पाकिस्तान में सियासी हालात खराब, विपक्षी सांसद और विधायक दे सकते हैं सामूहिक इस्तीफा
कंगाली से जूझ रहे पाकिस्तान की जनता बिगड़ती आर्थिक स्थिति, मंहगाई, बेरोजगारी और कोरोना वायरस समेत तमाम समस्याओं का सामना कर रही है। इस वजह से जनता में प्रधानमंत्री इमरान खान सरकार के खिलाफ नाराजगी है। इमरान सरकार विपक्षी दलों और जनता दोनों के निशाने पर है। विपक्षियों को जनता का भारी समर्थन मिल रहा है। पाकिस्तान में 8 दिसंबर को विपक्षी सांसद और विधायक सामूहिक इस्तीफा दे सकते हैं।
लंदन में इलाज करा रहे पूर्व प्रधानमंत्री नवाज शरीफ ने कहा कि इमरान सरकार देश की समस्याओं से भाग रही है। बिगड़ती आर्थिक स्थिति, महंगाई और बेरोजगारी पर काबू पाने के बजाय झूठा प्रचार करने में लगी हुई है। वहीं नवाज की बेटी मरयम नवाज ने संकेत दिया है कि 8 नवंबर को सभी विपक्षी दलों के सांसद और विधायक सामूहिक इस्तीफे दे सकते हैं।
जनता परेशान, झूठे प्रचार में व्यस्त इमरान
पाकिस्तान मुस्लिम लीग-नवाज (पीएमएल-एन) के अध्यक्ष नवाज शरीफ ने एक वर्चुअल कांफ्रेंस में कहा कि मौजूदा सरकार के कार्यकाल में बेरोजगारी इस कदर बढ़ गई है कि अब देश के नागरिकों को अपने बच्चों की फीस भरना, घर का किराया देना और गाड़ियों में पेट्रोल-डीजल भरवाना मुश्किल हो रहा है। इसके बावजदू इमरान सरकार झूठा प्रचार करने में लगी हुई है।
नवाज ने बाजवा पर लगाया यह आरोप
नवाज ने इमरान के प्रमुख सहयोगी रिटायार लेफ्टिनेंट जनरल आसिम सलीम बाजवा पर आरोप लगाया कि वह पाकिस्तान की जनता से धन बटोरकर अमेरिका में विलासितापूर्ण जीवन जीने के साधन जुटा रहे हैं।
8 दिसंबर को बड़े फैसले लेगा विपक्ष
कार्यकर्ताओं के इसी सम्मेलन में पार्टी की उपाध्यक्ष और नवाज की बेटी मरयम नवाज ने कहा कि 8 नवंबर को विपक्षी दल सरकार के खिलाफ कई बड़े निर्णय ले सकते हैं। उन्होंने सांसदों और विधायकों के इस्तीफे दिए जाने के भी संकेत दिए। इधर जमात-ए- इस्लामी के नेता सिराजुल हक ने कहा कि जो लोग कह रहे हैं कि आर्थिक स्थिति ठीक हो रही है, उन्हें आटे और दाल का भाव बाजार में मालूम करना चाहिए।
फजलुर रहमान ने दी इमरान को चेतावनी
पाकिस्तान में विपक्ष के नेता फजलुर रहमान ने इमरान खान को चेतावनी दी कि यदि लाहौर में होने वाली रैली को विफल करने की कोशिशें की गई और सुरक्षा बलों का इस्तेमाल किया गया, तो नतीजे गंभीर होंगे। सरकार ने देश की अर्थव्यवस्था को बरबाद कर दिया है। उन्होंने सुरक्षा बलों से कहा कि आप देश की ताकत हैं। आप हमारी सीमाओं की मजबूती के साथ रक्षा करें। सुरक्षा बलों को देश के अंदरूनी मामलों में दखलंदाजी नहीं करनी चाहिए।
ये लोग दे सकते हैं इस्तीफा
पाकिस्तान मुस्लिम लीग-नवाज के पंजाब प्रांत के अध्यक्ष राना सनाउल्लाह ने बताया कि देश के 11 विपक्षी दलों के संगठन पाकिस्तान डेमोक्रेटिक मूवमेंट (पीडीएम) के केंद्र और प्रांतीय सरकार के सांसद और विधायक सामूहिक इस्तीफा दे सकते हैं। हालांकि, उन्होंने यह भी कहा कि इस बारे में अंतिम फैसला पीडीएम नेता ही लेंगे। उन्होंने चेताया कि यदि सरकार ने विपक्षी नेताओं से बात नहीं की, तो इससे हालात और खराब होंगे।