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ये हैं समंदर की असली जलपरियां

Wed, 20 Sep 2017 09:14 PM IST
बीबीसी, हिंदी
बीबीसी, हिंदी Updated Wed, 20 Sep 2017 09:14 PM IST
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they are real water fairies
जलपरियां - फोटो : siren.doll Instagram
कहानियों वाली जलपरियां हकीकत में नहीं होतीं लेकिन अमरीका और ब्रिटेन के तटों पर यह दिखती भी हैं, जैसा कि तस्वीर में आप देख सकते हैं।
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लेकिन हकीकत में ये वहां के तटों पर पनपता नया बिजनेस है जो पिछले दो साल से जोर पकड़ रहा है। एक अनुमान के मुताबिक 2015 में करीब एक हजार लोग पेशेवर जलपरी (मर्मेड) के रूप में काम कर रहे हैं। इसमें महिलाएं और पुरुष दोनों ही शामिल हैं।
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जलपरी की हकीकत

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जलपरा - फोटो : siki red
अंडरवियर पर बनीं लाल धारियां और जांघों पर नारियल तेल मल कर समुद्र तट के पत्थर पर सुंदर गुलाबी और सफेद सिलिकन पूंछ और सुनहरे लंबे बालों के साथ बैठे इस शख्स ने जलपरी का रूप धरा है। यह शख्स जलपरी बनने के पेशे में है जिसमें इसे पूंछ लगाकर अक्सर इसके साथ तैरना होता है।

32 वर्षीय इस युवक सीकी ने बीबीसी से कहा, "अगर आपको पूंछ लगानी है तो पहले आपको खुद भिगना पड़ता है।" इसके बाद वो एक हसीन जलपरी का रूप लेते हुए पीछे की ओर लेट जाते हैं।

ब्रिटेन में पनप रहा पेशा

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जलपरी की पूंछ - फोटो : siki red
अब यह पेशा ब्रिटेन में भी अपने पांव पसारने लगा है। यहां जुलाई के महीने में पहली बार मिस मर्मेड प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। यहां के लोगों में जलपरी ट्रेनिंग कैंप के प्रति रुझान बढ़ता जा रहा है। लोग इसे खतरनाक खेल के रूप में सीख रहे हैं।

अब गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड में शामिल होने के मसकद से सीकी 324 जलपरियों के साथ बेक्सहिल समुद्र तट पर इक्ट्ठा हो रहे हैं। फिलहाल ऐसा कोई रिकॉर्ड उपलब्ध नहीं है लेकिन उन्होंने इस रिकॉर्ड को दर्ज करवाने के लिए जरूरी 300 के आंकड़े को पार कर लिया है।

इंस्टाग्राम पर हैशटैग #mermaid को करीब 65 लाख वोट मिले हैं।
इनमें से अधिकांश लोग हाथ से बने मुकुट और गिटार के आकार जैसी बिकिनी में दिखे लेकिन सीकी के दल ने सबसे अच्छा प्रदर्शन किया।
 
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बेहद महंगी है पूंछ

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जलपरी की पूंछ - फोटो : siri red
ये सब एक दूसरे से एक फेसबुक समूह में मिले और इसके बाद मिलना शुरू कर दिया। इनके लिए ये शौक पालना आसान नहीं था क्योंकि एक सिलिकन पूंछ की कीमत तीन हजार पाउंड (यानी 2 लाख 60 हजार रुपये) और वजन 20 किलो के आस पास है। एक बार पूंछ लग गई तो फिर जमीन पर चलना लगभग नामुमकिन है।

तैराकी का जुनून

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जलपरी - फोटो : hannah norton
केंट से एमए की पढ़ाई पूरी कर चुकी लॉरेन इस पेशे में पिछले चार सालों से हैं। लॉरेन कहती हैं, "मेरा परिवार मुझे बचपन से ही लिटिल मर्मेड कहा करती थी क्योंकि मेरे भीतर पानी और समुद्र को लेकर हमेशा जुनून रहा है। एक बार मुझे मालूम चला कि आप पूंछ खरीद सकते हैं तो फिर मैं पीछे मुड़ कर नहीं देखी।"

वो कहती हैं, "मैं गंभीर चिंता, अवसाद और बेचैनी से परेशान थी, अक्सर घर से निकलना मेरे लिए आसान नहीं होता। लेकिन मर्मेड बनने के बाद से मेरे जीवन में बहुत बदलाव आ गया।"

लॉरेन ने कहा, "जब आप पानी पर होते हैं तो आप केवल बहते रहते हैं। आप पानी का हिस्सा बन जाते हैं। अचानक, आपकी सभी चिंताएं गायब हो जाती हैं। जब भी मैं पूंछ में होती हूं, बाकी सभी चीजें अपने आप ही बह जाती हैं। अब इसने पूरी तरह मेरे इलाज का रूप ले लिया है।"

"यह जादू है"

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जलपरी - फोटो : hannah norton
जब लॉरेन ने इस समूह से जुड़ी थीं तब इसमें 50 लोग थे। आज इसके 150 सदस्य हमेशा मिलते और साथ तैरते हैं। लॉरेन इसे अपना करियर बनाना चाहती हैं तो 23 वर्षीय लिली रोज इसे अपना करियर बना चुकी हैं।

लिली पिछले पांच साल से इससे जुड़ी हुई हैं। वो कहती हैं, "यह जादू है। जब आप किसी बच्चे को यह कहते हुए सुनते हैं कि 'ओह वो देखो वहां जलपरी दिख रही है', तो यह वास्तव में अद्भुत होता है।"

लिली कहती हैं, "यह पैरों को कड़ा बना देता है, पैर में दर्द भी काफी होता है। लेकिन लोगों की मुस्कान के लिए इसे करने में बहुत आनंद आता है।"
लॉरेन इससे सहमत होते हुए कहती हैं, "तैरने के लिए आवश्यक तेजी आवश्यक है और 12 किलो की पूंछ लेकर ऐसा करना आसान नहीं है।"
 

आसान नहीं पेशे में बना रहना

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जलपरी - फोटो : hannah norton
सीकी, जो एक कलाकार हैं अब उन लोगों में से हैं जो ब्रिटेन में बस गए हैं और करीब 1.30 लाख रुपये में जलपरी की पूंछ बेचने का काम करते हैं।मैं सिलिकॉन रबर से पूंछ बनाता हूं। कई लोगों को नई कार की चाहत है तो कई अन्य लोगों को जलपरी की पूंछ चाहिए।"

जलपरी इतिहासकार प्रोफेसर सारा पिवर्ले ने कहा, "ऐसा लगता है कि हाल के दिनों में जलपरी बनने के शौक में इजाफा हुआ है। लेकिन इन्होंने सदियों पहले से साहित्य, फिल्म और कला में हमारा ध्यान खींचती रही हैं।"

क्या बोलता है मनोविज्ञान?

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जलपरी - फोटो : File Photo
मनोवैज्ञानिक डॉक्टर राचेल एंड्र्यूज कहती हैं, "यह सभी तरह के तनावों से बचाने में सक्षम हो रहा है, इसके अलग तत्व विभिन्न लोगों को आकर्षित करते हैं। कई लोगों को इसमें कामुकता भी दिखती है।"

वो कहती हैं, "जलपरी हों या पुरुष लोग इन्हें पाने की इच्छा रखते हैं, हालांकि ये बिल्कुल भी उपलब्ध नहीं हैं।"

"किक मिलता है"

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जलपरी - फोटो : File Photo
33 वर्षीय लुईस ने पहली बार जलपरी की खबरों को देखने के बाद ही तैरना सीखा जिससे की वो इससे जुड़ सकें। वो कहती हैं, "मुझे इससे किक मिलता है और मैं जितना संभव हो अपनी जिंदगी का आन्नद उठाती हूं।"
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