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पाकिस्तान : इमरान सरकार की बड़ी कार्रवाई, नवाज शरीफ के भाई शहबाज की हवाई यात्रा पर लगाई रोक
Mon, 17 May 2021 10:06 PM IST
संजीव कुमार झा
पीटीआई, इस्लामाबाद
पीटीआई, इस्लामाबाद
Published by: संजीव कुमार झा
Updated Mon, 17 May 2021 10:06 PM IST
सार
शहबाज को आठ मई को लंदन जाना था किंतु एफआईए की टीम ने उन्हें हवाई अड्डे पर रोक लिया और बताया कि उनका नाम अस्थायी राष्ट्रीय पहचान सूची में हैं जो देश छोड़ने पर अस्थायी रोक लगाती है।
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शहबाज शरीफ
- फोटो : पीटीआई
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विस्तार
प्रधानमंत्री इमरान खान की अगुवाई वाली पाकिस्तान सरकार ने विपक्ष के नेता शहबाज शरीफ का नाम ‘उड़ान प्रतिबंध’ सूची में शामिल कर लिया है। इस वजह से वह उपचार के लिए देश से बाहर नहीं जा सकेंगे। वह भ्रष्टाचार के आरोपों का सामना कर रहे हैं। इस महीने के शुरू में लाहौर उच्च न्यायालय ने पाकिस्तान मुस्लिम लीग-नवाज़ (पीएमएल-एन) के अध्यक्ष एवं पूर्व प्रधानमंत्री नवाज शरीफ के छोटे भाई शहबाज को इलाज के लिए विदेश जाने की अनुमति दे दी थी।
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जमानत मिलने के बाद, 69 वर्षीय शहबाज को आठ मई को लंदन जाना था किंतु संघीय जांच एजेंसी (एफआईए) की टीम ने उन्हें हवाई अड्डे पर रोक लिया और बताया कि उनका नाम अस्थायी राष्ट्रीय पहचान सूची (पीएनआईएल) में हैं जो देश छोड़ने पर अस्थायी रोक लगाती है। शहबाज को आठ मई को दोहा जाने वाली उड़ान से उतरना पड़ा।
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सोमवार को यहां एक प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए गृह मंत्री शेख रशीद अहमद ने कहा कि शहबाज का नाम संघीय कैबिनेट की मंजूरी के बाद निकास नियंत्रण सूची (ईसीएल) में है। गृह मंत्रालय की एक विशेष समिति ने 12 मई को कैबिनेट को प्रस्ताव दिया था कि भ्रष्टाचार के मामलों के कारण शहबाज़ को देश छोड़ने से रोका जाना चाहिए।
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पिछले महीने जेल से छूटने के बाद शहबाज मेडिकल जांच के लिए लंदन जाना चाहते थे। गृह मंत्री ने कहा कि शहबाज ने विदेश यात्रा के लिए कोई मेडिकल दस्तावेज जमा नहीं कराए हैं और न ही अपनी बीमारी के इलाज के बारे में बताया था।
पिछले हफ्ते शहबाज ने यात्रा काली सूची में अपना नाम शामिल किए जाने को चुनौती दी थी और एक बार इलाज के लिए विदेश जाने की अनुमति मांगी थी। शीर्ष पीएमएल-एन नेता ने कहा कि मैं कैंसर रोगी हूं और मैंने न्यूयॉर्क और लंदन में इलाज कराया है। मैं सात महीने से अधिक समय तक उपचार नहीं करवा सका क्योंकि मैं जेल में था।
उन्होंने कहा कि जेल में की गई जांच रिपोर्ट के आधार तत्काल उपचार की जरूरत है। अहमद ने कहा कि शहबाज ने बताया कि अपने भाई नवाज की जमानत दी थी। लेकिन उन्हें वापस लाने की बजाय, वह स्वयं भागने की कोशिश कर रहे थे।
उन्होंने एक सवाल के जवाब में कहा कि यदि नवाज शरीफ नहीं लौटे तो शहबाज वापस क्यों आएंगे? यह सामान्य ज्ञान की बात है। शरीफ नवंबर 2019 से मेडिकल आधार पर लंदन में हैं। सूचना मंत्री फवाद चौधरी ने यह भी कहा कि कैबिनेट से मंजूरी और कानूनी औपचारिकताएं पूरी करने के बाद शहबाज़ का नाम उड़ान प्रतिबंध (नो फ्लाई) सूची में शामिल किया गया है।
इस बीच, सरकार के इस कदम की आलोचना करते हुए पीएमएल-एन के नेता आजम नजीर तरार ने कहा कि पार्टी अदालत की अवमानना का मामला दायर करेगी, क्योंकि सरकार अदालती आदेश के बाद भी शहबाज को देश से बाहर नहीं जाने दे रही है।