Russia: रूसी व्यक्ति ने ड्रिल मशीन से अपने ही दिमाग में किया छेद, मरने की नौबत आने पर भी लगाई चिप
माइकल ने कहा कि इतनी खतरनाक प्रक्रिया करके और नए तरीकों का परीक्षण करके मैं बेहद खुश हूं। यह तरीका एक दिन बहुत उपयोगी साबित हो सकता है। इससे लोगों को उनके सपनों में प्रवेश करने की अनुमति मिल सकती है। माइकल ने सर्जरी के 5 हफ्ते बाद चिप हटा दी।
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रूस में एक व्यक्ति ने बगैर किसी मदद के घर में ड्रिल मशीन से अपने ही दिमाग की सर्जरी कर डाली। इसके बाद उसमें एक चिप इंप्लांट की। सपनों को नियंत्रित करने की चाह में वह 10 घंटे तक मौत के मुंह में रहा।
अपनी सर्जरी करने वाले माइकल रडुगा ने कहा कि उसे न्यूरोसर्जरी का कोई अनुभव नहीं था। इस दौरान उसका बहुत खून बह गया था। जान जाने तक की नौबत आ गई थी। घंटों बाद उसने अपने मस्तिष्क में इलेक्ट्रोड (एक चिप) प्रत्यारोपित किया। उसे लगता है कि इससे वह एक दिन अपने सपनों को नियंत्रित करने में पूरी तरह से सक्षम हो जाएगा। माइकल ने बताया, मेरे पास न्यूरोसर्जरी से संबंधित कोई योग्यता नहीं है। इसके बाद मैंने हार्डवेयर स्टोर में मिली एक ड्रिल की मदद से सिर में छेद किया और त्वचा के कुछ हिस्सों को पेपर क्लिप की मदद से पकड़कर चिप को इंप्लांट कर दिया। माइकल ने कहा, शुरू में मुझे डर लग रहा था, लगभग बेहोशी की हालत हो गई थी। बहुत खून बह गया था।
सर्जरी करके खुश हूं: माइकल
माइकल ने कहा कि इतनी खतरनाक प्रक्रिया करके और नए तरीकों का परीक्षण करके मैं बेहद खुश हूं। यह तरीका एक दिन बहुत उपयोगी साबित हो सकता है। इससे लोगों को उनके सपनों में प्रवेश करने की अनुमति मिल सकती है। माइकल ने सर्जरी के 5 हफ्ते बाद चिप हटा दी, क्योंकि इसके कारण उसे लंबे समय तक चलने वाले नुकसान का खतरा हो सकता है। ऑक्सफोर्ड यूनिवर्सिटी के सलाहकार न्यूरोसर्जन एलेक्स ग्रीन ने कहा, इसे घर पर बिल्कुल नहीं आजमाना चाहिए क्योंकि यह खतरनाक है।