प्रधानमंत्री मोदी को बहरीन ने 'द किंग हमाद ऑर्डर ऑफ द रेनेसां' से नवाजा, इन क्षेत्रों में किए करार
- पीएम ने नेशनल स्टेडियम में किया भारतीय समुदाय को संबोधित
- बहरीन की धरती से अपने मित्र अरुण जेटली को याद किया
- पांच हजार साल पुराने हैं भारत-बहरीन के संबंध : मोदी
विस्तार
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को शनिवार को बहरीन के मनामा में ‘द किंग हमाद ऑर्डर ऑफ द रेनेसां’ के सम्मान से नवाजा गया। इसके बाद उन्होंने बहरीन के शाह हमाद बिन इसा अल खलीफा के साथ विभिन्न द्विपक्षीय और क्षेत्रीय मुद्दों पर बातचीत की। प्रधानमंत्री मोदी की बहरीन की यात्रा इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि इस देश की यात्रा करने वाले वह पहले भारतीय प्रधानमंत्री हैं।
प्रधानमंत्री कार्यालय ने अपने एक ट्वीट में कहा कि प्रधानमंत्री मोदी को ‘द किंग हमाद ऑर्डर ऑफ द रेनेसां’ से सम्मानित किया गया। इसकी घोषणा बहरीन के शाह की ओर से की गई थी।
वहीं पीएम मोदी ने यह सम्मान मिलने पर कहा कि मैं ‘द किंग हमाद ऑर्डर ऑफ द रेनेसां’ पाकर अपने आपको बहुत सम्मानित और भाग्यशाली महसूस कर रहा हूं। मैं मेरे लिए और मेरे देश के लिए आपकी मित्रता से भी उतना ही सम्मानित महसूस कर रहा हूं। मैं 1.3 अरब भारतीयों की ओर से इस प्रतिष्ठित सम्मान को विनम्रता और आदरपूर्वक स्वीकार करता हूं।
PM Modi in Bahrain: It is an honour for entire India. This is a symbol of the close and friendly relations between the Kingdom of Bahrain and India. https://t.co/VrxPXnBpwe
— ANI (@ANI) August 24, 2019
अंतरिक्ष प्रौद्योगिकी और सांस्कृतिक आदान-प्रदान को लेकर भारत-बहरीन में करार
भारत और बहरीन ने शनिवार को द्विपक्षीय वार्ता के साथ अंतरिक्ष प्रौद्योगिकी, अंतरराष्ट्रीय सौर गठबंधन (आईएसए) और सांस्कृतिक आदान-प्रदान के क्षेत्रों में सहयोग पर भी सहमति जताई। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने द्विपक्षीय संबंधों के पूरे आयाम को विस्तार देने के लिए बहरीन के प्रधानमंत्री शहजादे खलीफा बिन सलमान अल खलीफा से काफी विस्तार से चर्चा की।
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रवीश कुमार ने एक ट्वीट में कहा कि द्विपक्षीय वार्ता में सहयोग के नए क्षेत्रों पर चर्चा हुई। साझेदारी को बढ़ाने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और शहजादे खलीफा बिन सलमान अल खलीफा की मौजूदगी में दोनों देशों के बीच संस्कृति, अंतरिक्ष, आईएसए और रुपे कार्ड के क्षेत्रों में हुए एमओयू पर हस्ताक्षर किए गए। हालांकि इससे पहले प्रतिनिधिमंडल स्तर की वार्ता हुई। दोनों पक्षों ने आईएसए के साथ सहयोग करने पर भी अपनी रजामंदी व्यक्त की।
Prime Minister Narendra Modi meets Crown Prince of Bahrain, Salman bin Hamad bin Isa Al Khalifa in Manama. pic.twitter.com/SN8iFiLAKc
— ANI (@ANI) August 24, 2019
आपसी सहयोग पर सहमति जताई
उन्होंने कहा कि द्विपक्षीय संबंधों को प्रगाढ़ बनाने के लिए प्रधानमंत्री मोदी ने शहजादे खलीफा बिन सलमान अल खलीफा, बहरीन के प्रधानमंत्री से मुलाकात की। दोनों नेताओं ने द्विपक्षीय संबंधों को बढ़ावा देने की प्रतिबद्धता जाहिर की है। भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) और बहरीन की नेशनल स्पेस साइंस एजेंसी ने अंतरिक्ष प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में सहयोग पर सहमति जताई।
प्रधानमंत्री मोदी ने 2015 में फ्रांस के तत्कालीन राष्ट्रपति फ्रांसवा ओलोंद के साथ पेरिस में संयुक्त राष्ट्र जलवायु परिवर्तन सम्मेलन में आईएसए की शुरूआत की थी। दोनों देशों ने सांस्कृतिक आदान-प्रदान पर भी सहमति व्यक्त की।
प्रधानमंत्री मोदी ने वार्ता के बाद ट्वीट किया कि बहरीन के प्रधानमंत्री शहजादे खलीफा बिन सलमान अल खलीफा से मिलकर सम्मानित महसूस कर रहा हूं। हमारी बातचीत व्यापक थी और इसमें भारत-बहरीन के रिश्तों से संबंधित व्यापक विषय शामिल थे।
वार्ता से पहले मोदी का यहां अल गुदैबिया पैलेस में भव्य स्वागत किया गया। हवाईअड्डे पर मोदी की अगवानी शहजादे खलीफा बिन सलमान अल खलीफा ने की। तीन देशों फ्रांस, यूएई और बहरीन की यात्रा के तीसरे चरण के तहत मोदी यहां पहुंचे हैं। मोदी रविवार को खाड़ी क्षेत्र के सबसे पुराने श्रीनाथजी के मंदिर के पुनरुद्धार के औपचारिक शुभारंभ के साक्षी बनेंगे।
बहरीन की धरती से जेटली को याद किया
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बहरीन की धरती से पूर्व केंद्रीय मंत्री अरुण जेटली को याद किया। दरअसल मनामा पहुंचते ही पीएम ने भारतीय समुदाय को संबोधित किया इस दौरान प्रधानमंत्री का दर्द छलका पड़ा, उन्होंने कहा कि जिस दोस्त के साथ उन्होंने जिंदगी का लंबा सफर तय किया, आज वह दोस्त साथ छोड़ कर चला गया। आज मैं अपने भीतर गहरा दर्द दबा बैठा हूं। पहले बहन सुषमा चली गईं, अब दोस्त अरुण चला गया। मैं कल्पना नहीं कर सकता कि मैं यहां बहरीन में हूं और मेरा दोस्त अरुण इस दुनिया में नहीं रहा।
भारत-बहरीन के संबंध पांच हजार साल पुराने हैं: मोदी
तीन देशों की यात्रा के तीसरे चरण में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शनिवार रात बहरीन पहुंचे थे। यहां अल-गुदूबिया पैलेस में उनका भव्य स्वागत किया गया। बहरीन नेशनल स्टेडियम में भारतीय समुदाय को संबोधित करते हुए मोदी ने कहा कि भारत और बहरीन का रिश्ता पांच हजार साल पुराना है। अब 21वीं सदी में हमें हजारों साल पुराने रिश्ते को नई ताजगी देनी है। उन्होंने कहा, बेशक मैं यहां प्रधानमंत्री के तौर पर आया हूं लेकिन मेरा मकसद भारतीयों से मिलना है।
मोदी ने कहा, आपके प्यार के सामने नतमस्तक हूं। मैं बहरीन के खलीफा, पीएम और सरकार का आभार व्यक्त करता हूं। मुझे यहां आने वाले पहले भारतीय पीएम होने का सौभाग्य मिला। हमारे रिश्ते नई ऊंचाइयों पर पहुंचे, इसके लिए आपका साथी बनकर खड़ा हूं। आपको 130 करोड़ भारतीयों की ओर से न्योता देने आया हूं।
बहरीन से हमारा संबंध व्यापार से बढ़कर मानवीयता और संस्कृति का रहा है। मोदी ने कहा कि बहरीन की प्रगति में भारतीयों का बड़ा योगदान है। यहां की मिट्टी ने आपको, आपके सपनों और आपके अपनों के सपनों को उड़ान दी है। आज भी यहां के प्रधानमंत्री आपकी तारीफ की।