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Russia Ukraine War: रूस पर भारी यूक्रेन, अब तक 6,000 वर्ग किमी क्षेत्र छुड़ाया, पुतिन को झटका

Wed, 14 Sep 2022 12:18 AM IST
Jeet Kumar न्यूयॉर्क टाइम्स न्यूज सर्विस, कीव/खारकीव।
न्यूयॉर्क टाइम्स न्यूज सर्विस, कीव/खारकीव। Published by: Jeet Kumar Updated Wed, 14 Sep 2022 12:18 AM IST
सार

यूक्रेन ने उत्तर-पूर्व के इजियम क्षेत्र भागती रूसी सेना से पिछले दिनों 20 से ज्यादा कस्बों-गांवों पर फिर कब्जा कर लिया है। यूक्रेन ने पश्चिमी देशों से उसे और हथियार भेजने को कहा, ताकि अभियान और तेज हो सके।

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Russia targets power plants, power crisis in Ukraine
सांकेतिक तस्वीर। - फोटो : PTI

विस्तार

रूस-यूक्रेन युद्ध में पिछले एक सप्ताह के भीतर निर्णायक बदलाव आए हैं। यूक्रेनी राष्ट्रपति ने दावा किया कि उनकी सेना ने अब तक 6,000 वर्ग किमी क्षेत्र रूसी सेना से दोबारा अपने नियंत्रण में ले लिया है। इसी उत्साह में यूक्रेन ने मंगलवार को कहा कि उसने उत्तर-पूर्व में रूसी सेना को खदेड़ने के बाद अब अपने सभी क्षेत्रों को मुक्त कराने का लक्ष्य रखा है। रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के लिए यह एक बड़ा झटका है।

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खारकीव क्षेत्र में उग्र संघर्ष के बीच यूक्रेनी उप रक्षा मंत्री हन्ना मलयार ने पुन: कब्जा किए दक्षिण-पूर्व स्थित बालाक्लिया शहर में कहा, हमारी सेना अच्छी प्रगति कर रही है। उनका ऑपरेशन सुनियोजित है। यूक्रेन की दक्षिणी कमान ने कहा कि उसके बलों ने पिछले 24 घंटों में 500 वर्ग किमी क्षेत्र पर कब्जा किया है। इस हमले में 59 रूसी सैनिक मारे गए और 20 सैन्य उपकरण नष्ट हो गए। यूक्रेनी बलों ने सितंबर की शुरुआत से अब तक रूसी सेना को पीछे हटने के लिए मजबूर कर 6,000 वर्ग किमी क्षेत्र पर दोबारा नियंत्रण हासिल कर लिया है। राष्ट्रपति जेलेंस्की ने कहा, हमारी सेना बहुत तेजी से आगे बढ़ रही है। उन्होंने अपने विमान रोधी रक्षा बलों को भी इस सफलता पर धन्यवाद कहते हुए पश्चिम से हथियार प्रणालियों की आपूर्ति में तेजी लाने की अपील की।  
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यूक्रेन सीमा पर बड़े हमले जारी : रूस
रूसी रक्षा मंत्रालय ने संघर्ष को लेकर अपनी दैनिक ब्रीफिंग में कहा कि यूक्रेनी सशस्त्र बलों की इकाइयों पर वायु, रॉकेट और तोपखाने के साथ बड़े हमले किए जा रहे हैं। मंत्रालय ने कहा कि रूस ने पूर्वी दोनेस्क क्षेत्र में स्लोवियांस्क और कोंस्तेन्तिनोव्का के आसपारस यूक्रेनी ठिकानों पर उच्च सटीक हमले किए हैं। इस क्षेत्र में मॉस्को की सेना 2014 से यूक्रेनी अलगाववादियों पर शासन करती रही है। अब उसने इन्हीं इलाकों में यूक्रेनी बलों से भीषण युद्ध की सूचना दी है। राष्ट्रपति पुतिन के प्रवक्ता ने कहा कि खारकीव क्षेत्र में नागरिकों से अपमानजनक बर्ताव की खबरें मिल रही हैं।
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यूक्रेन का दावा, ईरानी ड्रोन मार गिराया
यूक्रेनी सेना ने मंगलवार को पहली बार दावा किया कि उसने युद्ध के मैदान में रूस द्वारा इस्तेमाल किए गए ईरान के एक ड्रोन को मार गिराया है। अमेरिकी खुफिया एजेंसी ने जुलाई में कहा था कि ईरान ने रूस को बम ले जाने में सक्षम सैकड़ों ड्रोन भेजने की योजना बनाई है ताकि युद्ध में यूक्रेन के खिलाफ इनका इस्तेमाल किया जा सके। यूक्रेनी सेना से जुड़ी एक वेबसाइट ने ड्रोन के मलबे की तस्वीर प्रकाशित की। इसे कुपियांस्क के नजदीक मार गिराया गया।

यूक्रेन का ध्यान लुहांस्क, दोनेस्क पर
यूक्रेनी राष्ट्रपति जेलेंस्की ने 8 सितंबर को 1,000 वर्ग किमी क्षेत्र पर दोबारा नियंत्रण लेने और रविवार तक 3,000 वर्ग किमी क्षेत्र पर पुन: कब्जे का दावा किया। लेकिन अब उन्होंने 6,000 वर्ग किमी इलाके पर फिर नियंत्रण की पुष्टि की। हालांकि अब भी यूक्रेन के बडे़ हिस्से पर रूस ने कब्जा किया हुआ है। इसीलिए यूक्रेन ने पूरे क्षेत्र पर फिर नियंत्रण लेने का लक्ष्य रखा है। यूक्रेन अब लुहांस्क और दोनेस्क क्षेत्रों पर ध्यान केंद्रित कर रहा है।

पश्चिम से मदद मांगी
यूक्रेन की रणनीति रूसी सेना को उत्तर-पूर्व में घेरकर दक्षिण की तरफ बढ़ने की है। यहां दोनेस्क और लुहांस्क क्षेत्र के कई इलाकों पर अब भी रूस का कब्जा है। यहां कार्रवाई के लिए यूक्रेन को हथियारों की बड़ी खेप की जरूरत पड़ेगी। इसे देखते हुए राष्ट्रपति जेलेंस्की ने पश्चिम से और मदद मांगी है।

अपनी जमीन छुड़ाने के लिए संघर्ष कर रहे यूक्रेनी : अमेरिका
अमेरिका ने यूक्रेन को समर्थन जारी रखने का संकल्प जताते हुए कहा है कि यूक्रेनी लोग अपने देश की रक्षा करने और रूस द्वारा कब्जाई गई अपनी जमीन को वापस लेने के लिए कड़ा संघर्ष कर रहे हैं। व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव कैरीन जीन-पियरे ने कहा, हम युद्ध के मैदान में यूक्रेनी लोगों को सफल होने के लिए आवश्यक समर्थन देना जारी रखेंगे।
 

यूक्रेन द्वारा 3,000 वर्ग किमी भूमि पर दोबारा नियंत्रण लेने के बाद रूस ने स्वीकार किया कि उसने खारकीव के लगभग पूरे उत्तरी क्षेत्र को खो दिया है। इस बीच, यूक्रेन ने आरोप लगाया कि हमारी कार्रवाई से बौखलाए रूस ने यूक्रेनी ऊर्जा संयंत्रों और अन्य बुनियादी ढांचों पर बड़े हमले किए हैं जिससे देश में बिजली संकट पैदा हो गया है। उधर, यूक्रेन ने भागती रूसी सेना से सोमवार को गोला-बारूद जब्त कर उन्हें रूस की सीमा तक खदेड़ दिया।

वहीं, यूक्रेन के राष्ट्रपति वलोडिमिर जेलेंस्की ने कहा कि यूक्रेन की सेना ने महीने की शुरुआत से दक्षिणी और पूर्वी यूक्रेन में रूस के कब्जे वाले 6,000 वर्ग किलोमीटर से अधिक क्षेत्र पर कब्जा कर लिया है।

20 से ज्यादा कस्बों-गांवों पर दोबारा कब्जा
यूक्रेन ने उत्तर-पूर्व के इजियम क्षेत्र भागती रूसी सेना से पिछले दिनों 20 से ज्यादा कस्बों-गांवों पर फिर कब्जा कर लिया है। यूक्रेन ने पश्चिमी देशों से उसे और हथियार भेजने को कहा, ताकि अभियान और तेज हो सके। खारकीव के क्षेत्रीय गवर्नर ओले सिनीहुबोव ने कहा, कुछ जगहों पर हमारे रक्षक रूस से लगती सीमा तक पहुंच गए हैं। 

इस लड़ाई में खुद को पीछे हटता देख रूसी सेना ने यूक्रेन के ऊर्जा संयंत्रों व बुनियादी ढांचों पर निशाना साधा, जिससे देश में बिजली संकट पैदा हो गया है। हालांकि सोमवार शाम तक यूक्रेन ने 80 फीसदी बिजली को बहाल करने का दावा किया है। खारकीव के पश्चिमी बाहरी इलाके में बमबारी से एक ऊर्जा संयंत्र में भीषण आग लगी और एक मौत भी हुई। राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की ने नागरिकों पर हमले आतंकी कृत्य बताए।

रात भर गुल रही बिजली
यूक्रेन के दूसरे सबसे बड़े शहर खारकीव में रविवार रात से गुल बिजली सोमवार को भी गायब ही रही। लोगों को अंधेरी सड़कों पर गाड़ियां चलानी पड़ीं। रूस ने बिजली स्टेशनों पर मिसाइलें दागीं, जिससे खारकीव व आसपास के पोल्तावा तथा सुमी क्षेत्रों में ब्लैकआउट हो गया। रूसी कब्जे वाले दक्षिणी क्षेत्र में जपोरिझिया परमाणु संयंत्र को इलाके में लड़ाई तेज होने पर परमाणु विकिरण की आपदा से बचने की कवायद के तौर पर बंद कर दिया गया है।

गोला-बारूद छोड़कर भागे रूसी सैनिक
कीव की खारकीव क्षेत्र में रूस के कब्जे वाले इलाकों को फिर से अपने कब्जे में लेने की कार्रवाई के बाद मॉस्को सेनाओं ने खुद को घेरे जाने के डर से क्षेत्र से भागना शुरू कर दिया है। भागते वक्त रूसी सेना बड़ी तादाद में हथियारों और गोला-बारुद का जखीरा छोड़कर जा रहे हैं। खारकीव के गवर्नर ओलेह सिनेहुबोव ने कहा कि यूक्रेनी सेना ने क्षेत्र में 40 से अधिक बस्तियों पर फिर से कब्जा कर लिया है।

संयंत्र को ग्रिड से जोड़ने वाली लाइनें तबाह
यूक्रेन के मुताबिक, रूस ने देश के दूसरे सबसे बड़े ऊर्जा संयंत्र खारकीव टीईसी-5 पर हमला किया। राष्ट्रपति जेलेंस्की ने खारकीव ऊर्जा संयंत्र में आग लगने का वीडियो भी पोस्ट किया है। दुनिया में 10 सबसे बड़े परमाणु ऊर्जा केंद्रों में से एक इस संयंत्र पर युद्ध की शुरुआत से ही रूसी सेना ने कब्जा कर रखा है। रूस-यूक्रेन के एक-दूसरे पर लगाए जा रहे बमबारी के आरोपों के बीच संयंत्र को ग्रिड से जोड़ने वाली बिजली की लाइनें तबाह हो चुकी हैं।

यूक्रेन ने खेरसॉन में खोला बड़ा मोर्चा
ब्रिटेन के रक्षा मंत्रालय ने कहा कि रूस ने संभवत: अपने बलों को ओस्किल नदी के पश्चिम में सभी खारकीव क्षेत्र से हटने का आदेश दिया है, जो मुख्य आपूर्ति मार्ग को छोड़कर पूर्व में रूस के संचालन को बनाए रखता था। ब्रिटेन ने कहा कि मॉस्को की सेनाएं भी दक्षिण में संघर्ष कर रही थीं, लेकिन यूक्रेन ने खेरसॉन प्रांत में एक बड़ा मोर्चा खोल दिया। इसका लक्ष्य नीप्रो नदी के पश्चिमी तट पर हजारों रूसी सैनिकों को अलग करना है।
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