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इंटरनेट पर निगरानी करतीं 20 लाख आंखें

Sun, 06 Oct 2013 03:27 PM IST
Updated Sun, 06 Oct 2013 03:27 PM IST
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china employs web monitors

चीन में बीस लाख से ज़्यादा लोगों को सरकार ने इंटरनेट की निगरानी के लिए तैनात किया है।

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चीन के सरकारी मीडिया ने यह जानकारी दी है। इंटरनेट पर सरकारी नियंत्रण की कोशिश की यह अनोखी जानकारी है।

'दि बीजिंग न्यूज़' के अनुसार निगरानी करने वाले यानी इंटरनेट ओपिनियन एनेलिस्ट (इंटरनेट मत विश्लेषक) सरकार के भीतर और व्यवसायिक नौकरियों दोनों में हैं।

चीन के अरबों वेब यूज़र्स में सरकार की आलोचना करने और गुस्सा ज़ाहिर करने के लिए माइक्रोब्लॉग्स का इस्तेमाल बढ़ रहा है। ताज़ा शोधों से पता चला है कि चीनी सेंसर सोशल मीडिया के पर कतरने में सक्रिय है।

ऐसे होता है काम
बीजिंग न्यूज़ की रिपोर्ट के अनुसार इन लोगों को पोस्टिंग डिलीट करने की ज़रूरत नहीं पड़ती।

रिपोर्ट के अनुसार उन्हें, "माइक्रोब्लॉग्स पर जनता की राय इकट्ठी करके विश्लेषण करने तक सीमित रहना होता है और नीति निर्माताओं के लिए रिपोर्ट तैयार करनी होती है।"
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रिपोर्ट में इन निगरानीकर्ताओं के काम करने के बारे में और जानकारी भी दी गई है।

इसमें बताया गया है कि थांग चियाओथाओ लगभग पिछले छह महीने से निगरानीकर्ता के रूप में काम कर रहे हैं। हालांकि रिपोर्ट में यह नहीं बताया गया कि वह कहां काम कर रहे हैं।
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रिपोर्ट के मुताबिक़, "वह रोज़ अपने कंप्यूटर के आगे बैठते हैं और एक एप्लीकेशन खोल लेते हैं। वह ग्राहकों द्वारा तय चुने गए शब्द टाइप करते हैं।"

"फिर वह ग्राहक से जुड़े नकारात्मक विचारों को देखते हैं, उन्हें एकत्र करते हैं और एक रिपोर्ट तैयार कर ग्राहक को भेज देते हैं।"

रिपोर्ट के अऩुसार ऑफ़िस में इस्तेमाल होने वाले सॉफ़्टवेयर और भी आधुनिक हैं और हज़ारों सर्वरों पर चलते हैं। यह चीन से बाहर की वेबसाइटों की भी निगरानी करते हैं।


चीन इंटरनेट पुलिस फ़ोर्स की क्षमता के बारे में ब्यौरे बिरले ही देता है।

प्रशिक्षण
यह माना जा रहा है कि बीस लाख निगरानीकर्ता उस विशाल सेना का एक हिस्सा हैं, जिन पर चीनी सरकार इंटरनेट नियंत्रण के मामले में भरोसा करती है।

अख़बार के अनुसार सरकार पहली बार एक प्रशिक्षण सत्र आयोजित कर रही है, जो 14 से 18 अक्तूबर तक चलेगा।

हालांकि अभी तक यह साफ़ नहीं कि यह प्रशिक्षण मौजूदा निगरानीकर्ताओं के लिए होगा या नए लोगों के लिए।

इस प्रशिक्षण में आठ भाग होंगे, जिनके ज़रिए प्रतिभागियों को विश्लेषण करना और ऑनलाइन पोस्टिंग पर फ़ैसला करना और संकट की स्थिति से निपटना सिखाया जाएगा।

चीन में सबसे लोकप्रिय माइक्रोब्लॉगिंग वेबसाइट सिना वीबो 2010 में शुरू की गई थी और अब इसके पचास करोड़ सदस्य हैं और इस पर रोज़ दस करोड़ मैसेज पोस्ट किए जाते हैं।

इनमें कई विषयों पर टिप्पणियां की जाती हैं, जिनमें निजी पसंद से लेकर स्वास्थ्य, चर्चित लोगों के बारे में गपशप, खाद्य सुरक्षा तक शामिल है।

लेकिन इसके अलावा राजनीतिक रूप से संवेदनशील मामलों जैसे सरकारी भ्रष्टाचार पर भी टिप्पणी की जाती है।

ऐसी टिप्पणियां जो राजनीतिक रूप से ग़लत मानी जाती हैं, नियमित रूप से मिटाई जाती हैं।

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