दक्षिण कोरिया: यूं सुक-योल ने ली राष्ट्रपति पद की शपथ, उत्तर कोरिया को परमाणु मुक्त बनाने का किया आह्वान
मुख्य विपक्षी पीपल पावर पार्टी के 60 वर्षीय यूं ने चुनाव में 48.6 प्रतिशत वोट पाकर सत्तारूढ़ डेमोक्रेटिक पार्टी के ली जे-म्युंग को राष्ट्रपति की दौड़ से बाहर कर दिया था।
विस्तार
दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति मून जेई इन की सोमवार को विदाई हो गई। अब यूं सुक-योल यहां के नए राष्ट्रपति होंगे। सोमवार को उन्होंने राष्ट्रपति पद की शपथ ली। मुख्य विपक्षी पीपल पावर पार्टी के 60 वर्षीय यूं ने चुनाव में 48.6 प्रतिशत वोट पाकर सत्तारूढ़ डेमोक्रेटिक पार्टी के ली जे-म्युंग को राष्ट्रपति की दौड़ से बाहर कर दिया था। डेमोक्रेटिक पार्टी को 47.8 प्रतिशत वोट मिले थे। राष्ट्रपति पद की शपथ लेते ही यूं सुक-योल ने उत्तर कोरिया को परमाणु मुक्त करने का आह्वान किया।
इससे पहले पूर्व राष्ट्रपति मून जेई इन ने अपने विदाई भाषण में कहा कि उन्हें उम्मीद है कि कोरियाई प्रायद्वीप में शांति बहाली और परमाणु विसैन्यीकरण के प्रयास जारी रहेंगे।
रोजगार सृजन पर रहेगा जोर
अब अगले पांच वर्षों के लिए एशिया की चौथी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था को संभालने की जिम्मेदारी नए राष्ट्रपति यूं की है। यूं ने नेशनल असेंबली में कहा था कि वह सरकारी परियोजनाओं के बजाय निजी क्षेत्र के नेतृत्व में रोजगार सृजन सहित बाजार के नेतृत्व वाले दृष्टिकोणों का समर्थन करते हैं। उनका कहना है कि उनकी योजना कंपनियों के लिए लालफीताशाही में कटौती और आभासी संपत्ति उद्योग को नियंत्रित करने की है।
विदेश नीति
यूं से जुड़े लोगों ने कहा कि दक्षिण कोरिया की सरकार उत्तर कोरिया के साथ बातचीत को फिर से शुरू करने की कोशिश करेगी और अगर प्योंगयांग परमाणु निरस्त्रीकरण के लिए ठोस कार्रवाई करता है तो उसके लिए महत्वपूर्ण और त्वरित लाभ के साथ एक रोडमैप तैयार करेगा। यूं संयुक्त राज्य अमेरिका के साथ विस्तारित परमाणु गठबंधन परामर्श का विस्तार करना चाहते हैं साथ ही वह वाशिंगटन और टोक्यो के साथ एक त्रिपक्षीय साझेदारी को मजबूत करना चाहते हैं और संयुक्त राज्य अमेरिका, ऑस्ट्रेलिया, जापान और भारत की क्वाड सभा में भी शामिल होना चाहते हैं।
पीएम मोदी ने दी बधाई
यूं सुक-योल को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बधाई दी। उन्होंने ट्वीट कर लिखा, मैं कोरिया गणराज्य के राष्ट्रपति को हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं देता हूं। आज जब उनका कार्यकाल शुरू हो रहा है। मैं उनसे जल्द ही मिलने और भारत और दक्षिण कोरिया के संबंधों को और मजबूत और समृद्ध करने के लिए मिलकर काम करने की आशा करता हूं।