दुनिया भर के पर्यटकों को आकर्षित करता है स्टोनहेंज का रहस्य
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
इंग्लैंड को अगर देखना है तो ग्रामीण इलाकों को जरूर देखें। दूर-दूर तक हरियाली। कतारबद्ध पेड़, खुले खेत, भेड़ और घोड़ों के चारागाह। लंदन से बाहर निकलते ही ऐसे नजारे देखकर आप खो जाएंगे। लगभग डेढ़ घंटे की यात्रा कर अचानक हाइवे से गाड़ी आपको नीचे ले जाएगी। दो-तीन किलोमीटर के बाद आपको दूर से स्टोनहेंज दिखने लगेगा।
स्टोनहेंज यानी लगभग चार हजार साल पहले विशालकाय पत्थरों से बनी एक आकृति। इसे देखना एक अनुभव से गुजरना है। थोड़ी देर पैदल चलकर इसके करीब पहुंच जाएंगे। नजर डालते ही जैसे इतिहास जीवित हो उठेगा। आपके मन में सवाल उठेंगे? हजारों साल पहले किसने बनाया इसे? बिना क्रेन या लिफ्ट के इन भारी पत्थरों को एक दूसरे के ऊपर कैसे रखा गया होगा? भूकंप वगैरह आने पर भी यह पत्थर गिरे क्यों नहीं?
स्टोनहेंज के चारों तरफ अब बाड़ है। पहले इसके अंदर जाने की लोगों को इजाजत थी। पर बड़ी संख्या में आने वाले पर्यटक इसे खराब करने लगे थे वे पत्थरों पर अपना नाम लिखने लगे। इसलिए अब इसके अंदर जाना मना है। आप इसके चक्कर लगाकर आनंद ले सकते हैं।
20 मील दूर से लाए गए 25 टन वजनी पत्थर
आइये स्टोनहेंज के रहस्य को समझने की कोशिश करते हैं। विशेषज्ञ कहते हैं कि जिस जगह स्टोनहेंज है वह दस हजार साल से आबाद रही है। स्टोनहेंज का निर्माण चार से पांच हजार साल पहले हुआ है। उत्खनन से पता चला कि यहां स्टोनहेंज से 15 गुना विशाल पत्थरों का मकबरानुमा रहा होगा।
यह जगह पवित्र थी और शायद लोगों को दफनाने के काम आती थी। स्टोनहेंज के पत्थरों का आकार लंबाई में नौ मीटर और वजन 25 टन तक था। माना जाता है कि इन पत्थरों को मार्लबरो डाउन्स कस्बे से किसी तरह ढोकर लाया गया होगा। इन्हें 20 मील दूर से कैसे लाया गया होगा इसे कोई नहीं जानता।
वैज्ञानिकों को यहां से जानवरों की 350 हड्डियां और हजारों औजार भी मिले हैं। इससे पता चलता है कि इस इलाके में लंबे समय तक बसावट रही। स्टोनहेंज के बारे में किताबें या सोवनर गेट पर मौजूद दुकानों से लिए जा सकते हैं।
विजिट ब्रिटेन से लें जानकारी
स्टोनहेंज या इंग्लैंड के पर्यटन से जुड़ी कोई भी छोटी-बड़ी जानकारी आप विजिट ब्रिटेन डाट काम वेबसाइट से ले सकते हैं। इससे आपकी यात्रा आसान होगी। साथ में पता भी चल सकेगा कि कौन सी जगह आप देख सकते हैं।