Updated Tue, 27 Oct 2026 02:25 PM IST
सार

अमेरिकी सांसदों के एक द्विदलीय समूह ने रूसी डीजल के संभावित आयात को लेकर बैंकों, बंदरगाह प्राधिकरणों और ईंधन वितरकों को कानूनी कार्रवाई की चेतावनी दी है। सांसदों का कहना है कि रूसी ऊर्जा उत्पादों का आयात अमेरिकी कानून के दायरे में प्रतिबंधित है और इससे मिलने वाली कमाई यूक्रेन में रूस के युद्ध को जारी रखने में मदद कर सकती है।

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रूस को डीजल बेचने की छूट पर अमेरिकी सांसदों का विरोध - फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स

विस्तार

अमेरिकी सांसदों के एक द्विदलीय समूह ने बैंकों, बंदरगाह प्राधिकरणों और ईंधन वितरकों को चेतावनी दी है कि रूस से डीजल आयात की सुविधा देने पर उन्हें कानूनी कार्रवाई और कांग्रेस की जांच का सामना करना पड़ सकता है।
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सांसदों ने प्रमुख वित्तीय संस्थानों, बंदरगाहों और ईंधन वितरक कंपनियों के प्रमुखों को लिखे पत्रों में कहा कि अमेरिकी कानून का उल्लंघन करते हुए आयात में मदद करने वाली कंपनियों पर आपराधिक और दीवानी कार्रवाई हो सकती है।
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ट्रंप की छूट के बाद बढ़ा विवाद
यह चेतावनी ऐसी खबरों के बीच आई है कि रूसी डीजल की खेप अमेरिकी तटों की ओर बढ़ रही है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इसी महीने की शुरुआत में रूस को अमेरिका समेत वैश्विक बाजारों में डीजल की आपूर्ति करने की छूट दी थी।
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सांसदों ने 2022 के 'एंडिंग इंपोर्टेशन ऑफ रशियन ऑयल एक्ट' की धारा 2 का हवाला दिया। इस कानून के तहत रूस में बने ऊर्जा उत्पादों, जिनमें डीजल ईंधन भी शामिल है, के आयात पर आम तौर पर रोक है। कानून के मुताबिक, आयात की अनुमति तभी दी जा सकती है, जब राष्ट्रपति कांग्रेस को प्रमाणित करें कि रूस ने यूक्रेन में सभी सैन्य शत्रुताएं रोक दी हैं और नाटो के सदस्य देशों के लिए कोई तत्काल खतरा नहीं है।

कई प्रमुख बैंकों और बंदरगाहों को पत्र
पत्र पर हस्ताक्षर करने वालों में डेमोक्रेटिक पार्टी के सीनेटर जीन शाहीन, रॉन वाइडन, शेल्डन व्हाइटहाउस, क्रिस कून्स और एलिजाबेथ वॉरेन के साथ रिपब्लिकन सीनेटर थॉम टिलिस शामिल हैं। न्यूयॉर्क के पांचवें कांग्रेसनल जिले का प्रतिनिधित्व करने वाले सांसद ग्रेगरी मीक्स ने भी पत्र पर हस्ताक्षर किए हैं।

ये पत्र जेपीमॉर्गन चेज, बैंक ऑफ अमेरिका, सिटीग्रुप, वेल्स फार्गो, गोल्डमैन सैक्स और मॉर्गन स्टेनली के मुख्य कार्यकारी अधिकारियों को भेजे गए हैं। इसके अलावा टेक्सास के ह्यूस्टन, कॉर्पस क्रिस्टी और ब्यूमोंट बंदरगाह प्राधिकरणों तथा न्यूयॉर्क और न्यू जर्सी के बंदरगाह प्राधिकरणों को भी पत्र लिखे गए हैं।

रूस के युद्ध को आर्थिक मदद मिलने की आशंका
सांसदों ने कहा कि रूसी ऊर्जा उत्पादों का आयात राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए गंभीर चिंता का विषय है, क्योंकि इससे होने वाली कमाई यूक्रेन के खिलाफ रूस के युद्ध को जारी रखने में इस्तेमाल हो सकती है। उन्होंने संबंधित कंपनियों से रूसी मूल के डीजल के किसी भी प्रस्तावित या वास्तविक आयात से जुड़े सभी रिकॉर्ड सुरक्षित रखने की मांग भी की है।

सांसदों ने सार्वजनिक खबरों और जहाजों की आवाजाही से जुड़े आंकड़ों का हवाला देते हुए कहा कि रूसी डीजल ले जा रहे जहाज अक्टूबर के अंत तक ब्यूमोंट और न्यूयॉर्क-न्यू जर्सी बंदरगाह तक पहुंच सकते हैं। उन्होंने कहा, ''मॉस्को को वैश्विक बाजारों में रूसी डीजल स्वतंत्र रूप से बेचने की अनुमति देना अमेरिका के सुरक्षा हितों को नुकसान पहुंचाता है और यूक्रेन के लोगों के साथ विश्वासघात है, जो रूस के घातक और अवैध युद्ध के खिलाफ अपनी रक्षा कर रहे हैं।''


सांसदों ने कंपनियों से आग्रह किया कि वे संबंधित कानूनी शर्तें पूरी होने तक अमेरिका में रूसी डीजल की खरीद, परिवहन, आयात, जहाज से उतारने, भंडारण, वित्तपोषण या वितरण में मदद न करें। उन्होंने जनरल लाइसेंस 135 में वर्णित रूसी डीजल से जुड़े अन्य लेनदेन में भी सहयोग न करने की अपील की।
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